⦿ जब मैं शांति से चल रही थी तो पुलिस ने मुझे क्यों मारा?
⦿ ये रूल है कि एक मेल ऑफिसर किसी लड़की को नहीं मार सकता, तो एक पुरुष RAF ऑफिसर ने मुझे कैसे मारा?
⦿ Why did he try to jab a baton into my buttocks?
उस ऑफिसर को जिसने भी ऐसा करने का ऑर्डर दिया था, अगर वो माफी मांग ले, तो मुझे खुशी होगी।
: मुस्कान शर्मा जी
"हमें चुनाव आयोग की जवाबदेही तय करनी होगी"
◆ कॉकरोच जनता पार्टी के प्रमुख अभिजीत दीपके ने कहा
#AbhijeetDipke | @abhijeet_dipke | Abhijeet Dipke | CJP Protest | #CJP | Cockroach Janta Party
झारखंड: मंगलवार, 4 अगस्त की सुबह, बड़गांव में सैकड़ों लोगों ने मुहम्मद इमरोज़ के घर को घेर लिया। इसके बाद, भीड़ जबरन घर में घुस गई और उनके पूरे परिवार, जिसमें पुरुष और महिलाएं दोनों शामिल थे, के साथ मारपीट की तथा मुहम्मद इमरोज़ को घसीटकर बाहर ले गई और लाठी, रॉड और पत्थरों से उनकी बेरहमी से पिटाई की। इमरोज़ को बचाने की कोशिश करने वाले लोगों के साथ भी मारपीट की गई, और उसी दौरान भीड़ ने उनके पिता सुल्तान मियां को एक खंभे से बांधकर उनकी भी पिटाई की।
जैसे ही घटना की सूचना मिली, पुलिस मौके पर पहुंची, लेकिन पुलिस के पहुंचने के बाद भी भीड़ उसकी पिटाई करती रही। बाद में पुलिस ने किसी तरह उसे भीड़ से छुड़ाकर अपनी हिरासत में लिया और उसे टंडवा स्वास्थ्य केंद्र लेकर गई। वहां उसकी गंभीर हालत को देखते हुए बेहतर इलाज के लिए उसे हज़ारीबाग रेफर किया गया, जहां पहुंचने के बाद उसकी मौत हो गई।
बाद में अधिकारियों ने कहा कि एक नाबालिग लड़की, जो लापता थी, मंगलवार को अपने घर लौट आई और कथित तौर पर आरोप लगाते हुए अपने परिवार को बताया कि उसे मुहम्मद इमरोज़ के घर में बंधक बनाकर रखा गया था और उसके साथ यौन उत्पीड़न किया गया था। अधिकारियों के अनुसार, इस बयान के बाद सैकड़ों ग्रामीण मुहम्मद इमरोज़ के घर के बाहर इकट्ठा हो गए और उन पर हमला कर दिया।
हालांकि, पुलिस का कहना है कि नाबालिग द्वारा लगाए गए आरोपों की अभी तक पुष्टि नहीं हुई है। अधिकारियों के अनुसार, मामले की जांच जारी है और लड़की को चिकित्सीय परीक्षण के लिए भेजा गया है। प्रखंड विकास पदाधिकारी देवलाल उरांव ने कहा कि प्रशासन किसी भी निष्कर्ष पर पहुंचने से पहले मेडिकल रिपोर्ट का इंतजार कर रहा है।
मैंने खुद देखा था कि हमारी तरफ पैलेट गन लगाकर रखी गई थी। मेरे पीछे मुड़ते ही गन फायर कर दिया गया, जिससे मुझे चोट आई थी।
इसके बावजूद मुझे जब भी अन्याय के खिलाफ लड़ने का मौका मिलेगा, मैं जरूर लड़ूंगी।
: नूतन टोप्पो जी
इस देश में चपरासी की नियुक्ति भी परीक्षा से होती है लेकिन उच्च न्यायपालिका के जज की नियुक्ति बिना परीक्षा के होती है। क्या ये न्यायसंगत है?
कॉलेजियम सिस्टम खत्म होना चाहिए।
- श्री @sanjuydv जी, सदस्य राज्यसभा
रांची के इंस्पेक्टर साहब का पुलिस के जवानों को निर्देश-
"छात्रों के साथ किसी भी तरह का दुर्व्यवहार या बदसलूकी नहीं होगी!
हर छात्र से धैर्य, सम्मान और शालीनता से पेश आएं!
छात्रों के लोकतांत्रिक अधिकारों का सम्मान करें और उनकी बात सुनें!
ये हमारी ही जनता है, इनके साथ अच्छा सुलूक करे"
ये है झारखंड पुलिस 👇
Thank you every one and @RahulGandhi sir for all the love, support, appreciation it makes all the difference ♥️and I’d say haters but what they are doing is criminal so to whoever you serve, your narrative can’t change the reality.
xx
Rhiya
पिता — PM
दादी — PM
परदादा — PM
माँ — 6 बार MP
खुद — विपक्ष के नेता
फिर भी राहुल गांधी दिल्ली की सड़कों पर आराम से घूमते हैं, लोगों से मिलते हैं और उनके कुत्तों को प्यार करते हैं 😄
कोई इस इंसान से नफ़रत कैसे कर सकता है? 🥹
इबादत
सादिक
अब्दुल्ला
साहेब
फैजल
आजम
शब्बीर
इमरान
मुश्ताक और राजिक .
इनका नाम ही इनकी पहचान है और इनकी पहचान ही आज के दौर में इनकी सबसे बड़ी मुसीबत है . इस सबको एमपी पुलिस ने दंगा , आगजनी , मारपीट , घर में जबरन घुसने और विस्फोटक रखने के आरोप में गिरफ्तार किया था , मध्यप्रदेश पुलिस के मुताबिक ये सारे दंगाई थे लेकिन मध्यप्रदेश की ही अदालत ने इन्हें हिंसा और दंगा के आरोपों से बरी कर दिया है . अदालत ने अपने फैसले में ये भी पूछा है कि पुलिस ने आखिर इन 11 लोगों को किस आधार पर दंगे का आरोपी बनाया ? आज इंडियन एक्सप्रेस ने विस्तार से पूरी रिपोर्ट छापी है .
कोर्ट का ये फैसला एमपी सरकार के मुंह पर तो तमाचा है ही इस बात का भी सबूत है कि कैसे इस देश में मुसलमानों को दंगाई घोषित करके सलाखों के पीछे डाल दिया जाता है .
पूरा वीडियो मेरे यूट्यूब चैनल पर
Rahul Gandhi—BJP is Violent.
Modi (Stands Up)—Rahul Gandhi is calling the entire hindu religion violent.
Rahul Gandhi—Narendra Modi is not Hinduism, BJP is not Hinduism, RSS is not Hinduism.
Modi sat down!!😂😂
सालों तक "कोयला घोटाला" का झूठ बेचा गया।
CBI जांच का आदेश खुद डॉ. मनमोहन सिंह ने दिया था।
सुप्रीम कोर्ट ने सच सामने रख दिया।
अब RSS, BJP, गोदी मीडिया, केजरीवाल और मोदी देश से माफ़ी मांगें।
झूठ की राजनीति हार गई, सच जीत गया।