अत्यंत दुःखद एवं सोचनीय:
सीतापुर बीएसए-प्रधानाध्यापक बेल्ट प्रकरण, जो कि राष्ट्रीय स्तर पर चर्चा का विषय बना हुआ है। यह देखकर बड़ा आश्चर्य हो रहा है कि बेसिक शिक्षकों के दो सबसे बड़े संगठन "उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ" और "उत्तर प्रदेशीय पूर्व माध्यमिक शिक्षक संघ" के प्रदेश अध्यक्षों के ट्वीटर (X) अकाउंट से इस विषय पर कोई भी विचार नहीं रखे गए हैं।
सोशल मीडिया के इस दौर में इस प्रकार की निष्क्रियता समझ के परे है। बेसिक शिक्षक आप दोनों आदरणीयों की ओर बड़ी उम्मीद और आशा के साथ देखा करता है, और आप द्वारा उठाए जाने वाले कदमों की प्रतीक्षा करता रहता है।
अतः आपसे सादर अनुरोध है कि इस चर्चित प्रकरण के संबंध में अपने विचार अवश्य रखें। धन्यवाद्!
@DrDCSHARMAUPPSS@yogeshtyagi414
@Info_4Education 🔰 योगी जी हर जगह फेल होते हुए दिखाई दे रहे हैं
👉 उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग का गठन
💥पूर्णतः फेल
👉 शिक्षा सेवा चयन आयोग का गठन
💥ये भी पूर्णतः फेल
🔰ऊपर से स्कूल मर्ज करके एक बड़ा घाटा कर लिया जिसका असर विधानसभा चुनाव 2027 में पड़ेगा और कहीं 2027 में फेल न हो जाए !!😐
📢कृपया सभी लोग "शिक्षा" हित में सहयोग करें।
✊✊🫵🫵👊👊✌️✌️✌️
#मधुशाला_नहीं_पाठशाला_दो
✍️उपरोक्त हैशटैग के साथ अधिकतम पोस्ट/रिपोस्ट करें।
"गिरते हैं शहसवार ही मैदान-ए-जंग में,
वो तिफ्ल क्या गिरे जो घुटनों के बल चले।"
🔰 फालो करें: - @upbasic_shiksha
भारत में पुरातन काल से ही विद्यालय सिर्फ़ शिक्षा के केंद्र नहीं बल्कि यह मंदिर हैं, जहां मां सरस्वती का वास होता है, और मंदिर बंद नहीं किए जाते बल्कि उनका जीर्णोद्धार किया जाता है!
#मधुशाला_नहीं_पाठशाला_दो
स्कूलों पर ताला,
शहर-शहर मधुशाला?
भारतीयों के लिए विद्यालय सिर्फ़ शिक्षा के केंद्र नहीं बल्कि यह मंदिर हैं, जहां मां सरस्वती का वास होता है और मंदिर बंद नहीं किए जाते बल्कि उनका जीर्णोद्धार किया जाता है!
#JusticeForSchoolsChildren#Justiceforschoolschildren@DrDCSHARMAUPPSS