kaise kah duuñ ki mujhe chhoḌ diyā hai us ne
baat to sach hai magar baat hai rusvā.ī kī
vo kahīñ bhī gayā lauTā to mire paas aayā
bas yahī baat hai achchhī mire harjā.ī kī
लखनऊ में 15 बच्चे ज़िंदा जल गए।
जल कर मरे तो मरे।मरना तो है ही।कब तक बचते? इतना हो हल्ला क्यो? इस आग से बचते तो सांप्रदायिकता की आग में मरते,धार्मिक उन्माद में जलते।परीक्षा पेपर लीक से मरते।मिलावटी तेल, पनीर से मरते।सड़क पर बिना फिटनेस की दौड़ती गाड़ी से कुचलकर मरते।अस्पताल में ऑक्सीजन सिलेंडर की कमी से मरते।नकली इंजेक्शन से मरते। नक़ली दवाई से मरते।नक़ली कफ सिरप से मरते। स्कूल में मिड डे मिल में सड़ा हुआ अनाज खाकर मरते।स्कूल में जर्जर छत गिरने से मरते। स्कूल की टंकी से जहरीला पानी पीकर मरते।ट्यूबवेल के लिए खुदे गड्डे में गिरकर मरते।मंदिर में भगदड़ से मरते।कब तक बचते?
किसी तरह बच जाते तो महंगाई मार देती, बेरोजगारी में दम तोड़ देते।सड़क पर खुले गड्डे में गिरकर मरते।सरकार की लापरवाही से मरते।टूटे ब्रिज में दबकर मरते।नाव में डूबकर मरते।जर्जर और खतरनाक इमारतों में दबकर मरते।
उपर से नीचे तक फैले भ्रष्टाचार से मरते।मरना तो तय है।इस सिस्टम में बच नहीं सकते।सिस्टम से लड़ने वाले मर गए,तुम तो बच्चे हो।
अब सरकार की जान लोगे क्या? मुआवजा मिल जाएगा।कमेटी बना देंगे।2-4 को निलंबित कर देंगे।घटना स्थल पर आंसू बहा देंगे। सरकार से ओर क्या उम्मीद करते हो? अगर ज़्यादा उम्मीद है तो बड़े नादान हो।
आराम से सो जाइए।
मेरे यहां
प्रधान=मुस्लिम
क्षेत्र पंचायत सदस्य =मुस्लिम
ब्लाॅक प्रमुख =क्षत्रिय
जिला पंचायत अध्यक्ष =क्षत्रिय
विधायक =मुस्लिम
सांसद =निषाद
प्रधान =यादव
क्षेत्र पंचायत सदस्य = पाल
ब्लॉक प्रमुख=क्षत्रिय
जिला पंचायत अध्यक्ष =क्षत्रिय
विधायक =क्षत्रिय
सांसद =निषाद