उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक एवं पूर्व माध्यमिक शिक्षक संघ के आदरणीय प्रदेश अध्यक्ष महोदयों
@DrDCSHARMAUPPSS जी एवं @yogeshtyagi414 जी
के माध्यम से ऑनलाइन अटेंडेंस के लिए गठित समिति को कोई सुझाव देना चाहेंगे आप लोग???
यूपी में आज दो टकराती हुई तस्वीरों का मैदान बना हुआ है। एक ओर हैं वे बच्चे, अभिभावक और शिक्षक, जो #मधुशाला_नहीं_पाठशाला_दो का नारा लेकर सरकारी स्कूलों को बचाने की लड़ाई लड़ रहे हैं।
दूसरी ओर, कांवड़ यात्रा की आड़ में कुछ युवाओं का झुंड सड़क पर अराजकता फैलाता है—ढाबों में तोड़फोड़, आम लोगों की गाड़ियों पर हमले और पुलिस व प्रशासन का कोई ख़ौफ़ नहीं।
विडंबना देखिए—जो शिक्षा मांगते हैं, उन्हें लाठियाँ मिलती हैं। जो उत्पात मचाते हैं, उन पर फूल बरसते हैं। सरकार स्कूल बंद कर रही है, लेकिन शराब की दुकानें तेजी से खोली जा रही हैं।
मेरा सवाल उन कांवड़ियों से भी है—कि वह कांवड़ वाला गुस्सा स्कूल बचाने के लिए कब आएगा? क्या शिक्षा को यूँ ही बर्बाद होने दिया जाएगा?
एक स्कूल का निर्माण सैकड़ो जेलों को बंद करने के बराबर हो सकता है।
एक #स्कूल_का_बंद होना हजारों अपराधी बनाने के बराबर हो सकता है। #मधुशाला_नहीं_पाठशाला_दो
"माता शत्रुः पिता वैरी येन बालो न पाठितः। न शोभते सभामध्ये हंसमध्ये बको यथा॥"
ये श्लोक तो सबने सुना होगा परन्तु अब माता- पिता तो पढ़ाना चाह रहे लेकिन विद्यालय ही बंद हो रहे?
अब आप ही बतायें बच्चों के शत्रु और बैरी कौन है 😟
#मधुशाला_नहीं_पाठशाला_दो
लखनऊ के सहपुरवा गाँव का स्कूल बंद कर दिया गया।
यहाँ दलितों/पिछड़ों/ग़रीबों के बच्चे पढ़ते थे। वो बच्चे अब स्कूल नहीं जाते।
स्कूल का विलय ढाई किलोमीटर दूर विधायक जी के गाँव में कर दिया गया।
आख़िर क्या गुनाह है इन मासूमों का?
: @SanjayAzadSln#SaveSarkariSchools