लखनऊ के दुबग्गा थाना क्षेत्र के टांडखेड़ा गाँव में शनिवार को उस समय हड़कंप मच गया, जब राजू यादव नाम का एक युवक पानी की ऊंची टंकी पर चढ़ गया और धमकी देने लगा।
युवक का कहना है कि “जब तक मेरे गाँव की सड़क नहीं बनेगी, तब तक मैं टंकी से नीचे नहीं उतरूँगा।” सूचना मिलते ही दुबग्गा पुलिस मौके पर पहुंच गई। पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी लगातार युवक को समझाने-बुझाने का प्रयास कर रहे हैं ताकि उसे सुरक्षित नीचे उतारा जा सके। यह घटना ऐसे समय सामने आई है जब उत्तर प्रदेश में अपनी मांगों को लेकर पानी की टंकियों, मोबाइल टावरों और ऊंची इमारतों पर चढ़कर विरोध प्रदर्शन करने की घटनाएं लगातार चर्चा में रही हैं। कई मामलों में लोगों ने सड़क, मुआवजा, बिजली, नौकरी और अन्य स्थानीय समस्याओं को लेकर इसी तरह का कदम उठाया है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि टांडखेड़ा की सड़क लंबे समय से खराब है और कई बार शिकायत के बावजूद समाधान नहीं हुआ। अब राजू यादव के इस कदम ने प्रशासन की कार्यप्रणाली पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। फिलहाल पुलिस की प्राथमिकता युवक को सुरक्षित नीचे उतारना है। प्रशासन का कहना है कि उसकी मांगों पर नियमानुसार विचार किया जाएगा।
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मानक नगर में शुक्रवार की देर रात युवती पर चाकू से जानलेवा हमला।घायल युवती को अस्पताल में भर्ती कराया गया है। आरोपी मौके से फरार है।
यह वीडियो केवल घटना की जानकारी और जागरूकता के लिए साझा किया जा रहा है। हम किसी भी तरह की हिंसा का समर्थन नहीं करते। पुलिस जांच कर रही है। किसी भी जानकारी के लिए पुलिस को सूचित करें।
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ब्रेकिंग न्यूज़
सिविल अस्पताल में नशे में धुत व्यक्ति का हंगामा कर्मचारियों में मची अफरा-तफरी
उसके उत्पात से बीती रात मरीजों, तीमारदारों और अस्पताल कर्मचारियों में दहशत का माहौल पैदा हो गया
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, व्यक्ति अस्पताल परिसर में काफी देर तक शोर-शराबा और अभद्र व्यवहार करता रहा
जिससे अस्पताल की व्यवस्था प्रभावित हुई। स्थिति बिगड़ती देख सिविल अस्पताल के सुरक्षा गार्ड ने स्थानीय पुलिस चौकी को सूचना दी
आरोप है कि सूचना के बावजूद चौकी से कोई पुलिसकर्मी मौके पर नहीं पहुंचा
इसके बाद अस्पताल कर्मचारियों ने तत्काल डायल 112 पर सूचना दी। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित किया
घटना का वीडियो भी सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें संबंधित व्यक्ति हंगामा करता हुआ दिखाई दे रहा है
