मुस्लिम लड़कियां जागरूक हो रही है 🔥🤟
हम सनातनी मुस्लिम हैं
हमारे पूर्वज हिंदू थे
हम प्रभु श्री राम को अपना आदर्श मानते हैं
काश की सभी मुस्लिम इतना समझदार होते?
ये है अपूर्वा मुखर्जी 👇इनका एक पुराना वीडियो वायरल हो रहा है
इसमें इन्होंने कहा २ रुपए के छोटे रोल के लिए कोई समझौता नहीं करेगी,
लेकिन अगर दुबई का कोई शेख़ १०-१५ करोड़ रुपए इनके मुँह पर फेक के मार दे तो उसके साथ सोने के लिए तैयार है !
SC-ST एक्ट सबसे अधिक किस समाज पर लगा इसे लेकर आज UP का एक आंकड़ा आया।
एक बार फिर मुझे कंचना यादव का UGC के समय सामान्य वर्ग को लेकर दिया बयान ध्यान आ गया। अब UP के आंकड़ों पर मौन हैं।
ये सामान्य वर्ग के खिलाफ नफरत फैलाएँगे। और ज़मीन पर? आरोपी किसी भी समाज का हो आरोपी होता है।
लेकिन ऐसे बयान बताते हैं कि इस देश में किस तरह से संगठनात्मक रूप से जातीय नफरत फैलाने की साज़िश चल रही है…..
कुछ बच्चों से बात हुई, मैने कहा टेलीग्राम बैन हो गया अच्छा हुआ अब पेपर लीक नहीं होगा, लीक भी हुआ तो किसी तक पहुंचेगा नहीं, इसके बाद बच्चों से हजार तरीके बता दिये कि बिना टेलीग्राम के भी कैसे वे आपस में संपर्क से रह सकते हैं, कमाल है आज के बच्चे हम लोगों से ज्यादा स्मार्ट हैं, मैं तो कहता हूं सरकार को चाहिए कोई 12वीं का चलता पुर्जा टाइप लड़का रखें अपने साथ वो बताएगा क्या क्या और कैसे कैसे होता है और लीक कहा से होता है, इतने चालक तो हम नहीं थे अपने स्कूल के जमाने में, खैर मुझे लगता है आज के ज़माने में किसी चीज को रोकना असंभव है जब तक कि पूरे इंटरनेट पर बैन ना लगाया जाए, सारे exam एक साथ करवाओ और एक हफ्ते के लिए इंटरनेट पूरी तरह बंद कर दो, ना रहे बांस ना बजे बांसुरी, पर फिर UPI और बैंकिंग सहित बाकी सेक्टर का क्या होगा? आप सबके पास कोई सुझाव हो तो सुझाइए
@jpsin1 इसने वीडियो जारी करके कहा है कि मैं आयुष मलिक की बहन नहीं हूँ और न ही उसके परिवार से इसका कोई वास्ता है। माफी तो नहीं मांगी इधर उधर घुमा रही है। इस जिहादन के खिलाफ अब एफआईआर हो चुकी है:
https://t.co/2Q8vc2QEfc
आयुष मालिक की नकली बहन बनकर कई युटयुबर्स को इंटरव्यू देने वाली सबीन खान के खिलाफ यूपी पुलिस ने केस दर्ज कर लिया
दिल्ली के जामिया नगर के शाहीन बाग की रहने वाली सबीना खान ने कुछ युटयुबर्स को आयुष मालिक की फर्जी बहन बनाकर इंटरव्यू दिया और कहा कि मेरा भाई अब कभी हिंदू नहीं बनेगा हमारे परिवार को इस्लाम अच्छा लगता है
हजारों मुसलमानो ने उसके वीडियो को शेयर किया
फिर आयुष मालिक के पिता देवराज मलिक ने इस फ्रॉड महिला सबीना खान के खिलाफ पुलिस में अर्जी दिया और उसके बाद पुलिस ने 420 के अलावा दंगा भड़काने और कई गंभीर मामलों में केस दर्ज कर लिया
अब सबीना खान वीडियो बनाकर माफी मांग रही है
इन धूर्तो पर कड़ी से कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए
बहुमूल्य श्रीराम शिलाएं व तमाम सोने के सामान चंपतराय के माध्यम से चंपत कर उनके असली ठिकाने पहुंचा दिए हैं। देश व विश्व के सनातनियों अब बैठ कर रोते रहो। राम मंदिर के नाम का खेला हो चुका है। असलियत कभी सामने नहीं आएंगी। सच्चे राम भक्त सामने आए जो इस चोरी के गवाह रहे। डरो मत।
राम मंदिर ट्रस्ट में चोरी का सबसे बड़ा किरदार राम शंकर यादव उर्फ टिन्नू यादव पकड़ में आया है
अब आप लोग डॉट से डॉट मिलाकर समझ जाइए यह अखिलेश यादव को कैसे भनक लग गई थी
क्योंकि टिन्नू यादव उर्फ रामशंकर यादव का पूरा परिवार समाजवादी पार्टी से जुड़ा हुआ है
राम शंकर यादव के भाई से लेकर सभी लोग समाजवादी पार्टी में हैं अब इसमें यह प्रयास लगाए जा रहे हैं कि पहले जब पूरा परिवार एक में था तब कोई समस्या नहीं थी लेकिन जब बटवारा हो गया तब उसके किसी भाई ने अखिलेश यादव तक पूरी सूचना पहुंचा दी
ऑटो ड्राइवर से करोड़पति..
