दिल्ली उच्च न्यायालय ने आज मोदी एक्ट की धारा 18 और 18ए(2) के अंतर्गत वैधानिक रोक को देखते हुए मेरी अग्रिम जमानत याचिका को निरस्त कर दिया। हायकोर्ट का यह निर्णय अपनी जगह है, पर मैं इस से सम्मानपूर्वक असहमत हूँ।
साथ ही, यह भी स्पष्ट है कि न्यायालय ने कहा है कि इसकी टिप्पणियाँ केवल जमानत आवेदन तक सीमित हैं और मेरी आपराधिकता इससे सिद्ध नहीं हो जाती। इस निर्णय को सुप्रीम कोर्ट के समक्ष चुनौती दूँगा और आशा करता हूँ कि देश की न्यायिक व्यवस्था में सर्वोच्च विश्वास बना रहे।
मुझे एक नीच, अधम, पतित ट्रोल के विरुद्ध अपने परिवार के सम्मान की रक्षा करने के लिए, इस घटिया और दमनकारी मोदी एक्ट (जिसे SC/ST एक्ट भी कहा जाता है) के प्रावधानों के तहत एक आपराधिक मामले में झूठा फँसाया गया है।
मैंने ऐसा कुछ नहीं कहा है जो किसी व्यक्ति या समुदाय का जाति के आधार पर जानबूझकर अपमान या अपमानजनक व्यवहार माना जा सके। मैं उन किसी भी निहित स्वार्थ वाली ताकतों से लड़ने के लिए तैयार हूँ जो इस देश में स्वतंत्र अभिव्यक्ति और सत्य कथन को दंडित करना चाहती हैं, भले ही इसके लिए मुझे जेल जाना पड़े।
एक नेता द्वारा अपनी राजनैतिक वोटबैंक को साधने के लिए, सामान्य जनता से बिना किसी सोच-विचार के, संशोधित किए गए इस पूरे कानून और इसके संशोधित नियमों का मैं तब तक विरोध करूँगा जब तक इसे पूरी तरह से निरस्त न किया जाए।
और हाँ, पुनः कहूँगा कि हमारी की माँ-बहनें सड़कों पर चलती-फिरती वस्तु नहीं है जिस पर कोई भी टिप्पणी करे और बच जाए। उनके सम्मान की रक्षा हेतु, सौ बार जेल जाना पड़े जाऊँगा और 101वीं बार वही करूँगा जो मैंने किया है।
PS: जो भी इस निरस्तीकरण पर स्खलित हो रहे हैं, तुम्हारी माँ-बहन पर भी हर दिन ऐसी टिप्पणी होती है। उस पर भी मैं ही स्टैंड लूँगा क्योंकि तुम अपनी कायरता में दो शब्द नहीं लिख पाओगे।
मेरठ के अब्दुल्लापुर सीएचसी में एक मरीज अपनी पत्नी को लेकर टीका लगवाने के लिए पहुंचा। लेकिन यहां सीएचसी पर तैनात महिला कर्मचारी मेहंदी लगवाने में व्यस्त रहे। मरीज ने इसका वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया।
क्या इन हिंदू लड़कियों को जिम सिर्फ मुसलमानों के ही मिलते हैं?
क्या अपनी बेटियों को जिम भेजते समय मां-बाप तनिक की जानकारी नहीं जुटाते?
क्या इस तरह की घटनाओं से मां-बाप और लड़कियां सबक नहीं लेती?
जहां पर इस तरह के जिम चलते हैं उन पर पुलिस प्रशासन क्या नजर नहीं रखता?
इस तरह की घटनाएं दोबारा ना हो, इसके लिए एक ही उपाय है; जहां जिम चलते हैं उस जिम को संचालित करने वाले की जानकारी,उसमें जो ट्रेनर है उनकी जानकारी,बिना जिला प्रशासन की NOC की बिना नहीं चलें।
मौजूदा जो संसद सत्र चल रहा है उसमें जिम के संबंध में एक बिल लाना चाहिए, जो राज्य सरकारों को निर्देश देवे़ की उनके यहां इस प्रकार की जो भीGym चल रहे हैं उसके लिए प्रत्येक जिला प्रशासन से NOC लें, तभी वह जिम चला सकते हैं।
करने से क्या नहीं होता; सिर्फ इच्छा शक्ति की आवश्यकता होती है। और वह इच्छाशक्ति वर्तमान की सरकार में है।
आंग्ल नववर्ष- 2026 की सभी को हार्दिक शुभकामनाएं..
यह वर्ष आप सबके जीवन में स्थिरता, संतुलन और सार्थकता लेकर आये..!
लक्ष्य बड़े नहीं, स्पष्ट हों..
रास्ता तेज नहीं, सही हो..
जीवन को संघर्ष नहीं,
साधना बनाएं..
Happy New Year 2026
❤️🌹
आंग्ल नववर्ष- 2026 की सभी को हार्दिक शुभकामनाएं..
यह वर्ष आप सबके जीवन में स्थिरता, संतुलन और सार्थकता लेकर आये..!
लक्ष्य बड़े नहीं, स्पष्ट हों..
रास्ता तेज नहीं, सही हो..
जीवन को संघर्ष नहीं,
साधना बनाएं..
Happy New Year 2026
❤️🌹
अत्यंत दुखद:
पप्पू को आज रात की दावत में खाने का न्योता नहीं मिला है, अब बेचारा बेरोजगार क्या खायेगा.?
अरे मोदीजी,
चुनाव पर चुनाव हराना अलग बात है, लेकिन खाना भी न खिलाना.?
यह तो बहुतै गल्त बात है
अत्यंत दुखद:
पप्पू को आज रात की दावत में खाने का न्योता नहीं मिला है, अब बेचारा बेरोजगार क्या खायेगा.?