घटना को लेकर अस्पताल कर्मचारियों ने सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठाए
क्या सरोजिनी नगर में टिकट की लड़ाई में राजेश्वर सिंह को टक्कर दे रही हैं स्वाति सिंह
सरोजिनी नगर विधानसभा क्षेत्र में भारतीय जनता पार्टी के वर्तमान विधायक डॉ राजेश्वर सिंह के विधानसभा चुनाव टिकट को लेकर फिलहाल तो कोई संशय नहीं नजर आ रहा है। इसके बावजूद 2017 विधानसभा चुनाव में भारतीय जनता पार्टी की ओर से जीतने वाली पूर्व मंत्री और वर्तमान मंत्री दयाशंकर सिंह की तलाकशुदा पत्नी स्वाति सिंह जरूर इस क्षेत्र में एक बार फिर से जनसंपर्क में लगी हुई हैं। फिलहाल राजेश्वर सिंह के सामने उनका टिकट मिलेगा यह बहुत दूर की कौड़ी है मगर पार्टी में दबाव के लिए स्वाति सिंह जरूर इस रणनीति पर चल रही है कि क्षेत्र में उन्होंने अपना जनसंपर्क बनाया हुआ है। यह भी संभव है कि राजेश्वर सिंह भविष्य में केंद्र की किसी जिम्मेदारी में हों। ऐसे वक्त में बीजेपी नेतृत्व को सरोजिनी नगर विधानसभा क्षेत्र को विकल्प के तौर पर स्वाति सिंह का नाम जरुर याद आ सकता है। हाल फिलहाल राजेश्वर सिंह विधानसभा चुनाव के अपने अभियान में लगे हुए हैं। मीडिया से लेकर सोशल मीडिया तक सेलिब्रिटी इवेंट से लेकर स्पोर्ट्स इवेंट तक और क्षेत्र में कानपुर लखनऊ एक्सप्रेसवे के पिलर पर हर ओर राजेश्वर सिंह ही नजर आ रहे हैं। ऐसे में स्वाति सिंह उनके मजबूत आधार में कोई झटका दे पाएगी इसकी संभावना कम है। मगर तैयारी राजनीतिक भविष्य की है और सभी अपना भविष्य देखते हैं। ऐसे में सरोजिनी नगर विधानसभा चुनाव के दौरान आप का रुख किधर होगा जरूर बताएं । सरोजिनी नगर विधानसभा को लेकर अपनी अगली किस्त में हम समाजवादी पार्टी के उम्मीदवारों की बात करेंगे। @RajeshwarS73@bjpswatisingh@BJP4UP
तो क्या पति-पत्नी में बदल जाएगा मलिहाबाद विधानसभा सीट का टिकट
भाजपा की राजनीति बहुत अजीबोगरीब है। यहां ऐसे ऐसे परिवर्तन देखने को मिलते हैं जो दांतों तले उंगली दबा देने को मजबूर करते हैं। अब 2022 के विधानसभा चुनाव का ही उदाहरण है जब स्वाति सिंह का टिकट सरोजिनी नगर से काट दिया गया था और उनके पति दयाशंकर सिंह को बलिया से टिकट दिया गया। इसके ठीक विपरीत दयाशंकर सिंह जो 2017 के चुनाव में टिकट के प्रबल दावेदार थे मायावती के खिलाफ गलत शब्द बोलने की वजह से उनको तब टिकट नहीं दिया गया था। ठीक ऐसी ही स्थिति अब लखनऊ की मलिहाबाद सीट पर भी होने जा रही है। भारतीय जनता पार्टी की अंदरूनी खबर रखने वाले विशेषज्ञ बताते हैं कि इस बार मलिहाबाद सीट पर वर्तमान विधायक जय देवी के लिए भारतीय जनता पार्टी को जिता पाना बहुत मुश्किल होगा। इसलिए पार्टी एस बार उनके पति कौशल किशोर को मलिहाबाद से चुनाव लड़ने