मंदिरों की कमी नहीं इस देश में...
अब स्कूलों की कमी पूरी करा दो...
लिजिए एक और धमाकेदार वायरल गाना
रिपोस्ट कर के खुद भी सुनें और अपने दोस्तों को भी सुनाईए।
यह बिल्कुल सच है कि हमारे देश में ना तो मंदिर की कमी है और ना ही मस्जिदों की कमी है,
मगर इस देश में स्कूलों की कमी जरूर है
देश में सरकारी स्कूल 2014-15 में 11.07 लाख से घटकर 2024-25 में 10.13 लाख, यानी लगभग 94,000 सरकारी स्कूल कम हो गए।
अब आप सरकार से सवाल पुछिए कि आखिर इतने स्कूल कैसे कम हो गये।
रिपोस्ट जरुर करे और कमेंट बॉक्स में अपना विचार जरूर व्यक्त किजिए।
सुनिए इस हिसाब नहीं मिला गाने को...
पहला था हमें हिसाब चाहिए...
लेकिन अभी तक हिसाब नहीं मिला...
आखिर कौन देगा हिसाब..??
नेहरू जी..??
क्योंकि साहब से जब भी पूछों तो कहते हैं कि इसका जिम्मेदार नेहरू है...
तो हमारे देशप्रेमी क्रांतिकारी भाइयों इस गाने को रिपोस्ट करें और आप भी पूछें कि हमें
"हिसाब नहीं मिला"
एक तीखा protest song है जो सार्वजनिक संस्थानों, संसाधनों और देश की संपत्तियों को लेकर उठते सवालों को आवाज़ देता है।
देश बिक रहा है या देश की संपत्तियों का निजीकरण हो रहा है? “अब ISRO की बारी है?”
यह गीत किसी एक संस्था पर कोई अप्रमाणित आरोप नहीं लगाता, बल्कि सवाल पूछता है अगर एक-एक करके सार्वजनिक संपत्तियों पर बहस हो रही है, तो क्या हमें देश की रणनीतिक संस्थाओं के भविष्य पर भी सवाल नहीं पूछने चाहिए?
अगर आपको यह गीत महत्वपूर्ण लगता है, तो इसे रिपोस्ट कीजिए।
Algorithm शायद हर आवाज़ को बराबर जगह न दे, इसलिए आपकी रिपोस्ट ही इस कहानी को आगे पहुँचा सकती है।
AI Disclaimer: This song uses AI-generated music/vocals. Lyrics and creative direction are original.
सुन ले सहर:
ये गाना नहीं एक आवाज है...
एक जनरेशन की जो चुप नहीं रहेगी...
ये गाना Zen Z का ये जबरदस्त वायरल गाना आपको सोचने पर मजबूर कर देगा।
आज का युवा जुमला नहीं बल्कि अपना हक चाहता है।
अंधभक्तों की चुप्पी ने इस देश को बहुत नुक्सान पहुंचाया है।
अब Zen Z जाग उठा है और अपने हक के लिए लड़ाई लड़ रहा है, इस मुहिम में आप सभी साथ दें।
इस Video Song को रिपोस्ट कर के देश के हर Zen G और Zen Alpha तक आप पहुंचाए।
रिपोस्ट करते रहिए दोस्तों।
एक गीत समर्पित उन बॉलीवुड के भाड़ कलाकारों को जिन्हें हम ने सुपर स्टार बनाया है।
हम अपना पैसा खर्च कर के इनको दौलत और शोहरत देते हैं लेकिन जब देश के छात्रों के हक के आवाज़ उठाने का समय आता है तो इनके मुंह में दही जम जाता है।
अगर हम साथ मिलकर इन��ो छोड़ दे तो शायद ये कहीं का भी ना रहे।
देश के छात्रों के मुद्दे पर इनका मुंह बंद है, तो अब हम अपनी भी आंखें बंद कर लेंगे, अब समय आ गया है इन गोदी मीडिया की तरह इन गोदी कलाकारों का भी जुलूस निकालने का।
गाने को रिपोस्ट करें और इन गोदी बॉलीवुड अभिनेता तथा अभिनेत्रियों तक पहुंचाए।
दबाकर रिपोस्ट करें दोस्तों।
ऐसे सामने बिठा करके कौन किसी की फजीहत करता है कविराज नेताजी का मुंह देखा है आपने नेताजी के मन में आता होगा कि (हम करें तो करें क्या बोले तो बोल क्या) सिट्ठी पिट्टी गुम🤣
गाने का बोल :- मैं हूं मोदी, कुछ इस तरह से देश की कब्र खोदी
गजब का Video Song है भाई...
एकदम हकीकत से रुबरु करवाता है यह Song
जिसने भी इस गाने को तैयार किया है उसे 100 तोपों की सलामी।
आप सभी इस गाने को रिपोस्ट जरुर से जरुर करे और अपने दोस्तों तक पहुंचाए।
फिर देरी किस बात कि किजिए फटाफट रीपोस्ट और वायरल कर दिजिए इस गाने को।
PIN कोड गया, अब आया DigiPIN 📍
भारतीय डाक विभाग ने पते के लिए नया सिस्टम लॉन्च कर दिया है। अब 6 अंकों वाले PIN कोड की जगह 10 अंकों का DigiPIN होगा।
DigiPIN क्या है?
- 10 अंकों का डिजिटल कोड है जो आपके घर/दुकान की *सटीक लोकेशन* बताता है।
- 4 मीटर के दायरे तक सटीक पता देता है, जबकि पुराना PIN कोड पूरे इलाके का होता था
- इसे India Post + IIT हैदराबाद + NRSC + ISRO ��े मिलकर बनाया है।
- ऑफलाइन भी काम करता है।
फायदे क्या होंगे?
1. डाक/पार्सल सही घर तक पहुंचेंगे, गली-मोहल्ले में भटकना नहीं पड़ेगा।
2. इमरजेंसी सेवाएं - एम्बुलेंस, फायर ब्रिगेड को एकदम सही लोकेशन मिलेगी।
3. ई-कॉमर्स डिलीवरी तेज और सटीक होगी।
4. गांव-दूरदराज के इलाकों में भी पते की दिक्कत खत्म होगी।
अपना DigiPIN कैसे पता करें?
बहुत आसान है 👇
1. वेबसाइट पर जाएं: https://t.co/vUFjdJi2tD
2. मैप पर अपनी लोकेशन चुनें या सर्च करें।
3. 10 अंकों का DigiPIN स्क्रीन पर आ जाएगा।
बस उसे नोट करके अपने ऑनलाइन ऑर्डर, आधार, बैंक आदि में इस्तेमाल कर सकते हैं।
PIN vs DigiPIN
PIN कोड DigiPIN
6 अंक 10 अंक
एरिया बड़ा इलाका कवर4 मीटर तक सटीक
कौन बनाया डाक विभागIndia Post + IIT + ISRO
मतलब अब "मकान नंबर 12, गली नंबर 3" लिखने की जरूरत कम होगी। DigiPIN डालते ही डिलीवरी वाला सीधा आपके दरवाजे पहुंच जाएगा।
दिल्ली के इस सरकारी स्कूल में मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता भी आईं, गृह मंत्री अमित शाह भी आए, फिर भी ऐसा हालात हैं, तो जहां नहीं गए होंगे वहां के स्कूलों का क्या हाल होगा।
#SchoolThikKaro