विश्वविजेता पहलवानों को हरा कर फाइनल में पहुंची भारत की शान विनेश फोगाट का तकनीकी आधार पर अयोग्य घोषित किया जाना दुर्भाग्यपूर्ण है।
हमें पूरी उम्मीद है कि भारतीय ओलंपिक संघ इस निर्णय को मजबूती से चैलेंज कर देश की बेटी को न्याय दिलाएगा।
विनेश हिम्मत हारने वालों में से नहीं हैं, हमें पूरा भरोसा है कि वह अखाड़े में और अधिक मजबूती से वापसी करेंगी।
आपने हमेशा देश को गौरवान्वित किया है विनेश। आज भी पूरा देश आपकी ताक़त बनकर आपके साथ खड़ा है।
एक ही दिन में दुनिया की तीन धुरंधर पहलवानों को हराने के बाद आज विनेश के साथ-साथ पूरा देश भावुक है।
जिन्होंने भी विनेश और उसके साथियों के संघर्ष को झुठलाया, उनकी नीयत और काबिलियत तक पर प्रश्नचिन्ह खड़े किए, उन सभी को जवाब मिल चुका है।
आज भारत की बहादुर बेटी के सामने सत्ता का वो पूरा तंत्र धराशाई पड़ा था जिसने उसे खून के आंसू रुलाए थे।
चैम्पियंस की यही पहचान है, वो अपना जवाब मैदान से देते हैं।
बहुत शुभकामनाएं विनेश। पेरिस में आपकी सफलता की गूंज, दिल्ली तक साफ सुनाई दे रही है।
#GoForGold
Was a delight to receive this award today. It became a double delight as i got called upon to receive it along with @swati_gs - one i truly admire and have huge respect for, for the hardwork she puts in her journalism.
Keep rising Keep shining Swati.
You're such a sweetheart
Proud of each and every one of you on the Indian Hockey Team. You played a superb game.
Keep your heads held high - best wishes for the upcoming bronze match 🇮🇳
विनेश फोगाट भारत की वो शेरनी जिसने आज बैक टू बैक मैच में
4 बार की World Champion और मौजूदा ओलंपिक चैंपियन को हराया
उसके बाद क्वार्टरफाइनल में पूर्व World Champion को हराया
मगर एक बात बताऊं,
ये लड़की अपने देश में लातों से कुचली गई थी
ये लड़की अपने देश में सड़कों पर घसीटी गई थी
ये लड़की दुनिया जीतने वाली है मगर इस देश में सिस्टम से हार गई थी 😢
नरेंद्र मोदी की सरकार में लोको पायलट्स के जीवन की रेल पूरी तरह पटरी से उतर चुकी है।
गर्मी से खौलते केबिन में बैठ कर लोको पायलट्स 16-16 घंटे काम करने को मजबूर हैं।
जिनके भरोसे करोड़ों ज़िंदगियां चलती हैं, उनकी अपनी ज़िन्दगी का कोई भरोसा नहीं रह गया है।
यूरिनल जैसी बेसिक सुविधाओं से भी वंचित लोको पायलट्स के न काम के घंटों की कोई लिमिट है और न ही उन्हें छुट्टी मिलती है। जिसके कारण वह शारीरिक और मानसिक रूप से टूट कर बीमार हो रहे हैं।
ऐसे हालात में लोको पायलट्स से गाड़ी चलवाना उनकी और यात्रियों की जान को जोखिम में डालना है।
INDIA लोको पायलट्स के अधिकारों और वर्किंग कंडीशंस को बेहतर किए जाने के लिए संसद तक आवाज़ उठाएगा।
इस छोटी सी चर्चा को देखकर आप भी उनकी पीड़ा को महसूस कर सकते हैं।
Mother of 3 Children
Affair with Man for 5 years
Cries Rape on false marriage promise
When she herself used to go to his house to have sexual relationship
MP High Court quashes Rape case against 56 YEAR OLD MAN
Ofcourse no consequence for women who lodged #falserape case
In Manipur a woman was paraded naked on 4th May . Administration turned a Nelson’s eye . After a Video come in public domain . Four “ suspects “ are arrested on 20th July . Who is fooling whom ?
अपनी पूरी ज़िंदगी मैं एक्टिविस्ट रही हूँ। जो आज मणिपुर में हो रहा है वे बेहद डराने वाला है और मेरा ज़मीर मुझे दिल्ली बैठकर सिर्फ़ ट्वीट करने की इजाज़त नहीं देता। मैंने मणिपुर जाकर पीड़िताओं से मिलने का फ़ैसला किया है। इस संदर्भ में मणिपुर DGP को पत्र लिखा है। हम वहाँ जाकर पीड़िताओं से मिलकर फैक्ट फाइंडिंग रिपोर्ट सरकार को देंगे।