🚨 ब्रेकिंग:
बांग्लादेशी स्वतंत्रता सेनानी फ़ज़लुर रहमान ने संसद में राम मूर्ति मुद्दे पर कहा—
“1204 से पहले यह भूमि हिंदुओं और बौद्धों की थी। हिंदू जितनी बड़ी चाहें मूर्ति बनाएं। जिन्हें दिक्कत है, वे धर्म के व्यापारी हैं। मैं अपनी मस्जिद में नमाज़ पढ़ूंगा, वे अपने मंदिर में पूजा करेंगे।”
रेलवे स्टेशन है या कर्बला का मैदान!
जहां देखो हथियार निकालकर मुस्लिम कट्टरपंथियों का प्रदर्शन शुरू हो जाता है!
मुहर्रम के दौरान बिहार के भागलपुर में पीरपैंती रेलवे स्टेशन पर कट्टरपंथी मुसलमानों ने तलवार के साथ जुलूस निकाला!
"रावण ने तो केवल माता जानकी जी का हरण किया था... आपने लाखों लोगों की श्रद्धा चुरा ली। करोड़ों लोगों का भरोसा चुरा लिया।
जिसको बुरा लगे या भला लगे, हम कह सकते हैं। रावण का परिवार समेत नाश हुआ था। दान चोरी करने वाला भगवान से महादंड पाएगा."
टाटा और पतंजलि के नाम पर कथित तौर पर नकली नमक बनाकर बेचा जा रहा था। धनबाद पुलिस ने छापा मारा तो फैक्ट्री संचालक हाथ जोड़कर कहने लगा— "सर, मेरी शादी तय है, फोटो मत छापिए!🤡
यह बात साफ़ होती जा रही है कि भारत में हो रहे कई सड़क-प्रदर्शन असल में राजनीतिक सत्ता बदलने के लिए बाहर से फंड किए गए अभियान हैं।
जबकि आम नागरिकों और छात्रों को सड़कों पर उतरने और ज़मीनी स्तर पर नतीजों का सामना करने के लिए उकसाया जाता है, वहीं उन्हें नचाने वाले लोग विदेशों में आराम से अपनी सुरक्षित जगहों पर बैठे रहते हैं।
जैसा कि वीडियो में दिखाया गया है, अमेरिका में रहने वाले डिजिटल एक्टिविस्ट उस्मान फ़ैज़ान अली खुलेआम मानते हैं कि वे जंतर-मंतर पर अशांति फैलाने के लिए हर हफ़्ते हज़ारों रुपये लगाते हैं। हज़ारों मील दूर बैठे ये लोग स्थानीय मुद्दों को हथियार बनाते हैं, भड़काऊ पोस्टरों के लिए फ़ंडिंग करते हैं और अफ़रा-तफ़री फैलाने के लिए सोशल मीडिया का इस्तेमाल करते हैं, जबकि वे खुद इन सबके नतीजों से पूरी तरह सुरक्षित रहते हैं।
सबसे चिंता की बात यह है कि अलग-अलग आंदोलनों में काम करने का तरीका एक जैसा ही रहता है। मौजूदा खबरों के हिसाब से विरोध-प्रदर्शन का नाम और वजह तो बदल सकती है, लेकिन उन्हें समर्थन देने वाले लोग वही रहते हैं। उनका मुख्य मकसद घरेलू मुद्दों को सुलझाना या भारत के युवाओं को सशक्त बनाना नहीं है, बल्कि राजनीतिक कारणों से लोकतांत्रिक रूप से चुनी गई सरकार को अस्थिर करने के लिए समाज में गहरी फूट डालने वाला और भारत-विरोधी नैरेटिव फैलाना है।
बुध वक्री
इसको लेकर भय का माहौल बनाया जा रहा है, लेकिन क्या ये उतना खतरनाक हो सकता मार्केट के लिए ?
नही
क्या संभावनाएं हैं ?
