ये तस्वीरें लोकसभा सांसद @BhimArmyChief के काफिले पर हुए हमले की हैं। इस हमले में कई लोग गंभीर रुप से घायल हुए, और काफिले में चल रही गाड़ियों को भी तोड़ा गया था। @AzadSamajParty प्रमुख के काफिले पर यह हमला 13-14 सितंबर 2026 को उत्तर प्रदेश के बाराबंकी में किया गया था। चंद्रशेखर गोंडा में मार दिए गए विनोद साहनी के परिवार से मिलने जा रहे थे। इन हमलावरों में से अभी तक किसी को गिरफ्तार नहीं किया गया है।
अब सोचिए! @myogiadityanath की सरकार में इन अराजक तत्वों के हौसले कितने बुलंद हैं। अगर कोई यूपी के मुख्यमंत्री पर ‘अशोभनीय’ टिप्पणी कर देता है तो @Uppolice तुरंत उसे गिरफ्तार करके जेल भेज देती है, उसका लंगड़ाकर चलते हुए वीडियो भी पोस्ट करती है, लेकिन यहां विपक्ष के सांसद पर हमला हो गया, और अभी तक किसी की गिरफ्तारी नहीं हुई है। किसी हमलावर का एनकाउंटर भी नहीं किया गया है, और ना ही बुलडोजर चलाया गया है।
अभी पिछले दिनों गाजियाबाद के लोनी में एक सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर ने लोनी की सड़कों की बदहाली को लेकर भाजपा विधायक से सवाल करते हुए ‘बदतमीज़ी’ कर दी थी, तो उस इन्फ्लुएंसर को @dgpup की @ghaziabadpolice राजस्थान से गिरफ्तार करके लाई है, और उस इन्फ्लुएंसर पर POSCO के तहत मुकदमा दर्ज कर जेल भेजा गया है। उस इन्फ्लुएंसर के जीजा के निर्माणधीन मकान पर बुलडोजर चलाया गया है। लेकिन चंद्रशेखर पर हमला करने वालो के खिलाफ ऐसी कोई कार्रावाई अमल में नहीं लाई गई है। योगी आदित्यनाथ की @UPGovt कितनी निष्पक्ष है!
RT रुकना नहीं चाहिए मित्रो 🙏
अहीर साले अहीर रहेंगे 😡
यह कहना है एक ब्राह्मण लड़की का यादव समाज के पुलिस वाले से..
सोचो इस मनुवादी लड़की की सोच क्या होगी जो एक पुलिस वाले को तक जाति सूचक गाली दे रही है।
और यादव समाज के लोग कट्टर हिंदूवादी नेता बने हैं
आरक्षण और सामाजिक न्याय इस देश के सबसे ज़रूरी सवालों में हैं, लेकिन विडंबना देखिए कि इन्हीं सवालों पर समाज के एक बड़े हिस्से के पास न पर्याप्त जानकारी है, न संवैधानिक समझ और न ही ऐतिहासिक चेतना। आठ दशकों के लोकतंत्र में हमने अपने नागरिकों को सामाजिक न्याय की वैचारिक ट्रेनिंग ही नहीं दी। नतीजा यह है कि आरक्षण जैसे विषय पर तर्क और तथ्य से ज़्यादा झूठ, भ्रम और सदियों पुराने जातिगत पूर्वाग्रह लोगों की राय तय करते हैं।
जहाँ बीमारी है, इलाज की सबसे पहली ज़रूरत भी वहीं होती है। जैसे पितृसत्ता के ख़िलाफ़ चेतना और बदलाव की ज़रूरत सबसे पहले पुरुषों के भीतर है—महिलाएँ तो अपने हिस्से की लड़ाई सदियों से लड़ ही रही हैं। ठीक इसी तरह जाति और वर्ण-व्यवस्था के ख़िलाफ़ संघर्ष केवल दलितों, पिछड़ों और आदिवासियों की ज़िम्मेदारी कैसे हो सकती है? जाति से सबसे अधिक लाभान्वित समाज को जाति-विरोधी चेतना की सबसे अधिक ज़रूरत है।
हमारे इतिहास में इसके शानदार उदाहरण भी मौजूद हैं। राहुल सांकृत्यायन, डॉ. राममनोहर लोहिया, जनेश्वर मिश्र, वी.पी. सिंह और अर्जुन सिंह जैसे सवर्ण पृष्ठभूमि से आए लोगों ने सामाजिक न्याय को अपनी जाति के चश्मे से नहीं, बल्कि न्याय, समता और लोकतंत्र के विचार से देखने की कोशिश की। अपनी सामाजिक स्थिति के विशेषाधिकार को न्याय के रास्ते की दीवार बनाने के बजाय, उन्होंने वंचितों की हिस्सेदारी के सवाल पर अपनी भूमिका चुनी। ऐसे लोग और अधिक होते, तो शायद हमारा लोकतंत्र सामाजिक बराबरी की दिशा में कुछ कदम और आगे होता।
इसीलिए @SanjayAzadSln जी जैसे लोगों की आवाज़ महत्वपूर्ण लगती है। वे इस कड़ी में लगातार एक भरोसे की तरह उभर रहे हैं—क्योंकि सामाजिक न्याय की असली ताक़त तब बढ़ती है, जब उसकी लड़ाई केवल पीड़ित समुदायों की लड़ाई न रहकर पूरे समाज की नैतिक और लोकतांत्रिक ज़िम्मेदारी बन जाए।
इस वीडियो को देखिए। बात केवल यह नहीं कि कौन बोल रहा है; गौर इस पर कीजिए कि वह किस सामाजिक पृष्ठभूमि से आकर, किसके हक़ में और किस वैचारिक स्पष्टता के साथ बोल रहा है। फिर इसका विश्लेषण कीजिए।
साढ़े तीन लाख लूटने वाले को मिलकर मारते हो साढ़े तीन लाख करोड़ लूटने वाले को माला पहनाते हो।
इतना सन्नाटा क्यों है भाई?
