सर्व धर्म सम-भाव
we should proud on our secular democratic India, हाँ बातें कड़वी हो सकती है, जिनको एलर्जी हो, कृपया दूर रहे.आपके स्वाथ्य सर्वोपरि #जयहिंद 🇮🇳
चंपत राय ने नैतिकता के आधार पर इस्तीफ़ा क्यों नहीं दिया? राम मंदिर के चढ़ावे में डकैती का मामला है, चंपत राय को कौन बचा रहा है ? एक मिनट, कहीं ऐसा तो नहीं कि चंपत राय किसी को बचा रहे हैं । ED, NIA, CBI का जैकेट पहन कर किसी विपक्षी नेता के घर के बाहर दिखने वाली टीम कहाँ है? ED का छापा क्यों नहीं पड़ा? डकैती की पुष्टि होते ही FIR क्यों नहीं हुई? कैश बरामद करन वाले कौन थे? अयोध्या में कितनी ज़मीन की ख़रीद बिक्री कैश में हुई है? सबका हिसाब कौन देगा?
टीएमसी तोड़ने में सबसे बड़ा रोल ईडी और आईटी के बलैकमेल का है।
अब सयानी घोष का ही मामला देखिये।हर कोई चकित है कि सयानी कैसे टूट गई ?
इस सवाल का जवाब आपको इस तस्वीर 👇में मिलेगा। ये तस्वीर सयानी और कुंतल घोष की है।
कुतंल घोष पर शिक्षा घोटाले में 20 करोड़ के लेन देन के आरोप है।2023 में कुंतल को ईडी ने गिरफ्तार किया था।
कुंतल गिरफ्तारी के समय TMC यूथ कांग्रेस
के नेता थे और सयानी अध्यक्ष थी। दोनो बेहद करीबी थे।
अब ऐसा कहा जा रहा है कि कुंतल ने ईडी से पूछताछ के समय सयानी घोष का भी नाम बताया था।
हालांकि ईडी ने उस मामले में तब सयानी पर शिकंजा नहीं कसा लेकिन अब उसी फाईल का जिक्र किया जा रहा है ।
सच ये है कि टीएमसी से टूट कर अलग हुए 20 में से 8 सांसद ऐसे हैं जिन पर मुकदमे चल रहे हैं।जाहिर तौर पर जब जेल से बचाये जाने की डील हो और साथ में करोड़ों का ऑफर हो तो कौन मना करेगा।
दिल❤️ की आवाज़ है - Must read ||
अच्छा सोचेगा भारत, तभी तो अच्छा करेगा भारत।
लेकिन सोच अच्छी कैसे होगी?
जब हम अधिकांश मिलावटी खाना खा रहे है ।
शरीर को पोषण मिलेगा कैसे ?
दिमाग कैसे विकसित होगा ? Fresh feel होगा ?
उसके बाद स्कूल में सालो से वही किताबें रटवा दी जा रही है।
संस्कार, नागरिकता की समझ, व्यवहार, संविधान की बुनियादी जानकारी, वित्तीय साक्षरता, तकनीक, व्यावहारिक कौशल- जिन चीज़ों की सबसे ज़्यादा ज़रूरत है,
वो है ही न्ही - जीवन जीना कहाँ से सीखेगा ?
फिर बच्चा मेहनत करके पढ़ ले तो अच्छे कॉलेज की दौड़ में हार जाता है ।
कॉलेज मिल जाए तो डिग्री की चिंता,डिग्री मिल जाए तो नौकरी की चिंता,
नौकरी मिल जाए तो stability की चिंता।
एक इंसान अपनी पूरी जवानी सिर्फ़ खुद को साबित करने में लगा दे रहा है।जिस ecosystem को उसे आगे बढ़ाने के लिए बनना चाहिए था- वो देश बना ही नहीं पाया |
इस विफलता के लिए केवल एक सरकार जिम्मेदार नहीं है।
इसमें दशकों की राजनीति, सुस्त नौकरशाही, दूरदृष्टि की कमी,
और उन तमाम प्रभावशाली लोगों , मीडिया की भी जिम्मेदारी है जो समस्याओं को हल करने से ज्यादा उन्हें छिपाने में लगे रहे ।
सबसे दुखद बात ये है कि लोग पहले निराश हुए और अब हताश हो चुके हैं।इतने ढल चुके है कि उन्हें समस्याएँ अब समस्याएँ लगती ही नहीं।
पेपर लीक? चलता है।
बेरोज़गारी? चलता है।
खराब स्कूल? चलता है।
अस्पतालों की बदहाली? चलता है।
प्रदूषण? चलता है।
यही “चलता है” ने पूरे समाज को रोक दिया ।
सब यही कहने सुनने लगे है कि
“इस देश का कुछ नहीं हो सकता।”
मैं पूछता हूँ…क्यों नहीं हो सकता?