Good :-
कोई भी ग्रह जब वक्री होता तो वो अपने पुराने काम जो बाकी रह गए उन्हे पूरा करने जाता है।
फिलहाल विश्व स्तर और भारतीय अर्थव्यवस्था के लिए कई पुराने काम बाकी है -
1. ईरान यूएस डील
2. यूएस इंडिया ट्रेड डील
3. टैक्स में छूट
चूंकि बुध व्यापारिक ग्रह है तो कोशिश करेगा इसमें से कुछ फाइनल हो, तो वक्री पीरियड में इनसे जुड़ी खुशखबरी आपको देखने को मिल सकती है।
Bad :-
वक्री ग्रह रिवर्सल भी देता है इसका प्रभाव वक्री होने से 4 5 दिन पहले ही शुरू हो जाता है, इसलिए वैश्विक मार्केट में गिरावट देखी गई, तो कुछ स्टॉक जो न्यू हाई या 52 वीक हाई पर ट्रेड कर रहे है उनमें करेक्शन देखने को मिल सकता है, इसका असर निफ्टी पर भी पड़ सकता।
वक्री बुध के कारण इस बार अधिकांश कंपनी के तिमाही नतीजे कमजोर आ सकते है।
#Nifty
#Giftnifty
#Tradedeal
#Cruide
#Gold
पुलिस की वर्दी क्या पहन ली, मानो राजा हो गए। जिसको देखो वही आम जनता को प्रताड़ित करने में लगा है। आखिर बेचारी जनता करे तो क्या करे? पुलिस से शिकायत करे या पुलिस से ही दूर भागे?
संसद में छात्रों के नाम पर बड़े-बड़े भाषण... 🗣️
और केरल में उन्हीं छात्रों पर वाटर कैनन का प्रहार! 🌊
एक तरफ युवाओं के हक की झूठी बातें...
दूसरी तरफ बेंगलुरु में कांग्रेस की रैली के कारण बच्चों का NEET एग्जाम छूट गया! 😡
क्या यही है असली 'छात्र प्रेम'? 🤔
जब अपने शासित राज्यों में छात्रों पर जुल्म होता है, तब ये मौन क्यों रहते हैं? 🤫
छात्रों के भविष्य के साथ यह दोहरा रवैया अब नहीं चलेगा। 🚫
सच आपके सामने है, इसे छुपने मत दीजिए। 👁️
आवाज दबनी नहीं चाहिए! 🇮🇳
वीडियो देखें और हर युवा तक पहुँचाएँ। 👇
रात होते ही थाईलैंड बन जाता है नोएडा का गौर चौक..
छलकती शराब के बीच मटन - चिकन की दिल खोल कर दावत...
बिसरख थाने की पुलिस चौकी से सटी बाउंड्री में पूरी रात सुनाई देती हैं शराबियों की गालियां,
जब आबकारी विभाग लेता है खर्राटे तब थार और फॉर्च्यूनर से आए पियक्कड़ों की होती है दावत.
सहम कर गुजरती हैं बहन बेटियां इस इलाके से.. शिकायतों पर चलता है सेटिंग का खेल..
पूरा और विस्फोटक खुलासा कल शुक्रवार रात 9 बजे.. सुदर्शन न्यूज पर.
#Noida #UP @noidapolice@Uppolice@CP_Noida@dgpup
सोडा शॉप पर काम करने वाले अब्दुल रशीद ने स्कूल जाने वाली एक नाबालिग हिंदू लड़की से दोस्ती की और सड़क पर उसे चूमते और गले लगाते हुए पकड़ा गया।
बजरंग दल ने उससे पूछताछ की, तो उसने पहले तो इनकार किया, लेकिन कुछ थप्पड़ के बाद उसने अपना गुनाह कबूल लिया।
आप लोग मुंबई की हिंदू मराठी लड़की करिश्मा भोंसले को भूल गए होंगे
आज संजय राउत और उद्धव ठाकरे दिन में 10 बार मराठी मानुष बात करते हैं
मानखुर्द एरिया में रहने वाली करिश्मा भोंसले जो कंपटीशन की तैयारी कर रही थी वह बगल में मस्जिद के लाउडस्पीकर जिसमें एमप्लीफायर लगाकर अजान होता था तकरीरें होती थी
फिर करिश्मा भोसले मस्जिद में रिक्वेस्ट करने गई की कुछ दिनों के लिए आप लोग आवाज कम कर दीजिए
उसके बाद उद्धव ठाकरे सरकार ने इस मराठी हिन्दू लड़की के खिलाफ ही कारण बताओं नोटिस जारी करके गिरफ्तारी का नोटिस भेजा था