हमने तो पहले ही कहा था कि CCTV का नाम ‘चढ़ावा-चोरी TV’ साबित होगा। जिन लोगों ने ‘सत्रह’ बार लूटा वो सैंकड़ों साल से इतिहास में बदनाम हैं, जिन्होंने केवल 40 दिन में ‘सत्तर’ बार लूटा वो तो इतिहास में इस महापाप के लिए ‘सात’ जन्मों के लिए काले अक्षरों में दर्ज़ हो जाएंगे। ये सोचा जाए जिन्होंने सात हफ़्ते में इतनी चोरी कर ली है, उन्होंने पिछले इतने सालों में कितना चुराया होगा, कितना आपस में बाँटा होगा, कितना चुपके से छुपाया-दबाया होगा और कितना अपने मुखिया तक पहुँचाया होगा।
अखंड निंदनीय!
कम से कम नोएडा के एक चैनल ने तो करोड़ों राम भक्तों की ओर से सीना ठोक कर चंदा चोरों से सवाल पूछने की हिम्मत की।
पत्रकार विपिन चौबे ने बहादुरी का परिचय दिया 👍 @TV9Bharatvarsh
जिन लोगों ने गांव में Jio Fiber कनेक्शन लिया है — क्या वाकई स्पीड मिल रही है या सिर्फ बिल ही भर रहे हैं?
कनेक्शन का नाम तो फाइबर है , पर क्या स्पीड देखकर लगता है जैसे फिर से 2G/3G का जमाना लौट आया हो।
क्या YouTube बिना बफर चलता है? क्या ऑनलाइन क्लास या मीटिंग बिना रुकावट होती है?
या हर कुछ मिनट में नेटवर्क एरर लिखकर बंद हो जाता है?
जरा सच्चाई बताइए —>>
क्या ₹700–₹1000 महीने भरने के बाद भी आपको सही इंटरनेट मिलता है?
या फिर सिर्फ “5G रेवोल्यूशन” का नाम सुनकर ठगा जा रहा है?
अपने अनुभव नीचे शेयर करें और @reliancejio को टैग करना न भूलें,
ताकि उन्हें भी पता चले गांव की असली डिजिटल हालत क्या है।
आज हर कोई दो सिम रखता है — एक इंटरनेट के लिए , दूसरा सिर्फ जरूरत पड़ने पर कॉल के लिए।
लेकिन उस दूसरे सिम को चालू रखने के लिए भी हर महीने ₹200-₹300 का रिचार्ज ठोकना पड़ता है।
ना इंटरनेट चाहिए , ना रोज बात करनी फिर भी लूट जारी है।
Jio , Airtel , Vi सबने मिलकर जनता को निचोड़ने का धंधा बना लिया है।
हर जगह “अनलिमिटेड” का झांसा लेकिन कोई सस्ता प्लान नहीं।
TRAI बस सो रहा है या शायद कंपनियों की जेब में बैठा है।
गरीब और मिडिल क्लास लोग जो अपने घरवालों, बुजुर्गों या काम के लिए दूसरा नंबर रखते हैं , उनसे जबरदस्ती पैसा वसूला जा रहा है।
सवाल सीधा है — जब इंटरनेट नहीं चाहिए, तो क्यों महंगा रिचार्ज कराओगे?
क्यों नहीं ₹50-₹100 का सस्ता प्लान लाते, जिसमें बस 100-200 मिनट कॉल और थोड़ा SMS हो?
हर चीज महंगी, अब बात करना भी लग्जरी हो गया है। TRAI और कंपनियां मिलकर गरीब का खून चूस रही हैं।
अब जनता बोलेगी सस्ता प्लान दो , वरना बंद करो ये लूट।
उ प्र परिवहन की बस मे कंडक्टर पैसे लेकर टिकट काटकर शेष रूपये पीछे लिख देते है
और चुपके बैठे रहेगे वापस मांगने पर आगे चलो वापस कर रहे है बस भूल गये तो पैसा गया
इसपर लगाम लगे श्रीमान @UPSRTCHQ@Lko_VivekSharma
भारत के करोड़ों ग्रामीण उपभोक्ता आज भी एयरटेल, जियो और वोडाफोन पर निर्भर हैं —
पर मिला क्या? ना नेटवर्क स्थिर, ना कॉल साफ़, ना 5G की रफ़्तार का कोई पता।
महंगे प्लान हर महीने बढ़ रहे हैं,
लेकिन सर्विस अब भी “No Service Area” में अटकी है। 📶
TRAI और संचार मंत्रालय दोनों ऐसे बैठे हैं
जैसे काम सिर्फ कंपनियों का मुनाफ़ा गिनना हो, जनता की पीड़ा नहीं।
गाँवों में कॉल ड्रॉप, डेटा कटना और नेटवर्क गायब होना अब रोज़ की बात है — मानो हर मोबाइल टॉवर अब बस फोटो खिंचवाने के लिए खड़ा हो। 🏗️
तो सवाल साफ़ है — जब जनता पूरा पैसा देती है, तो आधी सेवा क्यों मिलती है?
अब चुप रहने का नहीं, बोलने का समय है — अपने एरिया का नाम और समस्या टैग करो, शिकायत करो, जवाब माँगो।
क्योंकि ये “Digital India” नहीं,
👉 Digital Loot India बन चुका है। 💰📵
जब कोई अम्बेडकरवादी हो और सार्वजनिक पद पर भी हो लेकिन अचानक अन्दर से अंबेडकरवाद जग जाए तो वो मनुवाद की जड़े भी हिला सकता है।
BR गवई ने कुछ ऐसा ही उदाहरण पेश किया है।
अंबेडकरवाद जिंदाबाद , मनुवाद मुर्दाबाद
#We_Stand_With_BR_Gavai
भारत के चीफ जस्टिस भूषण रामकृष्ण गवई जी ने गलत क्या बोला जो भी बोला है बिल्कुल सही बोला है तुम्हें जो उखाड़ना है वो उखाड़ लो।
जय भीम ✊जय भारत ✊ जय संविधान ✊
#We_Stand_With_BR_Gavai#गवई_साहब_जिंदाबाद
. बाबासाहब अम्बेडकर के अनुयायियों को जब भी देश के शीर्ष पदों पर मौका मिला है उन्होंने मनुवाद की जड़ों में तेज़ाब डालने का काम किया है !
साक्ष्य आपके सामने हैं !!
#We_Stand_With_BR_Gavai#We_Stand_With_BR_Gavai