आप खुलकर बोल दो कि आपको मोदी से दिक्कत है सरकार गिराना आपका मकसद फिर बात एकदम सही है पर यह लोकतंत्र, संविधान बचाना और देश को तनाशाही से मुक्त करवाने वाला चोद फैलाओगे तो गॉंड़ में धान रोप दिया जाएगा, खुलकर आओ ना मादरचोद।
रात में युद्ध करने का भी एक नियम और मर्यादा होती है, हेमंत सोरेन जी। ऐसी प्रवृत्ति तो राक्षसों में भी नहीं होती। और यह कोई युद्ध था ही नहीं
निहत्थे लड़के-लड़कियों पर रात के अंधेरे में बल प्रयोग कर उनके सिर फुड़वाना किस तरह का न्याय है?
@HemantSorenJMM@jhar_governor
जंतर मंतर पर लोगों को भड़का रहा था यहां पर डरा रहा है स्टूडेंट को कि आपका शैक्षणिक रिकार्ड खराब हो जाएगा जबकि शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं, mc को मोटा पैसा मिला है।
इक्का दुक्का बमपंथी पत्रकार को छोड़कर किसी को भी ये रिपोर्ट करते नहीं देखा कि छात्रों को लाठी से मारा जा रहा है और जिसने भी क्या वह भी जस्टिफाई करने की कोशिश कर रहा है, इन लोग की बात को कभी सीरियसली लेना ही नहीं चाहिए चाहे अच्छा बोले या गलत, देखकर इग्नोर कर देना चाहिए।
तुम शहर शहर जाकर के सेमिनार कर रहे हो छात्रों के साथ, शिक्षा मंत्री अमित शाह प्रधानमंत्री का इस्तीफा मांग रहे और इधर तुम्हारा ही सरकार लाठी बजा रही है, तुम्हारी ही बात नहीं मान रही है तो इस्तीफा कब मांगोगे मुख्यमंत्री का।
झारखंड में विरोध-प्रदर्शन कर रहे छात्रों के ख़िलाफ़ बल का इस्तेमाल ग़लत है।
छात्रों को शांतिपूर्ण विरोध का अधिकार है और बातचीत से ही समाधान निकल सकता है।
झारखंड सरकार को इन छात्रों की बात सुननी चाहिए और हर समस्या का तुरंत समाधान करना चाहिए।
The use of force against students protesting in Jharkhand is wrong.
Students have a right to peaceful protest, and only dialogue can yield solutions.
The Jharkhand government must continue to hear these students out and resolve their issues immediately.
1947 से लेकर 1996 तक जितने भी कांग्रेसी मुख्यमंत्री रहे हैं, अधिकतर सभी अपनी औलादों को ज्यूडिशियरी और नौकरशाही में सेटल करवा देते थे। हाईकोर्ट से लेकर सुप्रीम क���र्ट के कई जजों की लंबी लिस्ट है, जिनका बाप या तो कांग्रेसी मुख्यमंत्री रहा है या केंद्रीय मंत्री।
@sustaadmi1 औऱ ये पूरी तरह संवैधानिक हैं आर्टिकल 82 में हैं कि हर Census के बाद delimitation होना चाहिए | ये कांग्रेसी ज़ब सत्ता में थे हर तरीके से सिस्टम को तोड़ मरोड़ कर अपने हित साधे हैं इन्होने... अब बीजेपी को कोई दया नहीं करनी चाहिए Delimitation अपने हिसाब से किया तो 2029 फिक्स हो जाएगा
@unindiann सरकार अगर 543 पर ही रख दे तो सरकार को क्या फायदा होगा हां भले सीट का बाउंड्री वगेरा चेंज हो सकता है फिर भी इससे उतना फायदा नहीं, तो सरकार इतना जोखिम क्यों उठा रही है, टीएमसी को क्यों तोड़ दिया और सरकार ने संसद भी बनवा दिया है इसके लिए
EVEREST — India’s first full-flow staged combustion (FFSC) rocket engine.
80-tonne class. Fully integrated. Designed and manufactured in Bengaluru, India.
@YaaduInTheNorth बकचोदी के लिए केरला जैसे स्टेट को क्यों जाने देंगे, जहां पर धीरे धीरे जड़ जम रहा है।
जो थोड़ा सा संशोधन कर रही है वही बहुत बड़ा चीज है उसी से खेल बदल जाएगा।
सरकार ने पहले भी FCRA (amendment) act ला चुकी है 2020 में बस अब उसी को आगे बढ़ाते हुए ये ल रही है।
तब तो बिल पास नहीं होगा