पुलिस पर वकीलों के झुंड का हमला अस्वीकार्य है। यह हिंसा कानून की अवमानना है। दोषियों पर बिना देर किए सख्त कार्रवाई सुनिश्चिति की जाए।
#Justice_for_Khaki
#Justice_for_Khaki
वाराणसी में पुलिस sub इंस्पेक्टर पर हुए वकीलों के कायराना हमले और उनको मरणासन्न कर देने के उपरांत पुलिस द्वारा अब तक कोई कार्यवाही न होने से पुलिस जवानों का मनोबल टूट चुका है, खाकी की यह दुर्गति खाकी का मनोबल तोड़ चुकी है
@CMOfficeUP@dgpup@bstvlive@abplive
ये है नीतू कात्यायन आज बहुत ही चर्चा में हैं,
इनका नाम हर पुलिस कर्मी की जुबान पर है और इनके जज्बे और बहादुरी को सलाम कर रहे हैं।
हमेशा अपने अधीनस्थ कर्मचारियों के हितों के
लिए बड़े से बड़े नेता और राजनेता से भिड़ जाती है, वाराणसी कचहरी की घटना को संभालने और अपने पीड़ित दरोगा को न्याय दिलाने के लिए अपने सीनियर अधिकारियों और राजनीतिक दबाव से ऊपर उठकर अच्छाई और सत्य का साथ दिया है।
जिसकी वजह से Ips Neetu के जज्बे को हर पुलिस कर्मी सलाम कर रहा हैं।
#ipsNeetu
#UPPolice
बनारस में पुलिसकर्मी की पिटाई ने न्याय व्यवस्था को चुनौती दी है। जिम्मेदारों की खामोशी सवाल खड़े कर रही है। दोषियों को कड़ी सज़ा मिले, ताकि कोई दोबारा कानून को चुनौती न दे। बार एसोसिएशन ने भी कोई कार्यवाही नहीं की है।
#Justice_for_Khaki#Justice_for_Khaki
बनारस में पुलिसकर्मी की पिटाई ने न्याय व्यवस्था को चुनौती दी है। जिम्मेदारों की खामोशी सवाल खड़े कर रही है। दोषियों को कड़ी सज़ा मिले, ताकि कोई दोबारा कानून को चुनौती न दे। बार एसोसिएशन ने भी कोई कार्यवाही नहीं की है।
#Justice_for_Khaki
बनारस में पुलिसकर्मी की पिटाई ने न्याय व्यवस्था को चुनौती दी है। जिम्मेदारों की खामोशी सवाल खड़े कर रही है। दोषियों को कड़ी सज़ा मिले, ताकि कोई दोबारा कानून को चुनौती न दे। बार एसोसिएशन ने भी कोई कार्यवाही नहीं की है।
#Justice_for_Khaki
हम सभी पुलिस कर्मियों को आप पर गर्व है। हमारी वास्तविक विभागीय अभिभावक हैँ आप। न केवल वाराणसी पुलिस बल्कि सम्पूर्ण उत्तर प्रदेश पुलिस का हर एक कर्मचारी एक दिन आप जैसी अधिकारी के अधीनस्थ के रूप मे कार्य करना चाहता है। Up police का अभिमान और गौरव हैँ आप। जय हिंद।
#ipsNeetu
इसी दौरान एक वकील ने महिला IPS नीतु कादयान से अभद्रता करते हुए गालियां दीं और धमकी दी कि “तुम्हारी गर्मी शांत कर दूंगा।”
यह घटना कानून-व्यवस्था और पुलिस की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े करती है।
कार्रवाई से नाराज़ एक पक्ष ने बार के वकीलों को भड़काया और न्यायालय जाते समय दरोगा मिथलेश प्रजापति पर वकीलो से हमला करवा दिया। वीडियो में दरोगा की बेरहमी से पिटाई साफ दिख रही है।