पर गंभीरता से विचार कर रही है। कौशल किशोर 2014 और 2019 में मोहनलालगंज सीट से सांसद थे और वे मंत्री भी रहे। मगर 2024 में समाजवादी पार्टी की लहर में उड़ गए और उनको समाजवादी पार्टी के आरके चौधरी ने पराजित किया। फिर भी माना जा रहा है कि मलिहाबाद विधानसभा सीट पर पत्नी जय देवी के मुकाबले पति कौशल किशोर ज्यादा बेहतर उम्मीदवार साबित होंगे. जय देवी को लेकर क्षेत्र में काफी असंतोष है और मजे की बात यह है कि यह असंतोष उनके पति कौशल किशोर के प्रति नहीं है। इसलिए लखनऊ की इस ग्रामीण सीट में इस बार यह बड़ा परिवर्तन होने जा रहा है। विशेषज्ञों की बताई हुई यह जानकारी कितनी सही होगी यह तो वक्त बताएगा मगर एक बात तो तय है की जय देवी को लेकर मलिहाबाद के मतदाता संतुष्ट नहीं है। @mp_kaushal@BJP4UP
Save Lucknow ब्रेकिंग
जानलेवा सड़क पर अब विकास की रफ्तार: जनता की आवाज़ रंग लाई
वज़ीरगंज में शिक्षा भवन और परिवार कल्याण महानिदेशालय के सामने वाली सड़क वर्षों से लोगों के लिए मुसीबत बनी हुई थी। गड्ढों और जर्जर हालत के चलते यहां रोज़ हादसे हो रहे थे — रिक्शे पलटते थे, दोपहिया सवार गिरते थे, पैदल चलना भी खतरे से खाली नहीं था।
स्थानीय लोगों ने नगर निगम से लेकर क्षेत्रीय विधायक रविदास मल्होत्रा तक गुहार लगाई, पर नतीजा सिफर। फाइलें घूमती रहीं, सड़क जस की तस बनी रही।
आखिरकार थक-हार कर लोगों ने पार्षद राहुल मिश्रा का दरवाज़ा खटखटाया। जनता का दर्द समझते हुए पार्षद ने तुरंत मोर्चा संभाला और अपने कोटे से सड़क निर्माण शुरू करा दिया।
आज हालात बदल रहे हैं। जिस सड़क पर रोज़ हादसे होते थे, वहां अब निर्माण कार्य तेज़ी से चल रहा है। इलाके में राहत की लहर है। लोग कह रहे हैं — "जहां रोज़ गिरते थे लोग, अब वहां विकास की सड़क बिछ रही है।"
_Save Lucknow_ ने भी इस मुद्दे को लगातार उठाया। ये जीत सिर्फ एक सड़क की नहीं, बल्कि जनता की एकजुट आवाज़ की है। जब लोग चुप नहीं बैठते, तो व्यवस्था को जागना ही पड़ता है।
पार्षद राहुल मिश्रा का आभार। उम्मीद है, लखनऊ की बाकी जानलेवा सड़कें भी जल्द ऐसी ही पहल का इंतज़ार खत्म करेंगी।
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NEET री एग्जाम सेंटर के 50 मीटर के दायरे में कोई भी पार्किंग नहीं , न ही अभ्यर्थियों के गार्जियन खड़े हैं। जिन सेंटर की बाउंड्री छोटी है, उनके बाहर विशेष निगरानी । ये निर्देश लखनऊ के जॉइंट कमिश्नर बबलू कुमार ने शनिवार को पुलिस अधिकारियों को मीटिंग में दिए थे। रविवार 21 जून को लखनऊ के 75 सेंटर्स पर NEET का री-एग्जाम हो रहा है। #NEET_ReExam #neet @Uppolice@lkopolice
Breking news
KGMU के बाहर गुंडागर्दी, बेल्ट और डंडों से युवकों की पिटाई का वीडियो वायरल
