उत्तराखंड के रुड़की की क्वांटम यूनिवर्सिटी क्लासरूम की सीढ़ियों के बाहर कि छात्र ने नमाज पड़ी।
दैनिक भास्कर, राजपाल यादव दिवाली पे ज्ञान पेलते हैं पर ऐसे मामलों में राष्ट्रीय एकता।
मगर इनकी बात का कितना असर होता है ये दीवाली में पटाखों की गूंज बतायेगी रुड़की में तो जय श्री राम की गूंज ने बात ही दिया।
जोधपुर का तृतीय युद्ध ( बाथरूम का युद्ध )*
यह युद्ध राव जेठू सिंह गड़ा और महारावल ओमसिंह के मध्य हुआ. इस युद्ध में 7 फुट लम्बे जेठूसिंह पर 80 किलो के सरियों से हमला हुआ जिससे उसके शरीर पे 80 घाव लग गए युद्ध प्रातकाल तब शुरू हुआ जब जेठूसिंह की सेनाएं गुजरात में भीड़ करने गई थी पीछे से मौका पाकर ओमसिंघ ने धावा बोल दिया युद्ध में हारते देख जेठा ने जंग का रुख बाथरूम की तरफ मोड़ दिया इतिहासकारों ने इसे बाथरूम का युद्ध भी कहा है इस मौके पर प्रसिद्ध कवि ने २पंक्तिया कही थी
*"हु घणो बढ़यो न्यावणघर में*
*मारवाडी आन बचावण न*
*फेर भी सरिया दे दिया उभे मोरो में*
#चाणक्य 😜🙈