क्या इस देश में talent की कमी है?
क्या इस देश में मेहनत करने वालों की कमी है?
क्या इस देश में सपने देखने वालों की कमी है?
नहीं।
कमी इतनी है कि हमने सवाल पूछना कम करते चले गए।
हमने अपने अधिकारों को मांगना छोड़ दिया ।
हमने व्यवस्था से जवाब लेना छोड़ दिया ।
देशभक्ति केवल झंडा लगाने का नाम नहीं है।
देशभक्ति ये भी तो है कि
जब शिक्षा कमजोर हो रही हो तो आप आवाज़ उठाएँ।
जब अस्पतालों की हालत खराब हो तो आप सवाल पूछें।
जब युवाओं का भविष्य खतरे में हो तो आप चुप न रहें।
जब व्यवस्था गलती करे तो उसकी आलोचना की जाये
क्योंकि अंधा समर्थन देश प्रेम नहीं होता।
सुधार की मांग करना राष्ट्रप्रेम है।
मुझे उस देशभक्ति पर भरोसा है
जो देश को बेहतर बनाना चाहती है,
न कि हर कमी पर पर्दा डालने वाली।
क्योंकि "मेरा देश" कोई नारा नहीं है।
यह करोड़ों बच्चों के सपने हैं , उम्मीदें हैं।
यह उन माता-पिता की आँखों का विश्वास है
जो अपने बच्चों के लिए बेहतर भविष्य चाहते हैं।
और जब तक यह विश्वास जिंदा है, तब तक मेरा दिल कभी यह मानने को तैयार नहीं होगा
“इस देश का कुछ नहीं हो सकता।”
नहीं।
इस देश का बहुत कुछ हो सकता है।
बस हम समस्याओं को normal मानना बंद करें,
और समाधान मांगना शुरू करें।
क्योंकि देशभक्ति देश को बेहतर बनाने की जिद से पैदा होनी चाहिए । 🇮🇳❤️
दिल❤️ की आवाज़ है - Must read ||
अच्छा सोचेगा भारत, तभी तो अच्छा करेगा भारत।
लेकिन सोच अच्छी कैसे होगी?
जब हम अधिकांश मिलावटी खाना खा रहे है ।
शरीर को पोषण मिलेगा कैसे ?
दिमाग कैसे विकसित होगा ? Fresh feel होगा ?
उसके बाद स्कूल में सालो से वही किताबें रटवा दी जा रही है।
संस्कार, नागरिकता की समझ, व्यवहार, संविधान की बुनियादी जानकारी, वित्तीय साक्षरता, तकनीक, व्यावहारिक कौशल- जिन चीज़ों की सबसे ज़्यादा ज़रूरत है,
वो है ही न्ही - जीवन जीना कहाँ से सीखेगा ?
फिर बच्चा मेहनत करके पढ़ ले तो अच्छे कॉलेज की दौड़ में हार जाता है ।
कॉलेज मिल जाए तो डिग्री की चिंता,डिग्री मिल जाए तो नौकरी की चिंता,
नौकरी मिल जाए तो stability की चिंता।
एक इंसान अपनी पूरी जवानी सिर्फ़ खुद को साबित करने में लगा दे रहा है।जिस ecosystem को उसे आगे बढ़ाने के लिए बनना चाहिए था- वो देश बना ही नहीं पाया |
इस विफलता के लिए केवल एक सरकार जिम्मेदार नहीं है।
इसमें दशकों की राजनीति, सुस्त नौकरशाही, दूरदृष्टि की कमी,
और उन तमाम प्रभावशाली लोगों , मीडिया की भी जिम्मेदारी है जो समस्याओं को हल करने से ज्यादा उन्हें छिपाने में लगे रहे ।
सबसे दुखद बात ये है कि लोग पहले निराश हुए और अब हताश हो चुके हैं।इतने ढल चुके है कि उन्हें समस्याएँ अब समस्याएँ लगती ही नहीं।
पेपर लीक? चलता है।
बेरोज़गारी? चलता है।
खराब स्कूल? चलता है।
अस्पतालों की बदहाली? चलता है।
प्रदूषण? चलता है।
यही “चलता है” ने पूरे समाज को रोक दिया ।
सब यही कहने सुनने लगे है कि
“इस देश का कुछ नहीं हो सकता।”
मैं पूछता हूँ…क्यों नहीं हो सकता?
क्या इस देश में talent की कमी है?
क्या इस देश में मेहनत करने वालों की कमी है?
क्या इस देश में सपने देखने वालों की कमी है?
