क्या आपने कभी सोचा कि WiFi दूसरे कमरे तक न पहुँचे तो बिजली की वायरिंग ही इंटरनेट का रास्ता बन सकती है?
अक्सर घरों में एक कमरे में WiFi तेज़ चलता है लेकिन दूसरे कमरे में सिग्नल बहुत कमजोर हो जाता है
नई LAN वायर डालना या दीवार में ड्रिलिंग हर बार possible नहीं होती ऐसे में एक simple और practical solution है
इस तकनीक का असली नाम है Powerline Ethernet Adapter
ये कैसे काम करता है
मुख्य राउटर के पास Adapter-1 को बिजली के सॉकेट में लगाइए और LAN केबल से राउटर से कनेक्ट कीजिए
इंटरनेट सिग्नल घर की बिजली की वायरिंग के ज़रिए फैल जाता है
दूसरे कमरे में Adapter-2 को सॉकेट में लगाइए
वहाँ से LAN या WiFi के ज़रिए stable इंटरनेट मिल जाता है
इसके फायदे
नई वायर या ड्रिलिंग की ज़रूरत नहीं मोटी दीवारों और multi-floor घरों में भी काम करता है
WiFi repeater के मुकाबले ज़्यादा stable और fast कनेक्शन देता है
कहाँ सबसे ज़्यादा useful पुराने घर मोटी RCC दीवारें
ऊपरी मंज़िल या दूर के कमरे
2025 में भारत में मिलने वाले मॉडल और कीमत
TP-Link TL-PA4010 Basic Powerline Adapter : ₹1500–2500
TP-Link TL-PA7017 AV1000 :₹3000–4000
TP-Link TL-WPA4220 WiFi Powerline Adapter : ₹4000–6000
D-Link DHP-601AV : ₹2000–3000
Netgear PL1000 : ₹3000–5000
Tenda P200 : ₹1000–2000
Tenda PH3 AV1000 : ₹2800–4000
कहाँ से खरीद सकते हैं Amazon, Flipkart, Croma, Reliance Digital
कमेंट में बताइए क्या आपने पहले ऐसा device यूज़ किया है या आप कौन सा model ट्राय करना चाहेंगे?
Disclaimer
इस डिवाइस की speed और stability घर की बिजली की वायरिंग की quality और same phase connection पर depend करती है
खरीदने से पहले product reviews और अपने घर की wiring condition ज़रूर check करें
@Journo_vivek भाई साहब इतना लंबी लाइन लिखने की कोई जरूरत नहीं सब जानते हैं कि NDA का जातिवादी गठबंधन महागठबंधन की जातिवादी गठबंधन से मजबूत था और शासन भी उनका था |और कोई बजह नहीं था बाकी सब बकवास है |
@Gyaneshwar_Jour Congress का vote ही कितना % है बिहार में जिसके एलान से हार गया | बात वो नहीं है mahagathbandhan के पास कमजोर जातिवादी गठबंधन था बस | आप अब महागठबंधन में फूट मत डालिए I
@HGangavara60614@askrajeshsahu ये कोई बात नहीं था मोदी जी भी 2 cr सालाना नौकरी की घोषणा किए थे नहीं दिए फिर भी लोगों ने जिताया | वो सब कुछ नहीं कमजोर जातिवादी गठबंधन रहा |