न भर्ती, न विज्ञापन .... !
ऐसे लोगों के खिलाफ ऐसे कार्रवाई सुनिश्चित हो जिससे कि कोई दोबारा करने की कोशिश ना करे,
पेपर लीक हो या भर्ती में रिश्तेदारी , दोनों एक ही सच दिखाते हैं
पर सरकार को चिंता ही कहा है?
बड़ी खबर-
उद्घाटन के 12 दिन के अंदर धँस गया लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे।
धूमधाम से किया गया था उद्घाटन।
पर उसे भी बड़ी खबर यह है कि दिन रात योगी सरकार की जयजयकार में जुटे ज़ी न्यूज़ को ये खबर चलानी पड़ गई!!
असली ख़बर तो यही है।
RAF ने पैलेट गन से सात राउंड फायर किए थे . पाँच प्रदर्शनकारियों को चोटें आई . एक की तो आँख लगभग चली गई है .
किसके कहने पर चले थे पैलेट गन ?
ये सवाल संसद में पूछा जाएगा.
लखनऊ-कानपुर ग्रीनफील्ड एलिवेटेड एक्सप्रेसवे, जिसका उद्घाटन बड़े-बड़े दावों के साथ हुआ था, महज़ 12 दिनों में ही धंस गया!
जनता की गाढ़ी कमाई के करोड़ों रुपये गड्ढे में बह गए और 'जीरो टॉलरेंस' का ढोल पीटने वाली डबल इंजन सरकार का भ्रष्टाचार एक बार फिर उजागर हो गया।
सवाल यह है: यह कौन सा मॉडल है—इंजीनियरिंग का कमाल या 'कमीशनखोरी' की मिसाल?
भारत के पूर्व राष्ट्रपति डॉ. ए.पी.जे. अब्दुल कलाम जी की पुण्यतिथि पर उन्हें विनम्र श्रद्धांजलि।
छात्रों में विज्ञान के प्रति रुचि जगाने और उनका भविष्य उज्ज्वल बनाने के लिए वे हमेशा समर्पित रहे। वे सदैव एक शिक्षक के रूप में याद किया जाना चाहते थे। उनके दिखाए शिक्षा और विज्ञान के रास्ते पर चलकर ही हमारा भारत एक विकसित राष्ट्र बन सकता है।
The problem Gadkariji have is
That pure petrol is cheaper than E20 right now.
So if they make pure petrol available it'll be rs90-95 and E20 be rs100-105.
And then no one will take E20.
Toh saare gaane ke juice kon piyega akela baith ke?
That my Ethanol Enthusiasts is the real problem.
⦿ 13 जुलाई को उद्घाटन हुआ
⦿ 26 जुलाई को सड़क धंस गई
- ये 4,200 करोड़ रुपए में बने लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे की हकीकत है
BJP सरकार में घटिया माल लगाकर सड़कें बनाई जाती हैं, पैसों की लूट-खसोट होती है, नेता-मंत्री करोड़ों रुपए डकार जाते हैं।
नतीजा- जनता को 'तोहफे' में ऐसी धंसी हुई रद्दी सड़क मिलती है। यही BJP का 'करप्शन मॉडल' है 👇
On July 13th, the Lucknow-Kanpur Expressway was inaugurated, described as an elevated expressway with a total cost of approximately 4,200 to 4,700 crore rupees.
Just 13 days after its inauguration, the millions of rupees being spent are now being questioned.
What's the flaw that even expressways are now sinking? Where are all these crores of rupees going?
Repair work was underway(after viral), may have been completed.