जिला अंबेडकरनगर में लखनऊ में तैनात वरिष्ठ IPS अधिकारी आशुतोष मिश्रा जी की 91 वर्षीय माता जी श्रद्धेया इंद्रावती मिश्रा जी की घर में लूट के बाद हत्या की खबर बेहद दुखद, हृदयविदारक और चिंताजनक है।
एक वरिष्ठ IPS अधिकारी की बुजुर्ग माता जी का अपने ही घर में इस तरह निर्मम हत्या का शिकार होना प्रदेश की कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करता है। जब एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी की 91 वर्षीय मां भी अपने घर में सुरक्षित नहीं हैं, तो आम नागरिकों की सुरक्षा को लेकर चिंता स्वाभाविक है।
इस दुःखद घटना पर हमारी गहरी संवेदनाएँ शोकाकुल परिजनों के साथ हैं। प्रकृति उन्हें इस असीम दुःख को सहने की शक्ति प्रदान करे।
साथ ही , @UPGovt से मांग है कि इस हत्याकांड का तत्काल खुलासा किया जाए, दोषियों को जल्द से जल्द गिरफ्तार कर उनके खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
नारी शक्ति, साहस, वीरता व न्याय की अनोखी मिसाल, होल्कर साम्राज्य की महारानी माता अहिल्याबाई होल्कर जी के स्मृति दिवस पर उन्हें शत-शत नमन एवँ विनम्र आदरांजलि।
एक तरफ चीनी के दाम सात साल के उच्चतम स्तर पर पहुंच गए हैं, वहीं दूसरी तरफ सरकार की E20 नीति खेती को ‘खाद्य से ईंधन’ की ओर धकेल रही है। गन्ने और मक्के जैसी फसलों के एथेनॉल उत्पादन में बढ़ते इस्तेमाल से खेती के स्वरूप, भूजल, किसानों की आय और देश की खाद्य सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं।
जब आम आदमी महंगी चीनी खरीदने को मजबूर है, तब सरकार को जवाब देना चाहिए कि किसान की फसल की प्राथमिकता देश की खाद्य जरूरत है या एथेनॉल उत्पादन? केवल एथेनॉल के लक्ष्य पूरे करने के लिए किसान, उपभोक्ता और खाद्य सुरक्षा के हितों से समझौता स्वीकार नहीं किया जा सकता।
एथेनॉल जरूरी है तो ऐसी फसलों और तकनीक को बढ़ावा दिया जाए, जिससे खाद्य सुरक्षा और पर्यावरण से समझौता किए बिना देश की ऊर्जा जरूरतें पूरी हों। साथ ही, किसानों की फसल का लाभ केवल उद्योगों और ईंधन अर्थव्यवस्था तक सीमित न रहे, बल्कि उसका उचित लाभ किसान तक पहुंचे।
पर इन सबसे बड़ा सवाल यह है कि संबंधित मंत्री इन गंभीर मुद्दों पर कुछ बोलते ही नहीं हैं? जवाब दूसरे मंत्री देते हैं और जब उनसे भी जवाब नहीं बनता तो कह दिया जाता है कि “यह मेरा मंत्रालय नहीं है।” आखिर जनता अपने सवालों का जवाब किससे मांगे?
