अगर 5 साल तक भारतीय क्रिकेट टीम में जगह नहीं मिलती और सिर्फ़ धैर्य और BCCI पर भरोसा रखते तो खेलने की उम्र निकल जाती।पूरा जीवन रील बनाकर ही काटना पड़ता धवन साहब…
सोनम वांगचुक की पत्नी गीतांजलि सीधे सीधे अमित शाह की भाषा बोल रही हैं.
युवाओं का आंदोलन अराजनीतिक है और संसदीय विपक्ष संसद और संसद के बाहर छात्रों के मुद्दों पर सरकार को लगातार घेर रहा है. इन पति पत्नी के दिल्ली आने बहुत पहले राहुल गांधी छात्रों के मुद्दे उठा रहे थे.
अस्पताल पहुंचते ही सरकार का शिकंजा सोनम वांगचुक पर का गया था. इनकी NGO के FCRA के मामले हैं जिस पर जांच चल रही है.
कंप्रोमाइज्ड: सोनम वांगचुक और संघ की 'B-टीम', यानी #AAP!
मैं शुरू से ही कहता आ रहा हूँ कि @Wangchuk66 का परिवार 1987 में ही 'संघी' गुट का हिस्सा बन गया था और सोनम उसी माहौल में पले-बढ़े। उन्होंने @RSS के कई कार्यक्रमों में भी हिस्सा लिया था। मोदी के हर कर्म कुकर्म में उनके घोर प्रशंसक रहे हैं।
इसीलिए हमने कहा था कि सोनम की गिरफ़्तारी और बाद में NSA के तहत उनकी रिहाई एक सोची-समझी साज़िश का हिस्सा थी; उन्हें जान-बूझकर एक मज़बूत आवाज़ के तौर पर पेश किया गया। फिर भी, जेल से रिहा होने के बाद उन्होंने संविधान की छठी अनुसूची (Sixth Schedule) का ज़िक्र तक नहीं किया।
जब विपक्ष के नेता @RahulGandhi और #कांग्रेस ने छात्रों के साथ हो रहे अन्याय—जैसे पेपर लीक और परीक्षा में धांधली—के ख़िलाफ़ देशव्यापी अभियान शुरू किया, तो उस आंदोलन को पटरी से उतारने के लिए 'कॉकरोच ड्रामा' रचा गया। #सोनम_वांगचुक भूख हड़ताल पर बैठ गए और संसद तक मार्च शुरू होने से ठीक पहले एक वीडियो जारी करके दावा किया कि उनके अंग काम करना बंद कर रहे हैं (सिर्फ़ 80% क्षमता से काम कर रहे हैं), जिससे सरकार को उन्हें हिरासत में लेने का संकेत मिल गया। जबकि उनसे एक दिन पहले से आइसा की नेहा और उनके साथी 23 दिनों तक अनशन करते रहे, उन्होंने ऐसा कुछ नहीं कहा। अनशन खत्म करने के बाद भी वे सक्रिय हैं।
अब, वही #सोनम अपनी पत्नी #गीतांजलि—जो एक 'संघी' परिवार से हैं—के ज़रिए #राहुल_गांधी पर हमला कर रहे हैं। उन्होंने सोनम का एक पत्र जारी किया जिसमें साफ़ कहा गया है कि वह #धर्मेंद्र_प्रधान या किसी अन्य मंत्री का इस्तीफ़ा नहीं चाहते; वह बस इतना चाहते हैं कि संसद में इस पर चर्चा हो।
यह उन युवाओं की मांग से बिल्कुल अलग है जो प्रधानमंत्री #नरेंद्र_मोदी, गृह मंत्री #अमित_शाह और शिक्षा मंत्री #धर्मेंद्र_प्रधान के इस्तीफ़े की मांग कर रहे हैं।
इसे समझिए: छात्र आंदोलन अब सोनम वांगचुक, गीतांजलि और अभिषेक दीपके से आगे बढ़ चुका है; भले ही वे प्रतीकात्मक चेहरे बने रहें, लेकिन अब वे इसके नेता नहीं रहे।
विपक्ष के नेता #राहुल_गांधी ने लोगों के दिलों से मोदी-शाह की जोड़ी—जिन्होंने खुद को तानाशाह के तौर पर पेश किया था—का डर सफलतापूर्वक निकाल दिया है।
जय हिंद...!
