@WarinaaHussain@AnandKu18668120 अबे गां*डू सबसे अधिक बाल विवाह हिंदुओं में होता है ये फैक्ट है आज भी हजारों की संख्या में हर दिन गाओं खेड़े में बाल विवाह हिंदुओं में होता है।
@AnandKu18668120@shubhankrmishra सीता की चु** हनुमान ने पार्वती की चू** हाथी ने फाड़ा और तेरी माँ की चू** सुवर ने फाड़ा तब जाके तेरे जैसा सुअर पैदा हुआ जो बुड्ढा तो हो गया लेकिन अपनी बेटी की चू** मुल्लों से फड़वाने के लिए आतुर है 😂😂
@AnandKu18668120@shubhankrmishra अरे बुड्ढा mc bc सुवर यौनि लिंग की पूजा करने वाला मेरे टोपे को चूस ले हरामखोर तेरी बेटी को भी चूसा दे मोक्ष प्राप्त होगा, रही बात तेरे लौडू जैसे करोड़ो भगवानों की तो बोलना सुरु कर दूंगा तो सबकी गान फाड़ दूंगा उनका कुकर्म भरा पड़ा है।
@AnandKu18668120@shubhankrmishra अबे भोंपू चुटीए ये एक स्कूल है बच्चों को हज उमराह करने की शिक्षा दे रहा है, लगता है मूत्र का सेवन कुछ ज्यादा कर लिया है, बेहतर होता अपने धर्म की नॉलेज लेता😂😂
@shubhankrmishra नफरत की बाजार में धन उगाई करने तेरे जैसा एक और गलीज बेशर्म बेगैरत आगया, जिसके पास अपने धर्म की खूबी बयान करने को कुछ नही सिर्फ इस्लाम को टारगेट करके trp बटोरना चाहता है,
@khan_Ahzam_@anasinbox अबे गंडमरे तेरा वो नचनिया चंदा चोर स्कूल के नाम पर गल्फ में जाकर चंदा इकट्ठा करने वाला आज तक एक स्कूल की बुनियाद न रख सका, वो हरामखोर अकबर ओवैसी की शान में कसीदे पढ़के मुजरा कर चुका है।
@AnilYadavmedia1 किस गवाइये चंदा खोर की तुलना किस्से कर रहा है मूर्ख, ओवैसी वो है जो सिर्फ चुनाव ही नही लड़ता 16 स्कूल कॉलेज इंजीनियरिंग कॉलेज हॉस्पिटल और भी अनगिनत इंस्टिट्यूट चलाता है, और इमरान चंदा चोर वो है जिसका एक प्राइमरी स्कूल भी नही न कोई छोटी सी क्लीनिक है, सिर्फ मुजरे करके पैसे लेता है
@AnilYadavmedia1@ShayarImran बाप मर गए अंधेरे में बेटा पावर हाउस, अबे अहिरा इमरान प्रतापगढ़ वाले का वो कॉलेज आज तक नही बन पाया जिसके चंदा से आज यहां तक पहुचा है, ओवैसी के पैरों की धूल भी नही है ये गवइया जिसकी फेकी हुई बोटी तू खाता है।
भाजपा ने जम्मू-कश्मीर के बेहद दर्दनाक हादसे पर बचकाना विज्ञापन छापकर साबित कर दिया है कि भाजपाइयों की संवेदना उनके प्रति शून्य है, जिन्होंने अपना जीवन खोया है और जिनके परिजनों पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। भाजपा अब ये विज्ञापन हटवा भी देगी तो भी उसका ये पाप उसके कट्टर समर्थक तक माफ़ नहीं करेंगे। भाजपा हमेशा आपदा में अपनी सत्ता और सियासत के लिए अवसर ढूँढती है। भाजपा अपनी सत्ता के सिवा किसी की सगी नहीं है। घोर निंदनीय!
