राजस्थान भाजपा के कोहिनूर विधायक ( खेतराम) डांगा जी एक बार फिर अपने कारनामों से चर्चा में ...
ग्रामीण जनसुनवाई में विधायक बोले काम करवाना है तो ऑफिस में मिलो ...
भाजपा कार्यकर्ता बोले हनुमान जी ओर नारायण जी होते तो काम जनता के सामने तुरंत होता ...
फिर क्या विधायक जी भूल गए शब्दों के मर्यादा !
मैं प्रधानमंत्री श्री @narendramodi व केंद्रीय गृह मंत्री श्री @AmitShah को अवगत करवाना चाहता हूं कि कल राजस्थान के भरतपुर में भरतपुर,धौलपुर व डीग जिले के जाट समाज को केंद्र में ओबीसी आरक्षण दिलवाने की मांग को लेकर आयोजित विशाल रैली में लाखों लोगों ने भाग लिया l संवैधानिक अधिकारों और मांगों के लिए लोकतंत्र में वैधानिक तरीके से अपनी बात रखना प्रत्येक नागरिक का अधिकार है लेकिन जाट समाज की इस रैली की सफलता से बौखलाई राजस्थान की भाजपा सरकार व राजस्थान के मुख्यमंत्री श्री @BhajanlalBjp
तथा उनके कुछ मंत्री इस रैली में सम्मिलित होने वाले भरतपुर जिले के पथैना सरपंच सहित जाट समाज के अन्य मौजिज लोगों को अनावश्यक रूप से परेशान करने को आतुर है, राजस्थान सरकार का यह कृत्य लोकतांत्रिक मूल्यों की भावना के अनुरूप नहीं है |
सरकार और प्रशासन का दायित्व निष्पक्षता और पारदर्शिता के साथ कार्य करते हुए संवाद के माध्यम से समाधान निकालने का होता है और यही लोकतंत्र की सबसे बड़ी ताकत है मगर राजस्थान सरकार लोकतांत्रिक मूल्यों के आदर्शो को नजरअंदाज कर रही है |
राजस्थान सरकार को यह समझने की जरूरत है कि संवैधानिक हकों के लिए उठने वाली आवाज को सत्ता के दम पर दबाने का प्रयास किया गया तो बर्दाश्त नहीं किया जाएगा |
@PMOIndia
वीडियो के साथ जो ऑडियो अटैच है वो पूरी तरीके से AI जेनरेटेड है क्योंकि ये संभव ही नहीं है कि हजारों गाड़ियों का काफिला चल रहा हो, चारों तरफ डीजे और नारों का शोर हो, और ऐसे माहौल में किसी दूसरी गाड़ी में बैठे व्यक्ति की आवाज़ इतनी साफ़ रिकॉर्ड होकर "लाइव" सुनाई दे जाए ?
स्पष्ट है कि जनता को भ्रमित करने के लिए एडिटेड ऑडियो और भ्रामक सामग्री का सहारा लिया जा रहा है ।
RLP की ओर से भी झूठ, फर्जी ऑडियो, एडिटेड कंटेंट और दुष्प्रचार फैलाकर सामाजिक वैमनस्य पैदा करने की कोशिश करने वाले खातों को चिन्हित कर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
लोकतंत्र में विचारों की लड़ाई स्वीकार है, लेकिन झूठ, फर्जीवाड़ा और डिजिटल साजिशें नही
@PoliceRajasthan
भरतपुर की ऐतिहासिक हुंकार रैली के बाद कुछ लोगों का दर्द सोशल मीडिया पर साफ दिखाई दे रहा है।
पहले कहा गया कि भीड़ नहीं आएगी... भीड़ आ गई।
फिर कहा गया कि रैली असफल होगी... रैली ऐतिहासिक हो गई।
फिर कहा गया कि हनुमान बेनीवाल बाहरी हैं... जनता ने जवाब दे दिया।
अब एक ही स्क्रिप्ट, एक ही भाषा और एक ही नैरेटिव के साथ अलग-अलग अकाउंट्स से लगातार पोस्ट किए जा रहे हैं कि भीड़ किसी और की थी, प्रभाव किसी और का था।
जनता पूछ रही है कि अगर रैली महत्वहीन थी तो उसके बाद इतनी बेचैनी क्यों ? अगर जनसमर्थन नहीं था तो सोशल मीडिया पर नैरेटिव बदलने की इतनी कोशिश क्यों ?