अब तक इस चोरी में जो चेहरे सामने आए हैं उनमें सबसे अहम किरदार है रामशंकर यादव उर्फ टिन्नू जो ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय का खास सहयोगी है।
टिन्नू यादव पहले देवरिया में ऑटो चलाता था,लेकिन अब उसके पास आलिशान घर,बच्चों के लिए हॉस्टल,लखनऊ में एक मकान और देवरिया जिले में करोड़ों की संपत्ति है।
चढ़ावा चोरी मामले में रामशंकर यादव उर्फ टिन्नू की भूमिका क्या रही और ऑटो चलाने वाला टिन्नू करोड़पति कैसे बना इन बातों को लेकर धर्म सेना के संस्थापक संतोष दुबे ने बताया कि टिन्नू का तीन मंजिला पुश्तैनी घर अयोध्या में राम मंदिर से सिर्फ 1.5 किमी दूर है.यूपी के देवरिया करोड़ों की संपत्ति,अयोध्या में एयरपोर्ट से सटे आलीशान मकान जहां तीन फ्लोर में बच्चों का हॉस्टल बनाया गया है.आखिर ट्रस्ट ट्रस्ट से ₹22 हजार पाने वाला व्यक्ति 4 सालों में इतना कुछ कैसे बना सकता है. टिन्नू ने राम मंदिर में चढ़ने वाले सोने-चांदी में हेरफेर किया हैं।
टिन्नू साल 1998-99 में चंपत राय के संपर्क में आया था।उनकी गाड़ी चलाने की वजह से वो उनके विश्वस्त लोगों में शामिल हो गया।इसके बाद साल 2019 में टिन्नू ट्रस्ट का काम देखने लगा।उसकी पावर को आप ऐसे भी समझ सकते हैं कि मंदिर की सुरक्षा और प्रबंधन से जुड़े लोगों को मिलने वाला वॉकी-टॉकी उसके पास है. मंदिर परिसर का मैनपावर मैनेजमेंट टिन्नू ही संभालता है.साथ ही दानपेटी का चढ़ावा बैंक में टिन्नू जमा कराता था।
सबसे अहम ये था कि सोने-चांदी के जेवरों को बिना तौले सिर्फ अनुमान के आधार पर रखा जाता था।जानकारी टिन्नू और चंपत राय को ही होती थी।इन जेवरों के बैंक में जमा होने का कोई रिकॉर्ड नहीं है!
यूपी सरकार ने चढ़ावा चोरी मामले की जांच के लिए 3 सदस्यीय SIT का गठन कर दिया है.15 दिनों में अपनी रिपोर्ट सौंपेगी.
सरकार को सभी आरोपियों पर कड़ी से कड़ी कार्रवाई करनी चाहिए और राम मंदिर में ऐसा मेकैनिज्म और ऐसी पारदर्शिता सिस्टम लानी चाहिए कि भविष्य में ऐसी घटना ना हो सके टुन्नू यादव रामशंकर यादव जैसे लोग इस तरह की चोरी ना कर सके..
राम मंदिर (अयोध्या) से अब तक क्या - क्या चोरी हुआ?
