अब दलित और पिछड़ा को दबाया नहीं जा सकता, उसके अधिकार छीनोगे तो वो प्रतिकार करेगा, उसका अपमान करोगे तो वो प्रतिकार करेगा।
इसीलिए जब भाजपा के लोगों ने रामजी लाल सुमन जी के ऊपर दलित होने के कारण हमला किया है तो वो अस्वीकार्य है और इसका प्रतिकार होगा। भाजपा को इसका जवाब देना होगा।
श्रद्धेय नेता जी ने सदैव दलितों पिछड़ों के हक और अधिकार की लड़ाई सत्ताधीशों से लड़ी है और अब श्री अखिलेश यादव जी उस लड़ाई को आगे बढ़ा रहे हैं और दलितों पिछड़ों के सम्मान और अधिकार के लिए मैदान में हैं।