जंग विचारों की सिर्फ विचारों से हो
हाथ उठाया जाए जब टपकते हों खून के कतरे ज़मीं पर, और आसमान को ढक दिया जाए मौत के काले बादलों से, "अहिंसक विरोध को असंभाव बनाने वाले, हिंसक विरोध को जन्म देते हैं", इतिहास दोहराया जाता है, विचार मरते नहीं बस पुनर्जन्म का इंतज़ार करते हैं।