"समर शेष है, नहीं पाप का भागी केवल व्याध,
जो तटस्थ हैं, समय लिखेगा उनके भी अपराध"
17 दिन से आमरण अनशन पर बैठे @Wangchuk66 के लिए "ना मोदी बोलेगा - ना गोदी बोलेगा" आप अपनी अंतरात्मा से पूछिए आप कब तक खामोश रहेंगे ?
क्या आप किसी अनहोनी का इंतजार कर रहे है ?
मध्य प्रदेश के छतरपुर जिले के राजनगर थाना क्षेत्र के ग्राम कोड़ा में किसान मोतीलाल कुशवाहा जी पर गोली चलाने की घटना अत्यंत गंभीर और चिंताजनक है।
पीड़ित किसान के अनुसार, कथावाचक धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री के भाई शालिग्राम गर्ग और उसके साथियों द्वारा गरीब किसानों की जमीनें हथियाने की शिकायत को लेकर ज्ञापन देने पर उन पर गोली चलाई गई। यह घटना कानून-व्यवस्था पर गंभीर प्रश्नचिह्न खड़ा करती है
मुख्यमंत्री @DrMohanYadav51, शालिग्राम गर्ग का नाम पहले भी विवादों में सामने आ चुका है। कुछ समय पूर्व एक दलित परिवार की शादी में उत्पात मचाने और महिलाओं के साथ अभद्रता की घटना प्रमुख हैं। उस मामले की जांच अभी भी जारी है। यदि उस मामले में समय रहते प्रभावी कार्रवाई की गई होती, तो ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति पर अंकुश लगाया जा सकता था।
हम @MP_MyGov से मांग करते हैं कि इस पूरे मामले की निष्पक्ष, पारदर्शी और त्वरित जांच कराई जाए। जांच में जो भी व्यक्ति दोषी पाया जाए, उसके विरुद्ध उसकी सामाजिक, धार्मिक या राजनीतिक पहचान से ऊपर उठकर कानून के अनुसार कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
किसी भी किसान को भय, हिंसा या दबाव के बल पर अपनी जमीन छोड़ने के लिए विवश करना अस्वीकार्य है।
हम घायल किसान मोतीलाल कुशवाहा जी के शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की कामना करते हैं और आशा करते हैं कि उन्हें न्याय अवश्य मिलेगा।
Day 17 of Sonam Sir’s Hunger-Strike.
He has started losing muscle mass and is in immense pain. Like everyone else, I begged him to end his fast.
He calmly replied, “Don’t ask me to end my fast. Ask the govt why they won’t even have a dialogue.”
बस्ती जिले के बभनान नगर पंचायत अध्यक्ष प्रबाल मालानी जी है जो इस तरह सत्ता के नशे में चूर है कि इनके खिलाफ भ्रष्टाचार की खबर छापने वाले पत्रकार पर ही बिना किसी डर के उसके ऊपर हमला कर दिये क्या @bastipolice इन महोदय के ऊपर कार्रवाई करेगी @digbasti
कल मुख्यमंत्री जी हमारे जिले मै आ रहे है
उम्मीद है कि हमारे जिले की समस्या सुनेंगे और युवाओं के रोज़गार की उचित व्यवस्था करेंगे
क्योंकि हम युवा है हम जरूर पूछेंगे कल मुख्यमंत्री जी से की आप ने युवाओं के लिए क्या क्या किया अगर किया है तो युवा बेरोजगार क्यों है #हम_युवा_है
15 मई 2026 को मेरठ में दलित छात्रा ललिता गौतम का अपहरण कर निर्मम हत्या से जुड़े बाकी आरोपियों को जेल भेजने की मांग को लेकर कलेक्ट्रेट पहुंचे परिजनों और समाज के लोगों पर लाठीचार्ज तथा न्याय की मांग कर रहे प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया जाना भाजपा सरकार की दलित विरोधी और दमनकारी कार्यशैली को दर्शाता है।
मुख्यमंत्री @myogiadityanath जी, यदि पीड़ित परिवार इस मामले में अन्य लोगों की संलिप्तता का आरोप लगा रहा है, तो उनकी मांगों को दबाने के बजाय पूरे प्रकरण की निष्पक्ष, पारदर्शी और समयबद्ध जांच कराई जानी चाहिए। यह सुनिश्चित किया जाए कि कोई दोषी बचने न पाए और कोई निर्दोष फंसने न पाए। जांच में जो भी दोषी पाया जाए, उसके विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई की जाए तथा पीड़ित परिवार को शीघ्र न्याय दिलाया जाए।
मैं शीघ्र ही मेरठ पहुंचकर अपने इस परिवार से मुलाकात करूंगा।
दूसरों के जीवन के गहरे राज़ उजागर करने का दावा करने वाले ढोंगी बाबा, आज राम के नाम पर हुए इतने बड़े घोटाले के दोषियों का नाम बताने से क्यों डर रहे हैं? 'जान के खतरे' का बहाना बनाकर नाम लेने से बचने का स्वांग रच रहे हैं। जब ईश्वर की पर्ची के नाम पर इतना बड़ा धार्मिक व्यापार खड़ा कर दिया, तो आज ईश्वर के घर में हुई इस कथित लूट पर बाबा के चमत्कारिक दावे कहाँ गायब हो गए?