वायरल वीडियो में कुछ युवक खुलेआम बेल्ट और डंडों से अन्य युवकों की पिटाई करते नजर आ रहे हैं।बताया जा रहा है कि यह वीडियो बीती देर रात का है।
टना के दौरान सड़क पर अफरा-तफरी का माहौल बना रहा, जबकि राहगीरों ने पूरी घटना को अपने मोबाइल कैमरों में कैद कर लिया।
ट्रॉमा सेंटर के पास पुलिस की मौजूदगी के बावजूद काफी देर तक मारपीट होती रही, लेकिन समय रहते कोई हस्तक्षेप नहीं हुआ। @Uppolice@lkopolice@myogiadityanath
लखनऊ में नियमों की जमकर उड़ाई जा रही शराबियों द्वारा धज्जियां
थाना वजीरगंज क्षेत्र के पंजाब सिंध बैंक के बिरहाना चौराहा के पास नियमो को ताख पर रखकर दुकान के बंद होने के बाद भी शराबी करते हैं आतंक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल
लोगों ने जब शराब की दुकान का वीडियो बनाया तो दुकानदार का कहना है मेरा पैसा पुलिस को जाता है जो कर पाना कर लो
वीडियो में भी देखा जा सकता दरोगा जी भी टहल रहे हैं वजीरगंज पुलिस नियमों की धज्जियां उड़ाती दिखी
वहीं कुछ दूर पर घनी आबादी भी है। क्या वजीरगंज पुलिस कोई बड़ी घटना का इंतजार कर रही है।
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मदरसा दारुल उलूम वारसिया में मनाया गया अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस।
मदरसे के बच्चों शिक्षक अभिभावकों ने यहाँ किया योग।
नवभारतम् फाउंडेशन के अध्यक्ष असरार अहमद मुख्य अतिथि के रूप में हुए शामिल।
शिक्षक अशरफ अली ने विभिन्न योगासन कराए और उनके लाभ बताए।
मदरसे में योग को स्वास्थ्य के लिए बताया लाभकारी।
योग से शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य बेहतर रहने का दिया संदेश। #yogaday #yoga
@myogiadityanath जी ध्यान दें, सुन रहे हैं कि लैंडपूलिंग के नाम पर LDA के कई अधिकारी करोड़पति बन गए
लखनऊ में सुल्तानपुर रोड पर वेलनेस सिटी और आईटी सिटी नाम की दो बड़ी टाउनशिप जिनकी घोषणा हुई है उसमें लैंड पूलिंग नाम की स्कीम लाई गई। इस स्कीम के तहत किसानों की जमीन लखनऊ विकास प्राधिकरण ने समझौते के आधार पर ली और बदले में उनका 25% विकसित प्लाट दिए जाएंगे। इस योजना की घोषणा करीब डेढ़ साल पहले लखनऊ विकास प्राधिकरण की ओर से कर दी गई। योजना बहुत लाभकारी है क्योंकि जिस जगह पर उदाहरण के तौर पर ₹100000 बीघा जमीन बिक रही है लैंड पूलिंग के बाद 25% विकसित प्लाट लगभग एक करोड रुपए से भी अधिक की कीमत का होगा। यानी की 100 गुना तक फायदा। सरकार किसानों को लाभ देने के लिए यह योजना लाई थी। मजे की बात यह है की योजना डेढ़ साल पहले घोषित की गई मगर जमीन की खरीद फरोख्त पर रोक नहीं लगाई गई। इसकी वजह से एक किसानों से आने पाई पर जमीन खरीद कर बड़े निवेशकों ने