लखनऊ धरना विशेष अपील 👇
कल लखनऊ धरने को ऐतिहासिक बनाना है ना कि राजनीतिक 🚨👏
यह धरना विद्यार्थियों का है , ना कि किसी राजनीतिक पार्टी का 👏 इसीलिए इसमें केवल उत्तर प्रदेश की परीक्षाओं और हमारे टीचर्स के साथ हो रहे भेदभाव के खिलाफ धरना देना है और ऐसी कोई गतिविधि नहीं करनी है जिससे प्रशासन कोई इल्जाम लगाकर धरने को खराब करने और स्थगित करने की कार्रवाई करने का मौका पाए ✅
इसीलिए किसी पार्टी या संगठन से दूरी बनाकर केवल एक छात्रा के रूप में और उनके अभिभावक के रूप में और एक शिक्षक के रूप में ही वहां पहुंचे जिससे धरना शांतिपूर्वक बिना किसी राजनीति के चल सके और पुलिस प्रशासन को कोई मौका ना मिले कार्रवाई करने का ✅
इसमें कुछ राजनीतिक लोग सत्ता पार्टी से चंदा लेकर धरना की माहौल को खराब करने का प्रयास करेंगे जिससे हमें सतर्क रहना है
बाकी आपकी क्या राय है ❓ #लखनऊ #धरना
12 जून
लखनऊ चलो
UPSI भर्ती, लेखपाल भर्ती, शिक्षक भर्ती, UPSSSC भर्ती व प्रदेश में बढ़ती बेरोज़गारी, पेपरलीक के ख़िलाफ़, शिक्षकों के सम्मान में लखनऊ के इको गार्डन में हल्ला बोल होगा।
आप सभी आमंत्रित हैं।
आएँ बेरोज़गार युवाओं की आवाज़ बने।
प्रतियोगी परीक्षाओं में हो रही गड़बड़ियों को लेकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ तक छात्रों की आवाज़ पहुंचाने के उद्देश्य से,
विवेक सर ने 12 जून को लखनऊ के इको गार्डन में सुबह 8 बजे से बड़े आंदोलन का आह्वान किया है।
बता दें कि 29 मई को प्रयागराज में छात्रों के आंदोलन में शामिल होने के बाद उनकी कोचिंग को सील कर दिया गया था।
इसके बाद उन्होंने इस मुद्दे पर आर-पार की लड़ाई लड़ने का ऐलान करते हुए छात्रों से आंदोलन में शामिल होने की अपील की है।
Exampur के संचालक Vivek Sir ने 12 जून को बड़े आंदोलन की घोषणा किया है🔥
विभिन्न परीक्षाओं में हो रही गड़बड़ी के खिलाफ उन्होंने 12 जून को लखनऊ के इको गार्डन में सुबह 8 बजे से बड़े आंदोलन का आह्वाहन किया है।
आपको बता दे कि विगत दिनों 29 मई को Allahabad में प्रतियोगी छात्रों के आंदोलन में भाग लेने के कारण उनके कोचिंग को सील कर दिया गया।
अब तो Vivek Sir ने आर-पार की लड़ाई की घोषणा कर दिया है।
@kmrvivek14
प्रयागराज में हजारों छात्रों की हुंकार सिर्फ एक परीक्षा के खिलाफ नहीं, बल्कि उस व्यवस्था के खिलाफ है जिस पर युवाओं का भरोसा लगातार कमजोर होता जा रहा है।
जब पेपर लीक, भर्ती विवाद और अनिश्चितता बार-बार सामने आएं, तो सवाल उठना स्वाभाविक है।
युवा सड़कों पर शौक से नहीं उतरते, वे तब उतरते हैं जब उन्हें लगता है कि उनकी मेहनत, समय और भविष्य दांव पर है।
खामोशी तब तक रहती है जब तक उम्मीद रहती है,
लेकिन जब उम्मीद टूटने लगती है तो आवाज़ें आंदोलन का रूप ले लेती हैं।
#Lekhpal_Exam_Investigation
#UPSI#LEKHPAL
जो teacher ने उस दिन हमारा साथ दिया उनकी कोचिंग सील करदी है आज प्रशासन ने अब लगता है कि 12जून को 1लाख भीड़ आने वाली है डेमोक्रेसी में लोगों को दबाने से सत्ता हिलने लगती हैं, ये संयोग है या जान बुझ कर सील करदी है ये तो सब समय पर छोड़ देते है।
अंजना ओम कश्यप ने अबकी बार गलत लोगो से पंगा ले लिया है।
देश के सारे शिक्षक बारी बारी से अपने अपने हिसाब से उनके ऊपर लगे दलाली के मेकअप को धो रहे है।
शायद अब आगे से कभी शिक्षकों पर ऐसी दलाली नहीं करेगी..😂😂
लेखपाल की परीक्षा लीक होने के बाद प्रयागराज में पेपर लीक और लेखपाल की पुनः परीक्षा करवाने की अपनी मांग को लेकर सड़कों पर हजारों का छात्रों..