अरे आपका मात्र 3.5 (साढ़े तीन लाख) करोड़ ही तो लूटा गया है।
और फिर लूटने वाला भी तो अपना भाई हिंदू हृदय सम्राट महामानव 56 इंची ही है।
🚨 बिना टिकट पकड़े गए भाजपा नेता 🚨
👉 AC COACH में सफ़र कर रहे BJP नेता और उनके साथी के पास TTE पहुंच गया, जैसे ही टिकट पूछा नेता जी फायर हो गए।
👉 टीटीई ने कहा टिकट दिखाओ नेतागिरी नहीं, इतना सुनते ही नेता जी ने फर्जी आरोप लगाते हुए कहा मोदी जी को गाली दे रहे हो अभी तुम्हारी नौकरी लेता हूं।
👉 टीटीई ने कहा कहां के नेता हो, नेता जी ने कहा सांसद विधायक के साथ मेरा उठना बैठना है, 22 साल से BJP में हूं, बक्सर के किसी भी अधिकारी को फोन लगाकर मेरे बारे में पूछो सब बता देंगे।
माँ-बाप ने भूखे रहकर पढ़ाया... लेकिन व्यवस्था ने उसे फुटपाथ पर छोड़ दिया।
यह सिर्फ़ एक युवक की कहानी नहीं, बल्कि करोड़ों भारतीय परिवारों का दर्द है। जिन माता-पिता ने अपने हिस्से की रोटी, सुख और सपने त्यागकर बच्चों को पढ़ाया, उन्हें बदले में बेरोज़गारी, निराशा और अपमान मिला।
जिस व्यवस्था में डिग्रियाँ फुटपाथ पर और अवसर सत्ता के गलियारों में बँटने लगें, वहाँ सबसे बड़ा संकट अर्थव्यवस्था का नहीं, न्याय का होता है।
बिहार के शिवहर की 20 वर्षीय रेखा कुमारी कान का इलाज कराने पटना के महावीर आरोग्य संस्थान गई थीं। परिवार का आरोप है कि ऑपरेशन के बाद नर्स ने नस की बजाय आर्टरी में इंजेक्शन लगा दिया। रेखा ने दर्द और तकलीफ़ की शिकायत भी की, लेकिन कथित तौर पर किसी ने ध्यान नहीं दिया। नतीजा इन्फेक्शन इतना बढ़ा कि उनका हाथ काटना पड़ा। नवंबर 2026 में होने वाली शादी भी टूट गई।
परिवार ने यह भी आरोप लगाया कि FIR दर्ज कराने गए तो पुलिस ने मना कर दिया।
सोचिए, जिस देश में इलाज कराने जाओ और इलाज के बदले अपना हाथ गंवाकर लौटो, वहाँ सिर्फ़ नारे लगाने से क्या होगा? पहले अस्पतालों में जवाबदेही, डॉक्टरों-नर्सों की जिम्मेदारी और पीड़ितों को न्याय तो सुनिश्चित कीजिए। देश नारों से नहीं, व्यवस्था से देश महान बनता है। पीड़िता की हर संभव मदद की जाए और आरोपियों पर सख़्त क़ानूनी कार्यवाही की जाए।
@BiharHealthDept@officecmbihar@bihar_police@NitishKumar@samrat4bjp@Nishantjdu81
⦁ अंबानी: 13,000 बीघा
⦁ अडानी सोलर: 18,000 बीघा
⦁ अडानी थर्मल: 6,000 बीघा
⦁ अडानी पॉवर: 1,400 बीघा
⦁ बाबा रामदेव: 60,000 बीघा
ये वो जमीन हैं, जो BJP ने आपसे छीनकर अपने दोस्तों में बांट दी है। नरेंद्र मोदी, अमित शाह और हिमंता ने असम को BJP का ATM बना दिया है।
: नेता विपक्ष श्री @RahulGandhi
📍 असम
Toll plaza पर महिला ने लगा दी सभी टोल कर्मियों की अकल ठिकाने देखिए लाइव
महिला NHI के नियमों का हवाला देते हुए लाइन में लगी सभी गाड़ियां फ्री में निकाल दीं
दिल्ली–देहरादून एक्सप्रेसवे का नामकरण परम पूज्य बाबा साहेब डॉ. भीमराव अंबेडकर जी के नाम पर किए जाने के संबंध में माननीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री @nitin_gadkari जी को पत्र लिखा।
अतः जनभावनाओं का सम्मान करते हुए इस महत्वपूर्ण मांग पर सकारात्मक निर्णय लेने की कृपा करें।
@mygovindia@MORTHIndia
ये शेरू मिश्रा हैं जो बाबा साहब को गाली दिये थे, इलाज होने के बाद टौमी की तरह बोल रहे हैं ये हमारे महाराज हैं हम इनकी पूजा करते हैं।
सुधर जाओ चुनमंगों नहीं तो फिर भीम आर्मी तो सुधार ही देगी। #Jaibhim