हां हम ब्राह्मण हैं,किंतु जातिवादी भिखारी नहीं,
जो ब्लू टिक ले कर payout के लिए धार्मिक आस्था व जातिवादी मुद्दों पर भड़काऊ पोस्ट करे,
हां हम वहीं ब्राह्मण हैं जो समाज हित,राष्ट्र हित
व नियम कानून के प्रति प्रतिबद्ध है,
क्या अब आप सभी मुझसे जुड़ेंगे.?
Follow----👉 @subhamt356
ST/SC इतना खतरनाक हो गया है हम सामान्य लोगों के लिए की अगर कोई दलित आपके घर आ कर आपको गाली दे तो आपको सूनना पढ़ेगा, अन्यथा थाने पुलिस का सहारा लेने पर सूलहनाम करना पड़ेगा, धिक्कार है ऐसे Act पर, ऐसे में समानता नहीं असमानता ही असमानता है
आरक्षण के भीख लिए बिना ही जग में छाने वाले ब्राह्मण, धरती पर झंडा लहराकर अम्बर जाने वाले भी ब्राह्मण,
शादी और श्राद्ध करा कर मुक्ति दिलाने वाले भी ब्राह्मण,
और अब कुछ निल्लचट्टो, सूवरो को खटक रहें है पाठ कराने वाले ब्राह्मण.
जी श्री परशुराम...🙏🏻
आरक्षण के भीख लिए बिना ही जग में छाने वाले ब्राह्मण, धरती पर झंडा लहराकर अम्बर जाने वाले भी ब्राह्मण,
शादी और श्राद्ध करा कर मुक्ति दिलाने वाले भी ब्राह्मण,
और अब कुछ निल्लचट्टो, सूवरो को खटक रहें है पाठ कराने वाले ब्राह्मण.
जी श्री परशुराम...🙏🏻
मेरी मां दीदी की मौत से कुछ मिनट पहले का विडियो है,,
जिसमें साहब लोगो से भीख मांग रही है साहब गरीबों को सताओ नही,,
अब उसी साहब के कहने से @kanpurdehatpol पीड़ित परिवार को जेल में डालने वाले है,,
@myogiadityanath जी आपकी पुलिस की , कितनी निर्दय, निठूर, हैं
जीरो टॉलरेंस कहा है
ST/SC इतना खतरनाक हो गया है हम सामान्य लोगों के लिए की अगर कोई दलित आपके घर आ कर आपको गाली दे तो आपको सूनना पढ़ेगा, अन्यथा थाने पुलिस का सहारा लेने पर सूलहनाम करना पड़ेगा, धिक्कार है ऐसे Act पर, ऐसे में समानता नहीं असमानता ही असमानता है
ओबरा विधायक/राज्यमंत्री संजीव कुमार गोंड के गृह जनपद सोनभद्र की जनता को कूड़ा निस्तारण तक मुहैया नहीं करा पा रही भाजपा सरकार।
10 साल में कूड़े का ठिकाना नहीं बना, पर मंत्री जी की जमीन बैनामा हो गई! किसका निस्तारण पहले होगा?
@DmSonbhadra@UPGovt@SBM_UP@MoHFW_INDIA@EMofficeUP
UPSC पेपर के बाद एक बात पूरी तरह स्पष्ट हो गई है कि
सिर्फ कोचिंग नोट्स पढ़कर इस परीक्षा को निकालना लगभग असंभव है.
UPSC अब तथ्यों की जानकारी नहीं, बल्कि समझ, विश्लेषण क्षमता, interlinking और balanced thinking को परख रही है.
इसलिए तैयारी का फोकस होना चाहिए:
• NCERT (6-12) से मजबूत बेसिक समझ
• PIB Daily, सरकारी Notifications/Circulars
• योजना और कुरुक्षेत्र जैसे मैगज़ीन
• The Hindu / Indian Express के Editorials
• Budget और Economic Survey की गहरी समझ
• India Year Book जैसे authentic sources
पेपर साफ संकेत दे रहा है कि UPSC “information overload” नहीं, बल्कि “clarity of concepts + application of knowledge” देख रही है.
जो अभ्यर्थी केवल ready-made notes पर निर्भर रहेंगे,
उन्हें unpredictable और analytical questions में कठिनाई होगी.
इसलिए sources कम रखिए, लेकिन उन्हें गहराई से पढ़िए और समझ विकसित कीजिए.
एक महत्वपूर्ण बात और: प्रश्न पत्र कठिन और आसान होना रिजल्ट को ज़्यादा प्रभावित नहीं करता. आसान सवाल होंगे तो कटऑफ ऊपर जाएगा. इस बार प्रश्नपत्र मुश्किल थे, कटऑफ काफ़ी कम जाएगा.
मुख्य परीक्षा की तैयारी प्रारंभ कीजिए. शुभकामनाएँ.
प्रदेश में बिजली की मांग रिकॉर्ड 31,804 MW पार है..और ज़मीन पर..घटिया उपकरणों व मानक-विहीन AB केबल जल रहीं..@UPPCLLKO
लखनऊ में मात्र 24 दिनों में 84 भारी-भरकम ट्रांसफार्मर फुंक गए!
RDSS योजना में अब तक करोड़ो अरबों रुपया खर्च हो गया..और यहां नीति निर्धारण करने वाले उच्च पदस्थ साहबों के AC कमरों की 'कागज़ी जादूगरी' पर इस खबर ने..आखिर ज़मीनी हकीकत की भी मुहर लगा ही दी..🙄
आम जनता पानी-बिजली के लिए सड़कों पर त्राहिमाम कर उपकेंद्रों को घेर रही..
अफसरों की 'ऑपरेटिंग एफिशिएंसी' के आंकड़ों में तो सब ऑल इज़ वेल था..फिर जनता को यह 'अंधेरे का विकास' क्यों मिल रहा..🙄
अरे @mduppcl साहब..बिजली के हालात सुधरने तक तो शहरों के उपकेन्द्रों का भी दौरा करिए..कब तक वातानुकूलित कमरे में बैठे..आदेश/निर्देश जारी करते रहेंगे..🤔..@mlkhattar@aksharmaBharat@EMofficeUP@MinOfPower
#RDSS #ElectricityCrisis