विश्व संस्कृत दिवस की सभी प्रदेशवासियों को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं!
देववाणी संस्कृत हमारी सनातन संस्कृति, ज्ञान-विज्ञान और आध्यात्मिक परंपरा की आधारशिला है। आइए, इस गौरवशाली भाषा के संरक्षण, संवर्धन एवं जन-जन तक इसके प्रचार-प्रसार का संकल्प लेकर अपनी सांस्कृतिक विरासत को और अधिक सशक्त बनाएं।
#RakshaBandhan
‘Bharat Raksha Parv’ - रक्षक को राखी
On the auspicious occasion of #RakshaBandhan, school children tied Rakhis to #GeneralDhirajSeth, #COAS. In their tiny hands and innocent smiles lay a profound message of love and gratitude.
The event highlighted the eternal bond of trust and affection between the citizens of the nation and its Army.
Jai Hind!
@JitendraMeenaDU 50 साल पहले भारत में सभी बैलगाड़ी से चलते थे । एक दो जोडी कपडे थे उन्हें हीं रफू करके पहनते थे और लोग 5000 वर्ष का शिगूफा छोडते हैं । 1000 वर्ष पूर्व कई जातियां क्षत्रिय थी ।
@nehafolksinger@myogiadityanath@narendramodi मनुस्मृति एक धार्मिक ग्रन्थ हैं । उस पर हीं टीका- टिप्पणी क्यूं करती हो ? धर्म विशेषज्ञ हो ? कहां लिखा हैं कि देश मनुस्मृति से चल रहा हैं देश तो संविधान से हीं चल रहा हैं ।
@SupriyaShrinate स्त्री को नहीं रजस्वला स्त्री के विषय में कहा हैं । एक स्त्री रजोधर्म की पीडा से गुजर रहीं हैं और हम उससे भोजन बनवाकर खायें । पुरुष को खुद बनाकर खाना चाहिए । मनु ने समाज में यह व्यवस्था दी हैं क्यूंकि वे स्त्रियों की पीडा को समझते थे ।