यहां पर लैंड पूलिंग LDA के साथ शुरू कर दी. जिस योजना का लाभ किसानों को मिलना था उसका लाभ निवेशकों मिलने लगा और अब अंदर की खबर यह है कि लखनऊ विकास प्राधिकरण के कई बड़े अधिकारियों ने भी यहां बड़े-बड़े जमीन के टुकड़े लैंड पूलिंग का फ़ायदा उठाने खरीद लिए हैं। किसी ने अपने किसी रिश्तेदार के नाम किसी ने ड्राइवर के नाम किसी ने नौकर के नाम किसी ने किसी अन्य के नाम बेनामी संपत्ति यहां खरीदी है जो कि भविष्य में नामांतरित होकर इस व्यक्ति के पास आ जाएगी। प्राधिकरण के एक आला अधिकारी के बारे में तो बताया जा रहा है कि उसने कई बीघा जमीन यहां बेनामी खरीद ली है। इस पूरे मसले की अगर जांच की जाए तो एक महा घोटाला सामने आ सकता है। लगातार सवाल उठाए जा रहे हैं कि जब किसानों से लैंड पूलिंग की जानी थी तो डेढ़ साल तक जमीन की खरीद फरोख्त क्यों नहीं रोकी गई आखिरकार अब जमीन की बिक्री क्यों रोकी गई
आईटी सिटी और वैलनेस सिटी में जमीन की प्रक्रिया पर रोक लगाने में लखनऊ विकास प्राधिकरण ने 1 साल की देरी कर दी. लैंड पूलिंग की घोषणा करीब डेढ़ साल पहले हुई और बिक्री अब रोकी गई. नतीजा यह हुआ कि किसानों की जगह निवेशकों को लैंड पूलिंग का फायदा हुआ. बड़े-बड़े बिल्डरों ने किसानों ने कम दाम पर जमीन खरीद कर लैंड पूलिंग में काफी फायदा अर्जित किया है. इसी से सबक लेते हुए लखनऊ विकास प्राधिकरण ने नैमिष नगर में लैंड पूलिंग से दूरी बना ली है.
लखनऊ विकास प्राधिकरण (एलडीए) का दावा है कि लैंड पूलिंग नीति के जरिए शहर में विकास को नई दिशा दी जा रही है. इस नीति में किसान अपनी जमीन एलडीए को देते हैं और बदले में विकसित प्लॉट पाते हैं. एलडीए के अनुसार किसानों को उनकी कुल जमीन का 25% विकसित आवासीय क्षेत्र या 50% अविकसित क्षेत्र मिलता है, जो सामान्य मुआवजे से 10 गुना तक ज्यादा फायदेमंद हो सकता है. आईटी सिटी और वेलनेस सिटी जैसी योजनाओं में इस नीति से सैकड़ों बीघा जमीन के अनुबंध हो चुके हैं.
लखनऊ जनकल्याण महासमिति के अध्यक्ष उमाशंकर दुबे ने बताया कि आईटी सिटी (सुल्तानपुर रोड) और वेलनेस सिटी में लैंड पूलिंग की घोषणा करीब डेढ़ साल पहले हुई थी. एलडीए ने बिक्री पर रोक लगाने में करीब एक साल की देरी की. नतीजा यह हुआ कि कई बड़े बिल्डरों और निवेशकों ने किसानों से सस्ते दामों पर जमीन खरीद ली. बाद में लैंड पूलिंग में इन निवेशकों को बड़ा फायदा पहुंचा. जबकि मूल किसान पीछे रह गए. उन्होंने बताया कि इस इलाके में सैकड़ो की संख्या में निवेशक आ चुके हैं बड़ी संख्या में नई रजिस्ट्री हुई है और इन्हीं लोगों ने लैंड पूलिंग करवा ली है. यह बड़ी गड़बड़ है जिसमें निवेशकों को करोड़ों का फायदा हो रहा है. यह फायदा किसानों को होना चाहिए था.