अरे मोदीजी,
चुनाव पर चुनाव हराना अलग बात है, लेकिन खाना भी न खिलाना.?
यह तो बहुतै गल्त बात है
@yadavakhilesh पहले यह तो बताओ,
फेलस्वी ने तुमसे किस पद का वादा किया था,
जो बिहार में गली गली झूमर नाच कर रहे थे.?
रही बात जिम्मेदारी की,
तो उस बारे में तुम न ही बोलो..
जो बाप की जिम्मेदारी न ले सके,
उसे इस मसले पर बोलने का हक नहीं है।
@yadavakhilesh पहले यह तो बताओ,
फेलस्वी ने तुमसे किस पद का वादा किया था,
जो बिहार में गली गली झूमर नाच कर रहे थे.?
रही बात जिम्मेदारी की,
तो उस बारे में तुम न ही बोलो..
जो बाप की जिम्मेदारी न ले सके,
उसे इस मसले पर बोलने का हक नहीं है।
‼️Breaking News।।!!
Supreme Court orders re-election for Bihar Legislative Assembly. The opposition had approached the Supreme Court, complaining about EVM hacking.
The Supreme Court has ordered re-elections. The elections will be held in 2030. Opposition has called this a victory for Congress and thanked the Supreme Court.
एक फौजी बिना हेलमेट के बाइक चला रहा था।
पुलिस वाले ने रोका, "हेलमेट कहाँ है?"
उसने बोला, "भूल गया।"
पुलिस : क्या नाम है? काम क्या करते हो?
बाइक सवार: केहर सिंह नाम है और मैं एक फौजी हूँ।
पुलिस : अच्छा कोई बात नहीं, जाओ, आगे से हेलमेट पहन कर बाइक चलाना।
केहर : नहीं भाई, आप अपना काम करो। मैंने गलती की है, मेरा चालान काटो।
पुलिस : ठीक है, अगर ऐसी ही बात है , तो निकालो 100 रु और पर्ची लेकर जाओ।
केहर : नहीं, यहाँ नहीं भुगतना चालान। मैं अदालत में ही जाकर चालान भुगतुंगा।
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अदालत में :
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संतरी: केहर सिंह को बुलाओ।
जज: हांजी, मिस्टर केहर सिंह, आप 100 रु का चालान भर दीजिये।
केहर: नहीं जनाब, यह कोई तरीका नहीं हुआ। आपने मेरी "दलील" तो सुनी ही नहीं ?
जज: अच्छा बताओ, क्यों तुम्हें 100 रु का फाइन न किया जाए?
केहर: जनाब, 100 रु का फाइन थोड़ा कम है इसे आप 335 रु का कर दीजिए।
जज: क्यों? और 335 का ही क्यों?
केहर: क्योंकि मुझे 100 रु कम लगता है और 336 रु ज्यादा ही नाइन्साफ़ी हो जाएगी।
(वहाँ खड़ी भीड़ हंसती है)
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जज: (काठ का हथौड़ा मेज पर मारते हुए) शांति, शांति बनाए रखिये।
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केहर: जनाब एक और सलाह है, ये हथौड़ा 'काठ' की बजाए "स्टील" का होना चाहिए , आवाज ज्यादा होगी। एक और बात, यहाँ इस कमरे में भीड़ बहुत ज्यादा है। आप एक आर्डर पास कर दीजिए की कल से यहाँ ज्यादा से ज्यादा बस 127 लोग ही आएं।
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जज: are you lost your mind Mr. Kehar Singh? आप यहाँ अदालत में जोक्स क्रैक कर रहे हैं। आप एक जज को सिखा रहे हैं कि अदालत कैसे चलानी है? कानून क्या होना चाहिए? फैसला क्या करना है? आपको पता भी है हम किस परिस्थिति में काम करते हैं? हमारे ऊपर कितना प्रेशर होता है? और....
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केहर: जनाब! मैं एक फौजी हूँ। अभी कश्मीर में पोस्टेड हूँ। with all due respect , sir, आपको 'घण्टा' नहीं पता कि "प्रेशर" क्या होता है। आपका प्रेशर ज्यादा से ज्यादा आपको एक दो घंटे ओवरटाइम करवा देगा। हमारा प्रेशर हमारी और सैंकड़ो और लोगों की जान ले सकता है।
जनाब, क्षमा कीजिये कि मैंने आपको सलाह दी। जिस काम के लिए आपको ट्रेनिंग दी जाती है, जिस काम में आप माहिर हैं उस काम में मैंने आपको सलाह दी। परन्तु आप भी तो यही करते हैं हमारे साथ.....मसलन...बन्दुक को 90 डिग्री से नीचे कर के चलाओ, असली गन मत चलाओ, पेलेट गन चलाओ, बस घुटनों के नीचे निशाना लगाओ, प्लास्टिक की गौलियाँ इस्तेमाल करो, प्लास्टिक की गोली भी खोखली होनी चाहिए, उसका वजन xyz ग्राम से ज्यादा नो हो। ये क्या "*****" है , जज साब? क्या आप यहाँ ac रूम में बैठ कर हमें सिखाओगे कि हमें अपना काम कैसे करना है? जिस काम के लिए हम trained हैं, जिन situations का हमको firsthand experience है, आप हमें बताओगे कि उस situation में हमें कैसे react करना चाहिए?
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(कोर्ट में सन्नाटा)..
#जय_हिन्द
NDA एक करोड़ नोकरी कहा से देगा....कहा से आएगा इतना पैसा.....किसके बाप के घर से लाएंगे?
-- मीसा भारती
ये बता तेजस्वी जो 3 करोड़ जॉब देगा वो क्या तुम्हारे बाप के घर से आएगी