उन्हें शायद अभी यह भी नहीं पता कि उन्होंने क्या खोया है, लेकिन उनका दर्द सब कुछ कह देता है।
भोलेनाथ और माँ आदिशक्ति से यही प्रार्थना है कि वे इन सभी बच्चों और प्रभावित परिवारों की रक्षा करें, उन्हें साहस दें और हर पीड़ित को संबल प्रदान करें। 🙏🕉️
छोटी उम्र... लेकिन बहुत बड़ी ज़िम्मेदारी। 💔
नेपाल की त्रासदी के बाद सामने आई यह तस्वीर दिल को झकझोर देती है। एक नन्हा बच्चा अपनी छोटी बहन को संभाले हुए अपने माता-पिता को तलाश रहा है। उनके मासूम चेहरों पर दर्द और खरोंचें बहुत कुछ बयां कर रही हैं। 🥺🙏
😄कुछ पत्नियों का डाइट प्लान बड़ा गज़ब होता है—रोटी दो कम, सवाल दस ज़्यादा! 😂
बेचारा पति घर में "मेंटल टेस्ट" देकर थक जाए, तो अगला पड़ाव वृंदावन... और वहाँ श्री अनिरुद्धाचार्य महाराज जी की कथा सुनने पहुँच जाएँ—लगता है अब उनकी भी "परीक्षा" शुरू है! 😅🙏 😄
Dop Shiva Chaudhary
भावभीनी श्रद्धांजलि 💐🕯️
भोजपुरी सिनेमा के वरिष्ठ लेखक निर्देशक कौशल किशोर शर्मा जी को अश्रुपूरित श्रद्धांजलि।
आज, 27 अगस्त, भोजपुरी फिल्म जगत ने अपने एक अनुभवी और समर्पित लेखक निर्देशक को खो दिया। कौशल किशोर शर्मा जी का निधन फिल्म उद्योग के लिए एक अपूरणीय क्षति है।
प्रति समर्पण की गवाह हैं। उनके काम ने भोजपुरी सिनेमा को नई पहचान देने में महत्वपूर्ण योगदान दिया। उनकी लिखी हुई फिल्म बचनबद्ध हिंदी में मै एकसाथ हमलोग काम करने वाले थे।
ईश्वर दिवंगत आत्मा को अपने श्रीचरणों में स्थान दें और शोकाकुल परिवार,
उन्होंने अपने निर्देशन से ऐसी कहानियाँ पर्दे पर उतारीं, जिन्होंने दर्शकों के दिलों में अपनी अलग पहचान बनाई।
उनके निर्देशन में बनी "हमार बेटी", "मोहब्बत का खेल", "हमारी मांग का सेनूर", "पल्लू" और हिंदी फिल्म "बचनबद्ध" जैसी कृतियाँ उनके रचनात्मक दृष्टिकोण और सिनेमा के
दिल छू लेने वाली लाइन....
"महंगे गिफ्ट से ज्यादा कीमती वो पल होते हैं, जब पति कहे—चलो, आज सिर्फ तुम्हारी मुस्कान के लिए घूमने चलते हैं।" ❤️🌹🙏🪷🌹🌻🙏
Dop Shiva Chaudhary
पत्नी को गार्डन, पार्क, हिल स्टेशन घुमाना और कभी-कभी रेस्टोरेंट होटल में साथ खाना खिलाना सिर्फ खर्च नहीं, रिश्ते में निवेश है।
पत्नी को महसूस होता है कि उसकी खुशी भी परिवार जितनी महत्वपूर्ण है।
रोज़मर्रा की भागदौड़ से मन को सुकून मिलता है।
पति-पत्नी खुलकर बातें करते हैं,
जिससे गलतफहमियां कम हो सकती हैं।
साथ बिताए पल खूबसूरत यादें बन जाते हैं।
हंसी-मज़ाक से तनाव कम हो सकता है।
रिश्ते में अपनापन और भरोसा मजबूत होता है।
बच्चों के लिए भी प्यार और सम्मान की अच्छी मिसाल बनती है।
घर में आने से पहले ही सास-ससुर का हार्ट अटैक जरूर करवा देंगी! 😂🤣
जमाना बदल गया है मेरे कुँवारे छेड़ामंत्रियों संस्कार अब कैमरे के सामने दिखाए जाते हैं!
मुजराग्राम पर मुजरा करने वाली लड़कियों की संस्कृति संस्कार देखकर मन करता है आजीवन रांडवा रह जाना ही बेहतर है ।😂🤣