सोमवार 20 जुलाई को सीजेपी के "संसद मार्च" के लिए दिल्ली की सड़कों पर हज़ारों युवा नज़र आए. उन्हें रोकने के लिए सड़कें बंद थीं, इंटरनेट पर पाबंदी थी, कई मेट्रो स्टेशन बंद थे, बावजूद इसके वो सभी मुश्किलें पार करते हुए जंतर मंतर पहुंचने में सफल रहे. सवाल ये है कि क्या इन युवाओं ने मोदी सरकार की मुश्किलें बढ़ा दी हैं?
रिपोर्ट: प्रवीण
आवाज़: भरत शर्मा
एडिट: दानिश आलम
जब बच्चे तक न उठा सकते आवाज़
तो कैसे कहें कि ये वतन है आज़ाद?
आज भाजपा के कट्टर समर्थक भी शर्मिंदा हैं और पश्चाताप और प्रायश्चित की आग में जल रहे हैं, उनका भी तो परिवार है और परिवार में बच्चे भी हैं, और उन बच्चों का भी वर्तमान और भविष्य है।
अब कोई भाजपा से भविष्य की क्या उम्मीद करे, जब वर्तमान में ही जनता भाजपा से पूरी तरह नाउम्मीद हो गई है।
आज हर उम्र के लाखों लोगों ने बेख़ौफ़ होकर जिस तरह भाजपा के विरोध में एकजुटता दिखाई है, सच तो ये है कि उस जन-आक्रोश को देखकर भाजपाई और उनके संगी-साथी बेहद डर गये हैं। ये वो आम जनता है जिसे सरकार की किसी भी एजेंसी का भय नहीं है।
भाजपा ख़त्म!
ग़ाज़ियाबाद के लोनी बॉर्डर इलाक़े में 29 जून 2026 को बाइक और कार की मामूली टक्कर के बाद हुए रोडरेज विवाद में मोहम्मद ज़ैद की पीट-पीटकर हत्या कर दी गई थी. पुलिस ने इस मामले में दो अभियुक्तों राहुल मावी और अनुज कसाना को गिरफ़्तार किया है. ज़ैद के परिवार से बीबीसी संवाददाता शुभ राणा ने बातचीत की.
यकीन करना मुश्किल है, बॉलीवुड में ऐसे निडर लोग हैं।
जब बॉलीवुड के दिग्गज किंग और बिग बी जैसों के मुंह डर की वजह से चुप हो गए हों,
तब SS शेखर सुमन उन मुद्दों पर बोल रहे हैं जिनका बारे में सोचकर भी कई लोगों को पसीना आ जाता है।
@apnarajeevnigam
#Hate_Crime_Against_Muslim#JusticeForZaid 💔
Just reverse the names in this case, and the whole media and police action would be totally different. 🤬
Dear World look here, this is how Muslims are treated in India..!!
20-year-old Mohammad Zaid went out in afternoon, promising his sister he would return with a cold drink. He never made it back.
His bike gave minor brush to car of #Rahul in Ghaziabad's Loni.
Out of anger Rahul assaulted brutally to Zaid, who succumbed to his injuries.
No encounter @ghaziabadpolice?
ग़ाज़ियाबाद में कार से बाइक टच होने पर मुहम्मद ज़ैद को पीट पीट कर हत्या कर दी गई! जैद के पिता की सुनिए! @ghaziabadpolice क्रिया मामले की जांच करें और सख्त कार्रवाई करें!
असलम नाम का एक युवक CJP प्रोटेस्ट में पानी पहुंचा रहा था, असलम से आधार कार्ड मांगा गया, उसका एड्रेस लिया गया, रात 9 बजे दिल्ली पुलिस उसके घर पहुंच जाती है, और दूसरे व्यक्ति के तो ससुराल तक दिल्ली पुलिस पहुंच जाती है...
—CJP के फाउंडर अभिजीत दीपके
📍 राजीव चौक, दिल्ली
सिर्फ़ शक की बुनियाद पर एक गरीब मुस्लिम युवक को घेरकर बेरहमी से पीट दिया गया। खुद को गौरक्षक और हिंदू संगठन से जुड़ा बताने वाले विक्की और उसके साथियों ने उस पर लड़कियों का पीछा करने और तस्वीरें लेने का आरोप लगाया।
विडंबना देखिए, जिन लड़कियों के नाम पर उसे पीटा जा रहा था, वही बार-बार कहती रहीं, "भैया छोड़ दो, जाने दो।" लेकिन भीड़ पर कोई असर नहीं हुआ।
अगर सच में शक था, तो पुलिस किसलिए है? कानून हाथ में लेकर किसी की इज़्ज़त और जान दोनों को रौंद देने का अधिकार किसने दिया?
