सर्व धर्म सम-भाव
we should proud on our secular democratic India, हाँ बातें कड़वी हो सकती है, जिनको एलर्जी हो, कृपया दूर रहे.आपके स्वाथ्य सर्वोपरि #जयहिंद 🇮🇳
पर कांग्रेस के आरोप पर चुनाव आयोग ने एक्शन भी ले लिया है. SDM रैंक के दो अफ़सरों को हटा दिया गया है. उन पर केस करने के आदेश दिए गए हैं. अब सभी 403 विधानसभा क्षेत्रों में वोटर लिस्ट की जांच होगी
BIG BREAKING | यूपी की वोटर लिस्ट में बड़ी गड़बड़ी, कांग्रेस ने प्रेस कॉन्फ्रेंस करके सबूत दिये। चुनाव आयोग ने जांच के आदेश दिए। पूरे पीलीभीत जिले की वोटर लिस्ट की जांच के आदेश।
यूपी के सभी 75 जिलों से 48 घंटे में रिपोर्ट तलब।
पीलीभीत में EPIC नंबर किसी का, ऑनलाइन विवरण किसी और का! जिम्मेदार अधिकारियों पर कानूनी कार्रवाई के आदेश।
उत्तर प्रदेश की मतदाता सूची में सामने आई गंभीर गड़बड़ी पर मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने सख्त रुख अपनाया है। पीलीभीत की विधानसभा सीट संख्या 127 की मतदाता सूची में कुछ मतदाताओं के EPIC नंबर ऑनलाइन सर्च करने पर दूसरे मतदाताओं का विवरण सामने आया है। जिला निर्वाचन अधिकारी की जांच में इस गड़बड़ी की पुष्टि हुई है।
कांग्रेस ने आज लखनऊ में प्रेस कॉन्फ्रेंस करके सबूत सार्वजनिक किए। मामला सामने आते ही मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने पीलीभीत के निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी (ERO) और वीआरसी ऑपरेटर को मतदाता सूची के काम से तत्काल हटाने के निर्देश दिए हैं। दोनों के खिलाफ लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1950 की धारा 32 और भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं में कानूनी कार्रवाई करने को कहा गया है।
इतना ही नहीं, सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारियों की जवाबदेही भी तय करने के लिए रिपोर्ट मांगी गई है।
अब जांच सिर्फ पीलीभीत तक सीमित नहीं रहेगी। मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने उत्तर प्रदेश के सभी जिलों में मतदाता सूचियों की इसी तरह की गड़बड़ियों की गहन जांच कराने और 48 घंटे के भीतर रिपोर्ट सौंपने के निर्देश दिए हैं।
#UttarPradesh #VoterList @Dmpilibhit
अंततः धमकी देने की जगह गलती माननी पड़ी!
और यह गलती नहीं है! गलती एक दो मसले में होती है! यह "पैटर्न" है ! और "पैटर्न" साजिश का हिस्सा होता है! और इसकी जिम्मेदारी छोटे अधिकारिओं कर्मचारिओं की नहीं होती है! शीर्ष स्तर से हुआ होगा
दुनिया के किसी देश में अगर एप्सटीन के साथ केन्द्रीय मंत्री की तस्वीर आ गई होती तो मीडिया इस पर बावेला मचा देता और अब तक इस्तीफ़ा हो गया होता।
लिखना भूल गया- ऐसा लोकतान्त्रिक देश में ही होता।
प्रकाश झा, मनोज बाजपेई, पंकज त्रिपाठी, सोनाक्षी सिन्हा, पवन सिंह सहित अन्य बिहार से आनेवाले कलाकारों के लिए बनी बनाई फिल्मी स्क्रिप्ट तैयार है
"उड़ता बिहार"
सरकारला ही डॉक्युमेंट्री समाजमाध्यमांवरून गायब करायची आहे. याचं कारण काय असेल ते तुम्हाला ही डॉक्युमेंट्री बघितल्यावर कळेलच. त्यामुळे सरकारने ही डॉक्युमेंट्री गायब करायच्या आधी बघून घ्या !
क्या यह वही मामला है जिसके बारे में सुप्रिया श्रीनेत ने प्रेस कांफ्रेंस में कहा था कि 13000 से अधिक एपिक नंबर ऐसे हैं जिनमें ड्राफ्ट सूची और फ़ाइनल लिस्ट के बीच वोटर और उसके पिता का नाम बदल गया है। ज़ुबैर ने भी ऐसे 15 मामले पकड़े थे।
आयोग को ख़ुद से क्यों नहीं पता चलता? आपके निर्देश पर यह ठीक हो ही जाएगा इसकी जाँच के लिए क्या आपको मशीन पठनीय कॉपी नहीं देनी चाहिए ताकि कम समय में यह काम हो जाए। चुनाव सर पर है और विपक्षी दल वोटर लिस्ट की जाँच में लगे हैं। उन्होंने ठोस तरीके से कमियों को पकड़ा है, तभी तो आपने जाँच और कार्रवाही के निर्देश दिए हैं। अच्छा होता मशीन पठनीय कॉपी दे दी जाती।