सच्चाई यह है कि भरतपुर ने सत्ता के दावों को चुनौती दी है, इसलिए अब मैदान की लड़ाई हारने वाले लोग मोबाइल स्क्रीन पर लड़ाई लड़ रहे हैं।
जनता सब देख रही है। जनसमर्थन सड़कों पर दिखता है, ट्रोल पोस्टों में नहीं। झूठ का शोर चाहे जितना मचा लो, जनता की आवाज उससे हमेशा ऊँची होती है।
जयपुर से लेकर भरतपुर तक की कोई सड़क खाली नहीं थी ये पूरा राजस्थान जानता है और भजने के दिहाड़ी मजदूर टेंट ख़ाली की बात कर रहे है ….
अबे दिहाड़ियो तुम्हें दिहाड़ी मिलती है उतना तो काम करके दो उस मूर्खाधिराज को ….
Hello!
Mr. भजने लिखना नहीं चाहता हूँ ….
तुम्हारी रद्दी फर्जी टीम पहुँचा ही देगी मैसेज ….
तुम्हारे फर्जी प्रोपगैंडा को रगड़ने में एक सेकंड नहीं लगेगा फिर भेजते रहना वारंट , घंटा फ़र्क़ नहीं पड़ता ।
भरतपुर, डीग और धौलपुर के जाट समाज को केंद्र में OBC आरक्षण का लाभ दिलवाने के लिए आज भरतपुर में आयोजित जाट आरक्षण हुंकार महारैली में मैंने कहा कि आज हम किसी के खिलाफ नहीं, बल्कि अपने संवैधानिक अधिकारों और न्यायपूर्ण हिस्सेदारी की मांग को लेकर यहां एकत्रित हुए हैं। भरतपुर की धरती केवल राजस्थान की नहीं, बल्कि पूरे भारत के इतिहास में स्वाभिमान, शौर्य और संघर्ष की पहचान रही है।
लोहागढ़ फोर्ट का इतिहास दुनिया जानती है, विभिन्न आक्रांताओं ने कई बार इस किले को जीतने का प्रयास किया, लेकिन लोहागढ़ अजेय रहा। यह केवल एक किला नहीं, बल्कि जाट समाज की अस्मिता, साहस और आत्मसम्मान का प्रतीक है। भरतपुर, डीग और धौलपुर जिले का जाट समाज सामाजिक और शैक्षणिक पिछड़ेपन के आधार पर केंद्र की ओबीसी सूची में शामिल किए जाने की मांग वर्षों से करता आया है। यह मांग संविधान के दायरे में है, लोकतांत्रिक है और न्यायसंगत है इसलिए केंद्र सरकार को जल्द से जल्द यहां के जाटों को आरक्षण देना चाहिए |
@RLPINDIAorg
आज यहाँ से किसी को हिलना नहीं है....
क्योंकि गाड़ियों का तेल जलाकर किसी की वाहवाही करने नहीं आए है बल्कि समाज के युवाओं को दिल्ली में आरक्षण दिलवाने आए है, यहाँ से ऐसे ही नहीं जाएंगे - @hanumanbeniwal
भरतपुर निवासी भजन लाल शर्मा जी जो वर्तमान में राजस्थान के मुख्यमंत्री है उनके पैतृक जिले में राजस्थान का लाल हनुमान बेनीवाल की #जाट_आरक्षण_हुंकार_महारैली
में एंट्री का अद्भुत दृश्य पूरी दुनिया देख रही हैं!
@hanumanbeniwal 😱
पहले खींवसर विधानसभा क्षेत्र में सत्ता पक्ष के स्थानीय विधायक द्वारा किए जा रहे अवैध खनन में करोड़ों के खेल की खबरें सामने आईं और अब बिना पुलिस कप्तान वाले नागौर जिले में अवैध खनन और ओवरलोड वाहनों के नाम पर पुलिस द्वारा रिश्वतखोरी, डिजिटल लेन-देन से अवैध वसूली का मामला जनता के सामने आया है |
यह न केवल भ्रष्टाचार बल्कि राजस्थान कि भाजपा सरकार की प्रशासनिक जवाबदेही पर भी बड़ा प्रश्नचिह्न है।
प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री @BhajanlalBjp ऐसे मामलों में अपना नैतिक धर्म कब निभाएंगे ?
@RajCMO@PoliceRajasthan
कल दिनांक 22 जून 2026 को भरतपुर में जाट आरक्षण संघर्ष समिति द्वारा भरतपुर, धौलपुर एवं डीग जिले के जाट समाज को केंद्र में ओबीसी आरक्षण का लाभ दिलाने की मांग को लेकर आयोजित होने वाली विशाल रैली में सम्मिलित होने के लिए सुबह 10:15 बजे जयपुर के जालूपुरा स्थित आवास से प्रस्थान करूंगा |
जाट समाज के हक और अधिकारों के समर्थन में आयोजित इस विशाल रैली में आप सभी अधिक से अधिक संख्या में उपस्थित होकर अपनी भागीदारी सुनिश्चित करें।
#भरतपुर_चलो