पिता और पुत्री - प्रोफ़ेशनल जीवन में इतने नैतिकताविहीन कैसे?
SIR के जरिए लोकतंत्र और मताधिकार को कमजोर करने वाले ज्ञानेश कुमार की बेटी मेधा रूपम ने 25 साल की आकृति चौधरी को सिर्फ इसलिए NSA में बंद कर दिया क्योंकि वह अन्याय के खिलाफ आवाज़ उठा रही थी.
लेकिन इलाहाबाद हाईकोर्ट ने मेधा रूपम की कार्रवाई की पोल खोल दी. आकृति की हिरासत रद्द की और ₹5 लाख मुआवज़े का आदेश दिया, जिसकी वसूली जिम्मेदार अधिकारी की तनख्वाह से होनी है - यानि मेधा रूपम की तनख्वाह से.
कोर्ट ने उस मानसिकता को भी साफ़ साफ़ कठघरे में खड़ा किया, जो असहमति की आवाज़ को दबाना चाहती है.
इतनी कड़ी फटकार के बाद भी मेधा रूपम अपनी हरकतों से बाज आएगी या इसी तरह अपने पद का दुरुपयोग कर जनता को परेशान करती रहेगी?
हर बार BJP सरकार का वही शर्मनाक पैटर्न - हादसों से पहले रोकथाम नहीं, उनके बाद बयानबाज़ी होती है, कुछ छोटे अफ़सरों पर ज़िम्मेदारी मढ़ दी जाती है, और असली गुनहगार जवाबदेही मुक्त रहते हैं।
सत्य निकेतन में छात्रों से भरी इमारत का गिरना कोई अकेली त्रासदी नहीं है। पिछले 4 महीनों में सैदुलाजाब में ऐसी त्रासदी में 6 लोगों की मौत हुई, हौज़ रानी में आग ने 22 जानें ले लीं। हर बार जिंदगियां, सपने और अरमान मलबे में दबते हैं - और हर बार कार्रवाई गायब रहती है।
और जवाबदेही मांगने पर प्रधानमंत्री खुद आपको “दिमागी नक्सल, नाराज़ फूफा” जैसे अपमानजनक तमगे दे देते हैं - मकसद, सवाल पूछने वालों को शर्मिंदा करो, बदनाम करो और चुप करा दो।
12 साल में ये सरकार दुनिया भर की बातें कर के आपको गोल-गोल घुमाती रही, लेकिन मुद्दे की बात नहीं की। दिल्ली में "ट्रिपल इंजन" सरकार है, तो अब किस बात से लाचार है?
लाचारी है नीयत की - क्योंकि जहां नीयत नहीं होती, वहां जवाबदेही भी नहीं होती।
There Is No Accountability.
#TINA
Our Prime Minister has often labelled protesting students as “dimaagi naxal” and “urban naxal.”
This time, students are protesting after the deaths of their fellow students in the Satya Niketan building collapse, demanding accountability.
Will they still be called “dimaagi naxal”? That’s the question.
The Delhi High Court has issued notice to @sudhirchaudhary in a defamation suit filed by activist Vijay Sherawat for fake News run by Sudhir during his Doordarshan broadcast. The video is still not taken down by the Govt channel despite knowing it is fake.
Vijay Sherawat has sued Chaudhary for broadcasting that, during the CJP protest, he spoke about 'destroying Parliament' and creating a 'Nepal like situation' in India.
Ex-Delhi University President Ronak Khatri exposes the dark reality of Delhi’s PG mafia:
🔹 Unchecked rent hikes & zero basic amenities.
🔹 Municipal departments turn a blind eye, running on local bribes.
🔹 The Delhi Govt stands silent, failing to enforce PG regulations or protect students.