आज कुछ हिंदूवादी संगठनों के लोगों के लिए सबसे आसान शिकार एक गरीब मुसलमान नज़र आता है। सिर्फ़ शक की बुनियाद पर उसे मारो, पीटो, वीडियो बनाओ और फिर खुद को हिंदू धर्म का सबसे बड़ा रक्षक बताने लगो। इसके बाद मुसलमानों से नफ़रत करने वाले लोग ऐसे लोगों को अपने कंधों पर बैठाकर हीरो बना देते हैं।
“मदरसा सील करने की इतनी जल्दी थी कि 11 बच्चों को अंदर बंद करके मदरसा सील कर दिया”
गाजियाबाद खोड़ा के मौलाना ने सवाल उठाया कि सूर्या मर्डर से मदरसा सील करने का क्या मतलब था और इतनी क्या जल्दबाज़ी थी ?
हज़रत इमाम हुसैन जी का संघर्ष, त्याग और बलिदान हमें असत्य, अत्याचार और अन्याय के विरुद्ध मानवता की सबसे मज़बूत ढाल बनने की सीख देता है।
आज मुहर्रम के दिन हमें उनके बताए हुए रास्ते पर चलने की प्रेरणा लेनी चाहिए।
गाजियाबाद के लोनी के अंकुर विहार थाना इंचार्ज योगेन्द्र पंवार की यह कैसी भाषा है? दरअस्ल आफताब नामी एक 20 वर्षीय नौजवान की चाकू मारकर हत्या कर दी गई थी। आरोप है कि परिजनों द्वारा नामजद रिपोर्ट दर्ज कराने के बावजूद पुलिस ढुलमुल रवैया अख्तियार किए हुए है। आरोपितों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर पीड़ित परिवार सड़क पर उतर आया। जब यह बात अंकुर विहार थाना इंचार्ज योगेन्द्र पंवार को पता चली तो वहां पहुंचे और वहां पहुंचकर उन्होंने भद्दी गालियां देते हुए कहा ‘बुला अपनी माँ को @ तुम्हारी माँ को चो#%€? वीडियो में आप देखेंगे कि महिलाओं के सामने ही भद्दी गालियां दी जा रही हैं, महिलाओं को धकेला जा रहा है। सवाल यह है कि @dgpup@ghaziabadpolice ऐसे पुलिसकर्मियों के कार्रावाई क्यों नहीं करती, जो पीड़ित की धमका रहे हैं? गालियों की ये ट्रेनिंग उन्हें कहाँ से मिली है?
"तुम्हारी मां का चो#@"
गाजियाबाद, यूपी में आफताब की चाकू मारकर हत्या कर दी गई। हत्यारोपियों की गिरफ्तारी को लेकर पीड़ित परिजनों ने सड़क जाम कर दी। जाम खुलवाने पहुंचे इंस्पेक्टर ने खूब गालियां दी।
12 साल के तौफीक को 10 लोगों ने मिलकर मॉब लिंचिंग कर दी। पहले पत्थर से सिर कुचला, फिर धड़ अलग किया और बाकी शरीर के ज़ख्मों पर तेज़ाब छिड़क दिया।
सीरिया-फ़िलिस्तीन के बाद हम सबसे मज़लूम क़ौम बनते जा रहे हैं, जिसकी चर्चा तक नहीं होती।
(बिहार) 🥺😡
#MuslimLivesMatter
संभल के एक गांव में 6 जून को एक पुरानी मस्जिद को तहसीलदार की कोर्ट के आदेश के बाद ढहा दिया गया. इसी मस्जिद से पुलिस को 'आई लव मोहम्मद' के पोस्टर्स मिले और हरे रंग का झंडा मिला था. पुलिस ने इस आधार पर आपराधिक केस दर्ज किया और मस्जिद की देख-रेख करने वाले सात लोगों को नामजद किया गया. मस्जिद गिरने और एफ़आईआर दर्ज होने के बाद गांव का क्या माहौल है? यही जानने बीबीसी न्यूज़ हिन्दी की टीम ग्राउंड पर पहुंची.
रिपोर्ट: कीर्ति दुबे
शूट-एडिट: सेराज अली