माननीय प्रधानमंत्री @narendramodi जी, सरकार को जवाबदेही से बचने की राजनीति बंद करनी होगी। संबंधित मंत्री सामने आकर स्पष्ट जवाब दें और E20 नीति की व्यापक समीक्षा करें।
ईंधन की जरूरत पूरी करने के लिए देश की थाली, किसान की आय, भूजल और खाद्य सुरक्षा की कीमत नहीं चुकाई जा सकती।
@mygovindia@nitin_gadkari@HardeepSPuri@ChouhanShivraj
एक तरफ चीनी के दाम सात साल के उच्चतम स्तर पर पहुंच गए हैं, वहीं दूसरी तरफ सरकार की E20 नीति खेती को ‘खाद्य से ईंधन’ की ओर धकेल रही है। गन्ने और मक्के जैसी फसलों के एथेनॉल उत्पादन में बढ़ते इस्तेमाल से खेती के स्वरूप, भूजल, किसानों की आय और देश की खाद्य सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं।
जब आम आदमी महंगी चीनी खरीदने को मजबूर है, तब सरकार को जवाब देना चाहिए कि किसान की फसल की प्राथमिकता देश की खाद्य जरूरत है या एथेनॉल उत्पादन? केवल एथेनॉल के लक्ष्य पूरे करने के लिए किसान, उपभोक्ता और खाद्य सुरक्षा के हितों से समझौता स्वीकार नहीं किया जा सकता।
एथेनॉल जरूरी है तो ऐसी फसलों और तकनीक को बढ़ावा दिया जाए, जिससे खाद्य सुरक्षा और पर्यावरण से समझौता किए बिना देश की ऊर्जा जरूरतें पूरी हों। साथ ही, किसानों की फसल का लाभ केवल उद्योगों और ईंधन अर्थव्यवस्था तक सीमित न रहे, बल्कि उसका उचित लाभ किसान तक पहुंचे।
पर इन सबसे बड़ा सवाल यह है कि संबंधित मंत्री इन गंभीर मुद्दों पर कुछ बोलते ही नहीं हैं? जवाब दूसरे मंत्री देते हैं और जब उनसे भी जवाब नहीं बनता तो कह दिया जाता है कि “यह मेरा मंत्रालय नहीं है।” आखिर जनता अपने सवालों का जवाब किससे मांगे?
माननीय प्रधानमंत्री @narendramodi जी, सरकार को जवाबदेही से बचने की राजनीति बंद करनी होगी। संबंधित मंत्री सामने आकर स्पष्ट जवाब दें और E20 नीति की व्यापक समीक्षा करें।
ईंधन की जरूरत पूरी करने के लिए देश की थाली, किसान की आय, भूजल और खाद्य सुरक्षा की कीमत नहीं चुकाई जा सकती।
@mygovindia@nitin_gadkari@HardeepSPuri@ChouhanShivraj
राजस्थान के गुर्जर आरक्षण आन्दोलन में समाज के भविष्य के लिए अपना सर्वोच्च बलिदान देने वाले 73 वीर गुर्जर शहीदों की शहादत को सादर नमन एवं विनम्र आदरांजलि।
#गुर्जर_आंदोलन_बलिदान_दिवस
भाजपा की तथाकथित “डबल इंजन” वाली मुख्यमंत्री @myogiadityanath जी की सरकार हर वर्ष “ऐतिहासिक” बजट का दावा करती है, लेकिन जमीनी हकीकत बलिया की अंधेरी रातें बयां कर रही हैं।
पड़ोसी राज्य बिहार द्वारा 3 साल का बकाया बिल का हवाला देकर आपूर्ति बंद कर दी। और यह पहली बार नहीं है -13 फ़रवरी 2024 को भी 24 करोड़ 92 लाख रुपये का बकाया दिखाकर बिजली काट दी गई थी।
पिछले तीन सालों में ऐतिहासिक बजट का ऊर्जा विभाग को बजट आवंटन 1,55,231 करोड़ हुआ। बजट के दावे चाहे जितने बड़े हों, लेकिन बलिया और नौरंगा की जनता अभी भी अंधेरे में पढ़ाई कर रही है। यह केवल प्रशासनिक विफलता नहीं, बल्कि संवेदनहीनता है।
