🚨 Emergency 🚨
To ensure the next term BJP is using ED and CBI as a toolkit to harass the members of opposition and then ask them to join BJP.
ED stooping too low. It used to be a respectable organization but not anymore 💔
#ArvindKejriwal#EDRaid
मुस्लिम देश अबू धामी में तो मंदिर का उद्घाटन मोदी जी ने कर दिया..लेकिन भारत देश में MASJID के बाहर सड़क पर मुस्ल��मों के साथ दिल्ली पुलिस ये सलूक कर रही है..सजदे में बैठे हुए लोगों को लात मार रही है...दिल्ली पुलिस देश के गृह मंत्री अमित शाह के अंडर आती है..क्या दिल्ली पुलिस के दिमाग में भी हिंदू मुसलमान का जहर भर दिया गया है ?...अगर कानून गलत भी था तो पुलिस का काम नमाज अता करते व्यक्ति को लात मारना नहीं है..कानून के उलंघन पर कानूनी कार्रवाई करने के बजाय लात मारना..मन की घृणा को दिखाता है..आज शिवरात्रि थी..हमारे कई हिंदू मंदिरों में दर्शनों के लिए 1-1 किलोमीटर की लाइनें थीं..लाइनें सड़कों पर थीं..क्या हम हिंदू श्रद्धालु किसी पुलिस वाले से अपने साथ ऐसी निंदनीय हरकत दर्शन के समय उपेक्षित करते हैं..जवाब है नहीं..आम आदमी से लेकर संवैधानिक संस्थाओं तक हर जगह जहर इंजेक्ट कर दिया गया है..
लात नहीं मारनी चाहिए थी,
बस सड़क जाम ही तो कर रहे थे...
ये तो 60 सालों से तुष्टिकरण द्वारा बिगाड़ी गई आदत है, धीरे धीरे ठीक होगी। https://t.co/WFeySIDbfC
सड़क जाम करके नमाज पढ़ने ���ा अधिकार किसी को नही है।
अगर नमाज सड़क पर ही पढ़नी है तो मस्जिद का क्या काम❓❓
प्रशासन सड़कों पर नमाज पढ़ने वाले असामाजिक तत्वों पर तत्काल कठोर कार्यवाही करें।
सार्वजनिक स्थानों पर इस प्रकार आम जन को परेशान करने का अधिकार किसी को नही है।
देश भर में 6 लाख मस्जिदों के बावजूद सड़क जाम करके नमाज़ अदा करना कौन सी समझदारी है?
इस मामले में मेरा पूरा समर्थन @DelhiPolice के साथ है। पुलिस ने कुछ गलत नहीं किया है।
नमाज के नाम पर आए दिन सड़क जाम करने वालो के साथ यही सुलूक होना चाहिए ।
दिल्ली पुलिस ने बिलकुल सही किया क्युकी
" लातों के भूत बातों से नही मानते।"
नमाज की जगह मस्जिद है सड़क नही।
#Masjid#Delhi#Namaj
यह बहुत सही इलाज है दिल्ली पुलिस के द्वारा इनका । पिछले वर्ष जो नांगलोई में पत्थरबाजी की बड़ी घटना हुई और कई आमजन व पुलिस अधिकारी घायल हुए , उसी प्रकार की घटना को आज शिवरात्रि के पावन अवसर पर सड़क जाम कर अंजाम देने की यह साजिश हो सकती थीं।
घर में नमाज पढ़ो मस्जिद में नमाज पढ़ो अपनी दुकान में नमाज पढ़ो किसी को आपत्ति नहीं है
भरी ट्रैफिक में सड़क जाम करके सड़क पर नमाज पढ़ोगे तो ऐसे ही उठाना जाना चाहिए
दिल्ली पुलिस को बहुत-बहुत धन्यवाद जो इन अराजक लोगो से सही तरीके से निपट रही है
यदि कोई मरीज एंबुलेंस में जा रहा हो उसका तो सोचो यार
यदि कोई लोग धर्म के नाम पर सड़क जाम करते हैं तो उनके खिलाफ इससे भी सख्त कार्रवाई की जानी चाहिए। रास्ता खुलवाने के लिए पुलिस वालों को धन्यवाद। अगर हमारे असम में ऐसा होता तो हिमंत जी लात से नहीं डंडे से पीटकर रास्ता खुलवाता।