युवाओं के आंदोलन से भाजपा के कई नेताओं को पेचिश हो गई है। उस पेचिश का इलाज सिर्फ यही है कि मुसलमानों के खिलाफ जमकर आग उगली जाए। यह आदमी जिसे भाजपा ने ‘कुर्सी’ तक मुहैय्या नहीं कराई, सिर्फ ‘स्टूल’ पर ही बैठाया, वह बता रहा है कि मदरसे क्या हैं। इनके ‘आदर्शों’ की ‘ब्रिटिश’ सरकार को भी मदरसों से दस्त लगते थे।
सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को समाज द्वारा मवेशियों के प्रति किए जाने वाले व्यवहार में मौजूद विरोधाभास पर टिप्पणी करते हुए कहा कि जहां लोग अक्सर जानवरों की आर्थिक उपयोगिता कम हो जाने के बाद उन्हें छोड़ देते हैं और उनकी सुरक्षा की चिंता किए बिना उन्हें सड़कों पर स्वतंत्र रूप से घूमने देते हैं, वहीं दूसरी ओर अगर उन्हीं जानवरों का इस्तेमाल भोजन के लिए किया जाता है तो वे गहरी आपत्ति जताते हैं।
इलाहाबाद हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस को यूपी के मुख्यमंत्री के इस बयान का स्वतः संज्ञान लेना चाहिए। योगी आदित्यनाथ की यह स्वीकारोक्ति उन्हें मुजरिम सिद्ध करने के लिए काफी है। जिन तथाकथित माफियाओं को वो मिट्टी में मिलाने का दावा कर रहे हैं, उनमें से दो की पुलिस अभिरक्षा में ऑन कैमरा हत्या हुई है। तीसरे तथाकथित माफिया की मौत को उनके परिवारजन संदिग्ध बताते हैं।
अब सवाल यह है कि यूपी के मुख्यमंत्री किस माफिया को मिेट्टी में मिलाने का दावा कर रहे हैं? क्या हाईकोर्ट और सुप्रीम कोर्ट को इसका संज्ञान नहीं लेना चाहिए? इस देश में सिवाय अदालत के किसी के पास भी मुजरिम करार देने या सज़ा देने का अधिकार नहीं है। क्या मदर ऑफ डेमोक्रेसी में संवैधानिक पद पर बैठा व्यक्ति अदालतों से परे हो गया है? क्या उसके पास सज़ा देने का अधिकार भी है?
कंगना रनौत एयरपोर्ट पर पड़े थप्पड़ को शायद भूल गई हैं।
नकली घोड़े पर बैठकर खुद को झाँसी की रानी समझने वाली कंगना को पहले अपने शब्दों पर शर्म करनी चाहिए।
Gen Z का अपमान करने के लिए उन्हें पूरे Gen Z से बिना शर्त माफी मांगनी चाहिए।
देशभर के आंदोलनकारियों के सूचनार्थ!
भाजपा और उनके संगी-साथियों के दुर्व्यवहार, दुर्वचनों और हिंसा को सब देख लें। इनका दुस्साहस देखिए कि अभी युवाओं को वचन दिए हुए चंद घंटे भी नहीं हुए हैं और ये भाजपाई अपने इतिहास को दोहराते हुए फिर से धोखा दे रहे हैं। भाजपा के ये संस्कारी नेताजी अपने शीर्ष नेतृत्व के दिये गये आश्वासन की सरेआम धज्जियाँ उड़ा रहे हैं और वीडियो भी बना रहे हैं। अब क्या ये भी डबल इंजन की टकराहट के कारण हो रहा है।
तुरंत गिरफ़्तारी हो!
भाजपाई तो अपने वचन के भी सगे नहीं हैं।
भरोसे का विलोम भाजपा!
How dare you threaten students for exercising their democratic rights?
Please note, you are the ones that will be held accountable when the time comes.
ये जुनैद हैं, आप ने इन्हें जंतर मंतर पर CJP प्रोटेस्ट में देखा ही है, ये वहाँ काफ़ी दिनों से अपने खर्च से खाना पानी का इंतजाम कर रहे हैं, अब इनका कहना है कि पुलिस इनके घर गई थी, इनके घर वालों को ले गए, पुलिस इन्हें बुलाना चाहती है। मैं पहले ही कह रहा था…
इस देश का जो आदिवासी और दलित वर्ग है, वही इसी देश का मूलनिवासी है। लेकिन एक शख्स देश से भी बड़ा मानने वाला जॉम्बी गैंग आदिवासी युवक को देश छुड़वा देने की धमकी दे रहा है। अब सवाल @MPPoliceDeptt से है, कि ये दबंग वर्ग कौनसा है? यह वर्ग क्या इस देश के संविधान से भी बड़ा है?
This video is of Dec 2019, CAA NRC Protest. A innocent Muslim man walking on the road was arrested by Dalli police just because of his Muslim identity.
CJP प्रोटेस्ट में मुस्लिम एंगल ढूंढ निकाला है इसने, पूरी कोशिश है कि मुसलमानों के कंधे का इस्तेमाल करके अपना उल्लू सीधा किया जाए, यही कारण है कि मुस्लिम युवाओं को थोड़ी दूरी रखने को कहा जा रहा है.
Location: Muzaffarnagar, Uttar Pradesh
In the 2021 cow slaughter case, the court sentenced three Muslim men, Munsad, Abuzar, and Aas Mohammad, to 10 years of rigorous imprisonment and a fine of ₹5 lakh each.
Delivering the verdict in the cow slaughter case, the court said that they were harming the harmony and brotherhood between Hindus and Muslims.
Location: Rishikesh, Uttarakhand
BJP leader Sanjay Singh Chauhan harassed a Muslim youth by accusing him of praying. The youth had come to Rishikesh AIIMS to visit his grandmother. From there, he went to his uncle Hafiz Danish's house to freshen up, where the BJP leader harassed him by accusing him of praying.
All Muslim should Share It 📢
See the pain of a Muslim girl. This girl's sister goes to study every day. While coming home, some Hindu boys kidnapped her. When this girl complained about this to the police, being a Muslim, no action was taken.
This is the treatment Muslims and their business establishments face on a daily basis under your government’s watch.Will your govt take action against these fringe elements? @KirenRijiju@pushkardhami