तत्कालीन उ. प्र. की मुख्यमंत्री मा. मायावती जी द्वारा उत्तर प्रदेश सरकार की मासिक सांस्कृतिक पत्रिका का दलित साहित्य विशेषांक (सितम्बर-अक्टूबर 2002) मे लिखा गया संदेश. बहुजन समाज पार्टी के इस योगदान को कैसे भुलाया जा सकता है. यह क्रांति से कुछ कम नही था
मान्यवर कांशीराम जी ने अपने समाज के लिए अपना घर परिवार सबकुछ छोड़ दिया था पर आज समाज के कुछ गद्दार मान्यवर कांशीराम जी के तस्वीरों वाला झंडा जलाते हैं 😢😢
मैंने भीम आर्मी के शुरुआती उत्पाती तेवर देखकर कह दिया था कि चमार के नाम पर कलंक है चंद्रशेखर। यह बाबा साहब के नाम पर युवाओं को गुमराह करके उनका भविष्य बर्वाद कर रहा है। बहुजन आंदोलन में हिंसा उत्पात के लिए कोई जगह नहीं। यह उदितराज रामविलास, रामदास अठावले के पदचिन्हों पर चल रहा है
@NavalSi12744286 @SundeepOO7 अबे अक्ल के मुर्ख,दिमाग़ बेच खाया क्या ये विरोधियों द्वारा एक साजिश थी प्रदेश नेतृत्व को बदनाम करने की
ऐसे तो चंदू ने भी कांग्रेस से एक रैली का 20 लाख लिया था
बसपा से सभी राजनैतिक पार्टीया परेशान रहती है !
क्योकी ,उनको ये डर है कि ,अगर बसपा सत्ता मे आयी तो संविधान पुरी तरह से लागू होगा ! और हमारी कोई झोलाझेंडी नही चलेगी!
संगठन चाहे जितने भी बना लो साथियों लेकिन अगर सत्ता पर काबिज होना है तो राजनीतिक मंच केवल एक ही होना चाहिए। और वह है बसपा।
जय भीम।
#बसपा_का_शासन_संविधान_का_राज
साथियों मध्यप्रदेश उपचुनाव मे #बसपा भाजपा कांग्रेस को दिन मे तारे दिखाने जा रही है।
मप्र मे बसपा आ रही है।
युवाओं और पुराने कार्यकर्त्ताओ जोश एवं ख़ुशी लहर दिखाई दे रही है।
#MP_मांगे_BSP#बसपा_का_शासन_संविधान_का_राज