@INCIndia@IYC@nsui
Wangchuk couple is fraud. Here she is discrediting Rahul Gandhi Ji’s protest outside Modi Narendra Modi.
Their entire focus is on harming Congress and opposition. They fooled Ladakh and are now fooling students by acting as a proxy of AAP.
नहले पर दहला हैं प्रियंका गांधी
संसद के मकर द्वार पर @RahulGandhi के सामने जब BJP के डरपोक सांसदों ने नारेबाजी की तो @priyankagandhi ने वहीं रुक कर उन सबको जम कर घेर कर छात्रों के हक में नारे लगाए, धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा मांगा
शेरनी है - उलझना मत!
“You are the one who has harmed the future of our youth the most. APOLOGIZE”
Dear kids who are still blinded by cjp,
ONLY n ONLY Rahul Gandhi is fighting for YOU and your Future against the tyrant.
The sooner u realize the better for you.
संसद में ग़ज़ब हो रहा है
@rahulgandhi समेत कांग्रेस सांसद छात्रों के हक कि लिए नारे लगा रहे थे
तो भाजपा सांसद कांग्रेस के ख़िलाफ़ नारे लगाने लगे🤡
फिर @priyankagandhi जी ने BJP सांसदों को घेर कर छात्रों के हक में नारे लगाए, धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा मांगा 🔥🔥
> Today, Sonam Wangchuk’s wife criticized Rahul Gandhi for raising his voice in support of the students in front of PM’s residence.
> AAP leaders are attacking Rahul Gandhi.
> Sonam Wangchuk met BJP leaders yesterday.
> Today, Abhijit is also leaving the protest site for some rest
Just connect the dots
The hon'ble lady has been instructed by the AAP Leadership to discredit Congress and Rahul Gandhi.
Because Sanjay Singh and Atishi tried it on the eve of RG's dharna but were brutally trolled, so a new face for the narrative has been launched!
"प्रियंका गांधी उधार नहीं रखतीं"
संसद के मकर द्वार पर @RahulGandhi के लौटते वक्त जब NDA सांसदों ने उनके सामने नारेबाजी की तो पीछे आ रही @priyankagandhi की नज़र थी।जैसे ही वो आगे पहुंचीं, राहुल गांधी के खिलाफ नारेबाजी करने वाले सांसदों के सामने रुककर और जमकर नारे लगाए।
सोनम वांगचुक की पत्नी गीतांजलि को बुरा लगा कि राहुल गांधी और कांग्रेस ने मोदी के घर के बाहर प्रदर्शन किया.
इनका पहले दिन से एक एजेंडा है- किसी भी तरह से विपक्ष को डिस्क्रेडिट कर दो.
इनके मुंह से मोदी के खिलाफ एक शब्द नहीं निकलता है. इसलिए इनकी मंशा पर शक होता है.
इनके अनुसार युवाओं के लिए विपक्ष प्रदर्शन ना करे, सिर्फ मोदी और RSS के चहेते लोग ही प्रदर्शन कर सकते हैं.
अब इनका खेल साफ समझ आ रहा है.
Very powerful press meet by @RahulGandhi. He spoke with clarity and sincerity. He did not make it about himself. He said that he had a duty to become the voice of the people. He reiterated the demands made from Jantar Mantar.
"My protest is better than your protest."
This is beginning to sound more like a Rin detergent commercial than a people's movement.
Rahul Gandhi is doing exactly what Sonam Wangchuk asked him to do, which is to magnify the issue and bring it into the national spotlight. If the objective is to strengthen the movement, why turn it into a contest ?