सच तो यह है कि चमत्कार के नाम पर सदियों से जनता को मूर्ख बनाया जाता रहा है। अब लोगों को समझ जाना चाहिए कि न्याय धर्मग्रंथों या पर्चियों से नहीं, बल्कि देश के संविधान, कानून और पुलिस की जांच से ही मिलेगा।
उत्तर प्रदेश के हरदोई जनपद के बिलग्राम थाना क्षेत्र में 12 वर्षीय दलित नाबालिग बच्ची के साथ सामूहिक दुष्कर्म की घटना बेहद शर्मनाक, अमानवीय और कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करने वाली है।
पीड़िता के परिजनों का आरोप है कि बच्ची 22 जून से लापता थी, लेकिन सूचना देने के बावजूद पुलिस ने उसी दिन शिकायत दर्ज नहीं की और अगले दिन एफआईआर दर्ज की। 28 जून को बच्ची के मिलने के बाद, परिजनों के अनुसार, उसे अत्यधिक रक्तस्राव हो रहा था। इसके बावजूद यदि उसका समय पर चिकित्सीय उपचार और मेडिकल परीक्षण नहीं कराया गया तथा महिला पुलिसकर्मियों द्वारा उसे डराने-धमकाने की भी शिकायत है। ये आरोप अत्यंत गंभीर हैं और इनकी निष्पक्ष एवं उच्चस्तरीय जांच होनी चाहिए।
परिजनों का यह भी आरोप है कि मामले में प्रारंभिक स्तर पर POCSO अधिनियम और SC/ST (अत्याचार निवारण) अधिनियम के प्रासंगिक प्रावधान भी लागू नहीं किए गए।
मुख्यमंत्री @myogiadityanath जी, आखिर बेटियों को समय पर न्याय और संवेदनशील पुलिस व्यवस्था कब मिलेगी?
हम @UPGovt से मांग करते हैं कि पीड़िता को तत्काल सर्वोत्तम चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जाए, मामले की निष्पक्ष, समयबद्ध और प्रभावी जांच कर सभी आवश्यक कानूनी प्रावधानों, जिनमें POCSO अधिनियम और SC/ST (अत्याचार निवारण) अधिनियम की लागू होने वाली धाराएं भी शामिल हैं, के तहत कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। पुलिस कर्मियों द्वारा लापरवाही, संवेदनहीनता या अनुचित व्यवहार पर सख्त विभागीय एवं कानूनी कार्रवाई की जाए। पीड़िता और उसके परिवार को शीघ्र न्याय मिले।
भीम आर्मी–आज़ाद समाज पार्टी (कांशीराम) की हरदोई टीम शुरुआत से ही पीड़ित परिवार के साथ मजबूती से खड़ी है और पीड़िता को न्याय दिलाने के लिए संघर्ष कर रही है।
@CMOfficeUP
जब पुलिस थाने से ही हथियार गायब होने लगें और उनके अपराधियों तक पहुंचने की आशंका हो, तो कानून-व्यवस्था पर जनता का भरोसा कैसे कायम रहेगा?
फरीदाबाद का मामला सिर्फ एक चोरी नहीं, बल्कि व्यवस्था की विश्वसनीयता की परीक्षा है। दोषियों को बेनकाब कर हर हथियार की बरामदगी सुनिश्चित की जानी चाहिए।
भाजपा राज में चोरी के नए-नए कीर्तिमान स्थापित हो रहे हैं।
कल शाम संत कबीर नगर जिले के बखिरा थाना क्षेत्र के बभनी चौराहे पर दलित युवक आनंद कुमार की निर्मम हत्या की घटना अत्यंत दुःखद, निंदनीय और कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करने वाली है।
परिजनों के अनुसार, कुछ दिन पूर्व एक शादी समारोह में आनंद कुमार की भांजी के साथ छेड़खानी को लेकर विवाद हुआ था, जिसका आनंद ने विरोध किया था। इसी रंजिश के चलते कल भाई आंनद कुमार की हत्या कर दी गई। यह घटना और भी गंभीर एवं चिंताजनक है।
हमारी संवेदनाएँ शोकाकुल परिजनों के साथ हैं। प्रकृति उन्हें इस असीम दुःख को सहन करने की शक्ति प्रदान करे। भीम आर्मी, आजाद समाज पार्टी की टीम पीड़ित परिवार के साथ मौके पर मौजूद है।
हम @UPGovt से मांग करते है कि इस जघन्य हत्याकांड में शामिल सभी आरोपियों को तत्काल गिरफ्तार कर उनके विरुद्ध कठोरतम कानूनी कार्रवाई की जाए। फास्ट ट्रैक कोर्ट में मुकदमा चलाकर दोषियों को कड़ी से कड़ी सजा दिलाई जाए तथा पीड़ित परिवार को उचित आर्थिक सहायता प्रदान की जाए।
यूपी की "सत्ता परिवर्तन यात्रा" मात्र यात्रा नहो बल्कि गरीबों,शोषितों,पीड़ितों,लाचारों के लिए "जीवन परिवर्तन यात्रा" है।
भाई चंद्रशेखर आज़ाद से उम्मीद ही नही अपितु पूर्ण विश्वास है कि उनके नेतृत्व मे "जनता-राज" स्थापित होगा।
@ASP4UP@AzadSamajParty