जब जम्मू-कश्मीर में भाजपा सरकार ने सब कुछ अपने मन मुताबिक़ किया है तो वो इतने अधिक लोगों की असामयिक मौत के लिए अपनी ज़िम्मेदारी से पल्ला नहीं झाड़ सकती। ये केंद्र की सरकार की नाकामी है कि वो पहले से पता नहीं कर पायी कि देश के दुश्मन इतनी वीभत्स घटना को अंजाम देनेवाले हैं। ये कोई पहली बार नहीं हुआ है, भाजपा सरकार ने अगर पिछले हमलों से सबक लिया होता तो वो पहले से ही सचेत-सजग रहती और ऐसे हमलों को रोका जा सकता था, लोगों के जीवन को बचाया जा सकता था। संवेदनहीन भाजपाइयों से आग्रह है कि जिन परिवारों ने अपनों को खोया है, उनका दुख-दर्द समझकर कम-से-कम देश की सुरक्षा को तो जुमला न बनाएं। ये असीम दुःख की घड़ी है, इसको भाजपाई दिखावटी बैठकों से और झूठी संवेदनाओं से झुठलाने का कुकृत्य न करें।
भाजपाइयों और उनके संगी-साथियों के ख़िलाफ़ देश भर के करोड़ों लोगों के मन में उठ रहा, ‘गहरे दुख, रोष और क्रोध से भरा’ ये आक्रोशित सवाल गलत नहीं है कि ‘अगर भाजपाई और उनके संगी-साथी देश भर के पर्यटकों को जम्मू-कश्मीर के भ्रमण पर जाने के लिए प्रेरित कर रहे हैं तो उनकी सुरक्षा के पर्याप्त प्रबंध पहले से क्यों नहीं किये गये’? जहाँ हमला हुआ वो स्थान कोई निर्जन स्थान नहीं था बल्कि एक चर्चित पर्यटन स्थल था, तब ही तो वहाँ देश के कई प्रदेशों के पर्यटक उपस्थित थे। इतने प्रसिद्ध स्थान पर सुरक्षा के लिए बैठकें पहले करनी थी, लोगों के जीवन गँवाने के बाद नहीं। ये भाजपा सरकार की रणनीतिक चूक भी है लेकिन इससे उन भाजपाइयों को क्या फ़र्क़ पड़ता है जो स्वयं तो सुरक्षा के कई घेरों में चलते हैं लेकिन देशवासियों को मौत के मुँह में ढकेल देते हैं।
अगर भाजपा सरकार ये बहाना करती है कि हमारे पास सुरक्षा बलों की कमी है, तो इसके लिए भी भाजपा सरकार ही ज़िम्मेदार है। सुरक्षा बलों की संख्या घटाकर, दोयम दर्जे के सुरक्षा उपकरणों, अस्त्र-शस्त्र व युद्ध वाहनों को ख़रीदकर तथा अग्निवीर जैसी योजनाएं लाकर भाजपा देश की सुरक्षा से जो समझौता कर रही है, वो क्षम्य नहीं है। इस घटना के प्रतिशोध का कोई भी दावा, अब जनता को बहका नहीं सकता क्योंकि कोई भी प्रतिक्रिया, मृतकों के जीवन को वापस नहीं ला सकती है। जिस परिवार ने जो खो दिया, सो खो दिया।
सच तो ये है कि न तो देश की आज़ादी में भाजपाई और उनके संगी-साथियों ने कोई योगदान दिया न वो देश की आज़ादी को बचाने में कोई योगदान दे रहे हैं। लाख माफ़ी माँगने पर भी भाजपाइयों और उनके संगी-साथियों को न तो हमारे भारत देश का इतिहास माफ़ करेगा, न भविष्य।
दुख की इस घड़ी में हमारी सच्ची संवेदनाएं उन परिवारों के साथ हैं, जिन्होंने अपनों को खोया है।
श्रद्धांजलि!
@mdsirajofficial मुझे इस बात की खुशी है कि मुसलमानों को थोड़ा सा धार्मिक देखते ही भक्तों को अपना धर्म याद आता है अन्यथा वो गोबर खाने गौमूत्र सेवन करने में व्यस्त होते हैं।