वैसे मुझे याद नहीं की इस सरकार में कौन सा पेपर लीक नहीं हुआ?
आप इस देश को प्रधानमंत्री की नहीं , प्लंम्बर की जरूरत है 🤔
#लेखपाल_पेपर_लीक
#लेखपाल_परीक्षा
LIVE Movie on Abhinay Maths Youtube Channel [09:00pm]
Name : पेपर लीक उद्योग - आखिर कब तक?
दोस्तों,
यह live किसी सरकार, किसी पार्टी या किसी एक आयोग के खिलाफ नहीं है| यह उन करोड़ों युवाओं की आवाज़ है जो वर्षों से तैयारी कर रहे हैं और वहीं खड़े हैं |
हर कुछ महीनों में कोई नया paper leak,
कोई नया exam scam,
कोई नया recruitment controversy सामने आ जाती है।
SSC, Railway, Police, Teacher Recruitment, State PCS, NEET, CUET...
नाम बदलते रहते हैं,
लेकिन पीड़ा वही रहती है।
मैं आप सबसे अनुरोध करता हूँ -
अगर आपके पास किसी भी परीक्षा से जुड़े दस्तावेज़, सबूत, RTI, court order, technical loopholes, suspicious result patterns, centre level cheating, normalization issues या किसी भी प्रकार की तथ्यात्मक जानकारी है, तो उसे हमें 6395993599 नंबर पर भेजिए ।
क्योंकि सच यह है कि केवल वीडियो बनाने, ट्वीट करने या TV debates करने से समस्या खत्म होती नहीं दिख रही।
अब देश को solutions चाहिए।
क्या हो सकता है?
क्या Government-owned CBT Infrastructure बन सकता है?
क्या Exam Agencies की Third Party Audit होनी चाहिए?
क्या Result Process पूरी तरह Transparent होनी चाहिए?
क्या Paper Leak को आर्थिक अपराध और राष्ट्रीय सुरक्षा से जोड़कर देखा जाना चाहिए?
क्या भर्ती में देरी के लिए जवाबदेही तय होनी चाहिए?
आज चर्चा सिर्फ समस्या पर नहीं होगी।
आज चर्चा होगी -
"भारत की परीक्षा व्यवस्था को कैसे बचाया जाए?"
क्योंकि दांव पर सिर्फ लाखों छात्रों का भविष्य नहीं है.....दांव पर आने वाले भारत है।
अगर भर्ती व्यवस्था कमजोर होगी,
तो कल पुलिस, प्रशासन, शिक्षा, सुरक्षा और व्यवस्था में कौन लोग पहुंचेंगे?
इसलिए यह लड़ाई किसी एक परीक्षा की नहीं...
पूरे राष्ट्र की क्षमता और ईमानदारी की लड़ाई है।
एफआईआर और गिरफ़्तारी!
इन्ही दो हथियारों के सहारे आप कब तक,
अपनी भयावह अक्षमता, सिस्टम के सीमातोड़ करप्शन और पेपर लीक के लिजलिजे इतिहास को दबाएँगे? छिपाएंगे?
प्रयागराज में प्रतियोगी छात्रों का हुजूम उमड़ पड़ा है।
एफआईआर और गिरफ़्तारी के डर के सीने पर पैर रखकर, अपने इंसाफ़ की मशाल प्रज्वलित करके।
आप बड़े से बड़े पावर हाऊस को बुझा सकते हैं मगर मशाल को कभी नहीं बुझा सकते।
अन्याय और भीषण करप्शन के समूचे लाक्षागृह को ख़ाक करने के लिए एक मशाल ही काफ़ी है!!
@CMOfficeUP@PMOIndia