नहीं।
कमी इतनी है कि हमने सवाल पूछना कम करते चले गए।
हमने अपने अधिकारों को मांगना छोड़ दिया ।
हमने व्यवस्था से जवाब लेना छोड़ दिया ।
देशभक्ति केवल झंडा लगाने का नाम नहीं है।
देशभक्ति ये भी तो है कि
जब शिक्षा कमजोर हो रही हो तो आप आवाज़ उठाएँ।
जब अस्पतालों की हालत खराब हो तो आप सवाल पूछें।
जब युवाओं का भविष्य खतरे में हो तो आप चुप न रहें।
जब व्यवस्था गलती करे तो उसकी आलोचना की जाये
क्योंकि अंधा समर्थन देश प्रेम नहीं होता।
सुधार की मांग करना राष्ट्रप्रेम है।
मुझे उस देशभक्ति पर भरोसा है
जो देश को बेहतर बनाना चाहती है,
न कि हर कमी पर पर्दा डालने वाली।
क्योंकि "मेरा देश" कोई नारा नहीं है।
यह करोड़ों बच्चों के सपने हैं , उम्मीदें हैं।
यह उन माता-पिता की आँखों का विश्वास है
जो अपने बच्चों के लिए बेहतर भविष्य चाहते हैं।
और जब तक यह विश्वास जिंदा है, तब तक मेरा दिल कभी यह मानने को तैयार नहीं होगा
“इस देश का कुछ नहीं हो सकता।”
नहीं।
इस देश का बहुत कुछ हो सकता है।
बस हम समस्याओं को normal मानना बंद करें,
और समाधान मांगना शुरू करें।
क्योंकि देशभक्ति देश को बेहतर बनाने की जिद से पैदा होनी चाहिए । 🇮🇳❤️
अमेरिका ने हमारे 3 नागरिकों को मार डाला
और आधिकारिक बयान का लब्बोलुआब ये है कि तुम कुछ नही उखाड़ सकते, हम फिर से मारेंगे।
डरपोक प्रधानमंत्री जी... लानत है!!
सिर्फ भारतीय नाविक ही निशाना क्यों बन रहे हैं?"
ईरान में फंसे भारतीय नाविकों की पुकार:
"भारतीय क्रू वाले जहाजों पर हमले हो रहे हैं।"
तीन भारतीयों की मौत हो चुकी है।
सवाल है—भारत सरकार कब जागेगी ?
जब भारत के तीन नाविक हमले में मार दिए गए हों
जब भारत के 5 वायु सैनिक हादसे में मारे गए हों
तब किस बात का जश्न है ये? मना किया जा सकता था कि मौक़ा ठीक नहीं है। ज़रूरी विदेश है तो सादगी से होने दें। शासन सत्ता की भी कोई संवेदनशीलता होती है!
ख़ैर। ऐसी कोई तस्वीर अगर नेता विपक्ष राहुल गांधी की आ जाती तो गोदी चैनल डिबेट करने लगते!
पटना स्टेशन पर बेरोजगार युवाओं ने भयंकर बवाल काट दिया.
दरअसल आज मद्य निषेध विभाग की परीक्षा हो रही है. ऐसे में रात में परीक्षा देने वाले युवा स्टेशन पहुंचे, लेकिन स्टेशन पर पर्याप्त ट्रेन नहीं थी, जिस ट्रेन का इंतजार कर रहे थे वो भी लेट हो रही थी.
इसके बाद युवाओं ने हंगामा शुरू कर दिया. फिर कुछ ही पल में पथराव और तोड़फोड़ भी शुरू हो गई.
पुलिस ने आंसू गैस के गोले दागे, हवा में फायरिंग भी की गई. कई पुलिस वाले घायल हुए हैं.
ज्ञानबिंदु के डायरेक्टर रौशन आनंद जी के भाई
प्रिंस जी की नेपाल विराटनगर में हत्या!
यह अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है
बिहार सरकार नेपाल प्रशासन से संपर्क कर पीड़ित
परिवार को न्याय दिलाए।हत्यारों पर अविलंब
कार्रवाई हो!एक भाई जेल में बंद हैं,दूसरे की
हत्या!मेरी संवेदना परिवार के साथ है!
“सिर्फ़ भारतीय नाविकों पर हमला हो रहा है… हम तो सैनिक नहीं हैं, Seafarers हैं हमको क्यों मार रहे हो भाई…”
ईरान में भारतीय नाविकों की परेशानी भरी पुकार, उनका कहना है कि U.S. जानबूझकर उन जहाज़ों पर हमला कर रहा है जिनमें भारतीय सवार हैं
वीडियो @vijaita
Narendrabhai, बात नहीं बनी. Terror mastermind is free. President Trump just delinked Pak military funding from LeT. Hugplomacy fail. More hugs urgently needed.
https://t.co/U8Bg2vlZqw