जानलेवा लापरवाही
मलिहाबाद क्षेत्र में बिजली विभाग की लापरवाही का आरोप, शॉर्ट सर्किट से लगी आग के बाद भी नहीं काटी गई बिजली
पावर हाउस मलिहाबाद क्षेत्र के मुंजासा अंडरपास से पहले हरदोई रोड पर बिजली विभाग की बड़ी लापरवाही सामने आने का आरोप लगा है।
बताया जा रहा है कि शॉर्ट सर्किट के कारण बिजली के तारों में आग लग गई।
स्थानीय लोगों के मुताबिक घटना की सूचना बिजली विभाग को दी गई, लेकिन इसके बावजूद काफी देर तक बिजली सप्लाई बंद नहीं की गई।
स्थानीय लोगों का कहना है कि अगर समय रहते बिजली काट दी जाती तो किसी बड़े हादसे को टाला जा सकता था।
मौके पर मौजूद लोगों में दहशत का माहौल बना रहा।
लोगों ने बिजली विभाग के अधिकारियों से मामले की जांच कर लापरवाही करने वालों पर कार्रवाई की मांग की है।
@aksharmaBharat@UPPCLLKO
यह वायरल वीडियो निशातगंज का है। इसमें एक लड़का लड़की को परेशान कर रहा है संभवत यह लड़का लड़की को पहले से ही जानता है। इसके बावजूद लड़की के साथ सार्वजनिक जगह पर किया जा रहा उसका व्यवहार अपराधिक है। इसमें मजे की बात यह है कि कुछ लोग वीडियो बना रहे हैं कुछ लोग अगल-बगल से देख कर निकल रहे हैं। कोई भी ऐसा नहीं है जो सड़क पर इस लड़के को उसके किए की सबक सिखाए। जब लड़की उसके व्यवहार से संतुष्ट नहीं है तो उसको कोई हक नहीं है वह इस तरह से उसका हाथ पकड़े। यह निश्चित तौर पर महिला उत्पीड़न के अंतर्गत आता है। दूसरी ओर हमारे समाज में वीडियो बनाने की यह बीमारी इस कदर बढ़ गई है कि हर चीज कंटेंट नजर आ रही है। हमको यह सोचना चाहिए कि कंटेंट बनाने की यह बीमारी बड़े अपराध की जड़ है। यह युवक इस लड़की पर जो अत्याचार कर रहा है इसकी खिलाफत ना करना भी अत्याचार है। @lkopolice@Uppolice
लखनऊ में गजब हो गया
लखनऊ में गजब हो गया है। मुख्तार की जमीन पर बने फ्लैट्स पर नया विवाद मुख्यमंत्री योगी ने लाभार्थियों को सौंपी थी चाभी, सिंचाई विभाग ने खाली करने का नोटिस चस्पा किया, एलडीए ने विकसित किए थे 72 फ्लैट्स 7 दिन में कब्जा हटाने की चेतावनी दी गई, नोटिस से आवंटियों में हड़कंप मच गया, लोगों के विरोध के बाद विभाग ने नोटिस हटाई, नोटिस वाली जगह पर बाद में रंग पोत दिया गया। @LkoDevAuthority@myogiadityanath
यह वीडियो सरोजनी नगर का बताया जा रहा है वीडियो दोपहर से वायरल है इस वीडियो में कहा जा रहा है कि जिस महिला की यह दो युवक बेरहमी से पिटाई कर रहे हैं वह उनकी चाची है। इस मामले में पुलिस से अनुरोध है कि वायरल वीडियो की पूरी जांच कर के देशों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की जाए। @Uppolice@myogiadityanath@lkopolice
दुखद घटना
पड़ोसियों के विवाद में वृद्धा की मौत, तीन आरोपी पुलिस हिरासत में। बंथरा थाना क्षेत्र स्थित मवई पड़ियाना गांव में पड़ोसियों के बीच हुए विवाद के दौरान छत से फेंके गए पत्थर की चपेट में आने से 75 वर्षीय सियावती रावत की मौत हो गई। घटना में उनका बेटा राजेन्द्र भी घायल हुआ है। पुलिस ने मामले में नामजद तीन आरोपियों—धर्मेन्द्र, गोविन्द और पंचम—को हिरासत में ले लिया है। क्षेत्र में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है।
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लखनऊ में ई रिक्शा वाले अराजकता के दूत बन रहे हैं। अपराध हो जाम हर जगह अव्यवस्था फैलाना इनका काम बन गया है। हरदोई रोड के एरा मेडिकल कॉलेज सफेद मस्जिद के सामान ई रिक्शा चालकों के बीच जम के मारपीट। एरा के गार्ड मूकदर्शक बने रहे। @Uppolice@lkopolice