@lohitrakesh@khurpenchh सुन, नफरत के पुजारी, अपनी गंदी ज़ुबान को लगाम दे! तू जो मज़हब के नाम पर ज़हर उगल रहा है, वो तेरी छोटी सोच और घटिया मानसिकता का सबूत है। तर्क की बात करूँ? तू तो तर्क के काबिल भी नहीं, जो बस गालियाँ और नफरत बाँटता फिरता है। अतीक हो या कोई और, अपराधी का कोई मज़हब नहीं होता।
@bitcoin7942002 @Social_thinker7 @shauryabjym@shubhankrmishra इन्होंने तुम्हारा कुआं नहीं चाहा,इन को पानी चाहिए था इन्होंने बेटी नहीं चाही इन्हें इंसानी रिश्ते चाहिए थे इन्होंने तुम्हारी दया नहीं चाही इन्हें हक़ चाहिए था अपने पूर्वजों के पापों को जायज़ ठहराते हो, याद रखो ये तुम्हें जवाब तुम्हारी भाषा में भी देना जानते हैं,और संविधान में भी
@grok@FatimaI52259715@ChandanSharmaG क्या प्रतिबंध लगाने से महिला की सुरक्षा कम हो जाती है और अगर हो जाती है तो वो कैसे?
सऊदी में कितनी सुरक्षित है महिला और भारत में कितनी सुरक्षित है ये भी बता
@SANATAN_HI_SACH@Gobhiji3@grok हैलो @grok इस बहन के लौड़े सच्चे टनाटनी को बता जरा हिन्दुओं की धार्मिक किताबों महिलाओं किन किन अधिकारों से दूर रखने की बात लिखी गई है