सबसे पहले तो अनुमानित आकड़ा बताया जा रहा है कि 5-8 करोड़ कैश चोरी हुआ है। जो कि लगभग 1 साल से हो रहा था।
दूसरा - दान मे मिले करोडों के सोने-चाँदी के जेवरात चोरी हुए हैं
तीसरा - तो सबसे ज्यादा चौकाने वाला है - 1980-90 मे जो देश और दुनिया भर से श्रीराम शिलाएं आई थी या इकट्ठा किया था
उसमे से 1250 सोने, चांदी और अष्टधातु से बनी श्रीराम शिलाएं भी गायब है।
जिनमे सबसे महंगी शिला मॉरीशस से आई थी; मुंबई के व्यापारी ने हीरे जड़ी हुई शिला दान दी थी।
पर दूसरी चौकाने वाली बात ये है कि अभी तक ट्रस्ट के अध्यक्ष होते हुए चंपत राय ने अब तक एक FIR भी नहीं कराया है।
बस पुलिस ऐसे ही जाँच कर रही है।
अयोध्या के राम मंदिर के दानपात्रों से चढ़ावे की चोरी ने लोगों की आस्था पर बहुत गहरा आघात पहुंचा है।
एक अनुमान के के मुताबिक, यह चोरी 200 करोड़ रुपए से ज्यादा की हो सकती है।
चोरी में करीब 50 कर्मचारी संदेह के घेरे में हैं। पुलिस और जांच एजेंसियों ने अब तक केवल 5 कर्मचारियों से करीब 2 करोड़ रुपए की नकदी, एक कार और 3 आईफोन बरामद किया
सबसे बड़ी बात यह है कि यह चोरी उत्तर प्रदेश में हुई है और उत्तर प्रदेश के शासन के कर्मचारी ही इसकी जांच कर रहे सरकार ने SIT का गठन 15 दिनों के लिए किया है
रामलाल में रखे हुए सभी दान पात्रों को एक 'गोपनीय कक्ष' में ले जाया जाता है। सुरक्षा कारणों से इस कमरे की सटीक स्थिति को बेहद गुप्त रखा जाता है। इस कमरे में बाहरी लोगों का प्रवेश पूरी तरह वर्जित होता है।
दान पत्र में चढ़ावे की गिनती के लिए 50 कर्मचारी है जिसमें तीन कर्मचारी मुख्य होते हैं
1. 24 कर्मचारी: नोट गिनकर उनके बंडल बनाते हैं। ये कर्मचारी प्राइवेट एजेंसी के जरिए ट्रस्ट ने रखे हैं।
2. 12 कर्मचारी: ये ट्रस्ट के हैं, जो इन 24 कर्मचारियों पर नजर रखते हैं। यानी 1 कर्मचारी के हिस्से में निगरानी के लिए 2 कर्मचारी थे।
3. 14 कर्मचारी : इनमें SBI के कर्मचारी और TCS की ऑडिट टीमों के सदस्य होते हैं।
गिनती के लिए जो कर्मचारी रखे गए हैं उनको सरकार 14500 महीना वेतन देती है कुछ लोग निःस्वार्थ सेवा भी देते हैं
इन कर्मचारियों में शामिल अनुकल्प मिश्रा, लवकुश , राजेश पाठक, रामशंकर उर्फ टिन्नू यादव, केडी तिवारी, मनीष यादव, करुण, रितिक सिंह, श्रीवास्तव और मौर्य पिछले 5 साल में करोड़पति हो गए
इनकी लाइफस्टाइल बदल गई। महंगी गाड़ियां और जमीनें खरीद लीं। जो कर्मचारी सिर्फ वेतन पर गुजर बसर कर रहे थे, ये लोग उनके निशाने पर आ गए।
जब मंदिर प्रशासन में उनकी सुनवाई नहीं हुई, तो रामकोट मोहल्ले के एक कर्मचारी ने इस चोरी की चर्चा को सार्वजनिक कर दिया।
ये बात अयोध्या की गलियों से होते हुए Uttar Pradesh ke purv mukhymantri अखिलेश यादव तक पहुंच गई। अब ये देशभर की सुर्खियों में छा गया है।
गरीब आदमी को कमजोर समझना पड़ा महंगा!
कचरा डालने को लेकर हुई बहस ने अचानक वी विवाद बन गया, महिला ने सफाई कर्मचारी के साथ हाथापाई किया उसके बाद सफाई कर्मचारी ने मैडम को उसकी अमीरी की नशा उतार दिया