पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग का बड़ा बयान।
“कांग्रेस पार्टी जब चाहे मेरी टिकट काट दे। जब चाहे मुझे अध्यक्ष पद से हटा दे, चाहे कल सुबह ही हटा दे। लेकिन मैं कांग्रेस में ही रहूंगा, कहीं और नहीं जाऊंगा।
यूथ कांग्रेस से मेरा सफर पंजाब से शु��ू होकर दिल्ली तक पहुंचा। उस समय दिल्ली में हम बड़ी मुश्किल से एक कमरे में रहते थे। रहने के लिए भी बड़ी मुश्किल से पैसे जुटा पाते थे।
आज मैं कांग्रेस के टिकट पर सांसद बना हूं, दिल्ली में मुझे जो बड़ा सरकारी आवास मिला है, वह भी कांग्रेस की बदौलत है।
आगे कांग्रेस मुझे चुनाव न लड़वाए, टिकट न दे, अध्यक्ष पद से हटा दे, राहुल गांधी जब चाहें मुझे हटा दें। मेरा जीवन कांग्रेस को समर्पित है। मेरा जन्म कांग्रेस में हुआ है और मेरी मृत्यु भी कांग्रेस में ही होगी।”
क्या अपने आपको बहुत बड़ा नेता बताने वाले दूसरे लोग भी सार्वजनिक मंच से ऐसा एलान करने का साहस दिखा सकते हैं?
PM Modi and Amit Shah - you cannot threaten Gen Z into silence.
First you broke their bones. Now you are filing FIRs and taking down their accounts.
You are India’s past. Be careful about how you treat India’s future.
आमच्या गणपती मंडळांनी पाटपूजनानंतर पावतीपूजनाकडे वाटचाल सुरू केली आहे.
थोड्या दिवसांनी मूर्तिकाराचं पूजन करा.
हेच करत राहा.
तोवर जैन,मारवाडी तुमच्या बुडाखालच्या इमारती ताब्यात घेतील.
तुम्ही त्यांनी होलसेलमध्ये वाटलेल्या टीशर्ट आणि चड्ड्यांवर फिरा.
आमचे पुढारी जैनांचे स्लीपिंग पार्टनर किंवा कमिशन एजंट आहेत.
ते तुम्हाला तलासरीच्या पलिकडे नेतील. मग तिथून रेल्वेने प्रवास करून मरा.
जमलं तर त्यावर कविता करा.
तुम्ही डीजे, ढोलताशे यात रमा.
पूर्वगौरवात रमलेल्या समाजाचे देखावे उभे करा.
त्याचं स्टेटस ठेवा.
तोवर मुंबई अदानी-लोढाच्या माल��ीची होईल.
तेव्हा कुठल्या गल्लीचा,रस्त्याचा राजा तुम्हाला वाचवणार आहे ते लक्षात ठेवा.
आज संसद में मेरे भाषण के दौरान मैंने दिल्ली में छात्रों पर हुई बर्बरता का मुद्दा उठाया और इसके ज़िम्मेदार का नाम लिया - गृह मंत्री अमित शाह।
मुझे BJP ने ���ोलने नहीं दिया।
आज शाम 6 बजे - प्रेस कॉन्फ्रेंस करूंगा और वो सब कहूंगा जो सदन में कहने नहीं दिया गया।
माइक बंद कर सकते हैं - छात्रों की गूंज नहीं।
This happened in 2025
Rahul Gandhi –– Do you hate someone?
Student –– Yes i hate Nitish Kumar
Rahul Gandhi –– Why?
Student –– Because of the government he is running
Rahul Gandhi 🔥 –– Disliking a leader is okay, you can have anger but never hate anyone for such reasons. Hate is not a good thing
RaGa himself is the most trolled politician especially online by IT Cell, took all the hatred for 12 years but always stands up for others
Peak kindness ❤️
📍इस्तीफे पर राहुल गांधी ने रियेक्ट किया और दो डिमांड सरकार के सामने रखी और हमला बोला
🗣️ शाबाश देश भर के छात्रों, आप सभी पर गर्व है।
सड़कों पर आ कर लोकतंत्र, संविधान और अपने भविष्य की रक्षा में डट कर खड़े होने वाले हर एक युवा, हर छात्र को बहुत-बहुत बधाई।
📌 2 मांगें अभी भी बाकी हैं -
प्रधानमंत्री छात्रों और भारत के भविष्य को सम्मान देते हुए माफ़�� मांगें और छात्रों पर हिंसा के दोषियों पर कार्रवाई हो।
ये समाज के दूसरे वर्गों किसानों, मजदूरों, गरीबों, हर वो व्यक्ति जिसे इस सरकार ने दबाया है, कुचला है - अपने सम्मान के लिए संवैधानिक तरीके से डटकर खड़े होने में ही असली साहस है।
2014 : "Rahul Gandhi is Pappu"
2015 : "Rahul Gandhi is Pappu"
2016 : "Rahul Gandhi is Pappu"
2017 : "Rahul Gandhi is Pappu"
2018 : "Rahul Gandhi is Pappu"
2019 : "Rahul Gandhi is Pappu"
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2024 : "Rahul Gandhi is Pappu"
2025 : "Rahul Gandhi is Pappu"
2026 🔥 : Rahul Gandhi brought the government on knees and forced the first ever resignation under BJP govt for the last 12 years
The stature will skyrocket from here 🗿
समस्त देशवासियों को आषाढ़ी एकादशी की हार्दिक शुभकामनाएँ।
आषाढ़ी एकादशी केवल आस्था और भक्ति का पर्व नहीं, बल्कि मानवता, बराबरी और सामाजिक एकता का भी संदेश देती है। यह पावन अवसर हमें विश्वास, सेवा और सद्भाव के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देता है तथा जाति, धर्म और पंथ से ऊपर उठकर प्रेम, भाईचारे और पारस्परिक सम्मान के मूल्यों को सुदृढ़ करने का आह्वान करता है।
मेट्रो बंद करो।
रास्ते बंद करो।
दुकानें बंद करो।
Internet बंद करो।
खाना बंद करो।
अपना हक़ मांग रहे छात्रों के ख़िलाफ़ सरकार ने ये क्रूर कदम उठाए।
बस एक चीज़ बंद नहीं कर पाए, मोदी जी - पेपर लीक।
🇮🇳 A joke about cockroaches has turned into one of India’s biggest youth-led protests in years, exposing a growing frustration over jobs and education.
The “Cockroach Janta Party” started online after a Supreme Court remark comparing unemployed young people to cockroaches.
What began as satire quickly became a movement focused on a deeper issue: millions of young Indians struggling to find jobs despite the country’s economic growth.
The anger has been fueled by repeated exam scandals, paper leaks, and concerns that degrees are not translating into opportunities.
Protests have now moved from social media to the streets of New Delhi, with clashes between demonstrators and police.
The bigger challenge for Modi’s government is managing a generation that feels left behind by India’s rise story.
Source: Bloomberg / Writer: Lucas
भाजपाने राहुल गांधी यांच्या नेतृत्वाखाली पंतप्रधान निवासाबाहेर झालेल्या आंदोलनाचा सूड उगवत काँग्रेस कार्यालयाबाहेर आंदोलन केले. हीच खरी "चोराच्या उलट्या बोंबा" म्हणावी लागेल.
आज राहुल गांधी यांच्या समवेत सर्व विरोधी पक्षांचे खासदार गांधी स्मृती येथे जाऊन महात्मा गांधींना अभिवादन करत आहेत.
आता उत्सुकता एवढीच आहे की, भाजपा नेते यावर उत्तर म्हणून अंबाला जेलला जातील की पुण्यात नथुराम गोडसेच्या घरी?
Right now, MPs and leaders of the INDIA alliance are peacefully heading to Gandhi Smriti on Tees January Marg.
We go to remember the students we lost - the children driven to take their own lives after the NEET paper leak.
And we go to stand with the students who lie injured today - beaten for peacefully demanding justice and accountability.
India’s students are not alone. The entire Opposition stands with them and their demands.
अभी, INDIA गठबंधन के सांसद और नेता शांतिपूर्ण तरीके से तीस जनवरी मार्ग पर गांधी स्मृति जा रहे हैं।
हम उन छात्रों को याद करने जा रहे हैं जिन्हें हमने खो दिया - वे बच्चे जिन्हें NEET पेपर लीक के बाद अपनी जान देने के लिए मजबूर होना पड़ा।
और हम उन छात्रों के साथ खड़े होने जा रहे हैं जो आज घायल हैं - जिन्हें न्याय और जवाबदेही की शांतिपूर्ण मांग करने पर पीटा गया।
भारत के छात्र अकेले नहीं हैं। पूरा विपक्ष उनके और उनकी मांगों के साथ खड़ा है।