मुख्यमंत्री @myogiadityanath जी, जब एक बड़ी आबादी अंधेरे में हों और बोर्ड परीक्षाएँ चल रही हों, तब “ऐतिहासिक बजट” की बातें जनता के घावों पर नमक जैसी लगती हैं।
कल अपने नगीना लोकसभा क्षेत्र के अंतर्गत मोहल्ला काजी सराय, कलानान एवं विभिन्न स्थानों पर जाकर परिवारजनों और क्षेत्रवासियों के सुख-दुःख में सम्मिलित हुआ।
जनपद आगरा में सरकारी/सार्वजनिक भूमि पर स्थापित संविधान निर्माता परम पूज्य बाबा साहेब डॉ. भीमराव अम्बेडकर की मूर्ति की सुरक्षा, इजराय वाद संख्या 02/1980 में राज्य सरकार को पक्षकार बनाए जाने तथा विवादित कब्जा कार्यवाही पर रोक लगाकर मौके पर पूर्व स्थिति बहाल कराने के संबंध में माननीय @myogiadityanath जी को पत्र लिखा है।
प्रकरण में सार्वजनिक भूमि, राजस्व अभिलेखों के विरोधाभास तथा स्थानीय जनभावनाओं को देखते हुए तत्काल हस्तक्षेप एवं निष्पक्ष कार्रवाई आवश्यक है।
@CMOfficeUP@UPGovt
प्रतिलिपि प्रेषित
@CommissionerAgr@OfficeOfDMAgra
रात के अंधेरे में पूर्णिया के लोकप्रिय सांसद पप्पू यादव की गिरफ्तारी, बिहार की एनडीए सरकार की डर, दमन और बदले की राजनीति का खुला ऐलान है।
जो सत्ता जनता के सवालों से घबरा जाती है, वही सत्ता आधी रात को जननेताओं को निशाना बनाती है।यह क़ानून का राज नहीं, बल्कि सत्ता का अहंकार है।
बीमारी के बावजूद एक जननेता को इस तरह निशाना बनाना, सत्ता की संवेदनहीनता और क्रूर मानसिकता को उजागर करता है।
बिहार की जनता सब समझ रही है। तानाशाही के खिलाफ यह लड़ाई और तेज़ होगी।
@pappuyadavjapl
तेलंगाना राज्य के संगारेड्डी ज़िले के तेल्लापुर गाँव में सामाजिक व शैक्षणिक क्रांति के अग्रदूत, राष्ट्रपिता ज्योतिबा फुले जी की प्रतिमा पर कानून-व्यवस्था के रखवालों की मौजूदगी में दिनदहाड़े किया गया हमला न केवल कायरतापूर्ण और आपराधिक है, बल्कि यह करोड़ों अनुयायियों तथा मानवतावादी विचारधारा में आस्था रखने वाले समाज की भावनाओं पर सीधा हमला है।
राष्ट्रपिता फुले जी वही महामानव हैं जिन्होंने-
• 1848 में देश का पहला बालिका विद्यालय खोला- पहली महिला शिक्षिका, क्रांति ज्योति राष्ट्रमाता सावित्रीबाई फुले को तैयार किया
• सती प्रथा, बाल विवाह और विधवा उत्पीड़न के विरुद्ध संघर्ष किया
• छूआछूत और जाति प्रथा को पाप बताते हुए शूद्रों की दासता के खिलाफ क्रांति का शंखनाद किया
• सत्यशोधक समाज की स्थापना कर जातिविहीन समाज की नींव रखी
• दलितों, महिलाओं, पिछड़ों, किसानों और मज़दूरों को संगठित कर चेतना दी
यह घटना स्पष्ट करती है कि पितृसत्तात्मक और जातिवादी सोच आज भी स्त्री-मुक्ति, शिक्षा और शूद्रोद्धार के प्रतीकों से भयभीत है।
हम सवाल करते हैं-
क्या स्त्रियों को शिक्षित करना अपराध है?
क्या जातिवाद का विरोध गुनाह है?
क्या बहुजन इतिहास और महापुरुषों का सम्मान अब भी असहनीय है?
हम @TelanganaCMO से माँग करते हैं-
• दोषियों की तत्काल पहचान कर गिरफ्तारी की जाए और कठोरतम कार्रवाई हो।
• क्षतिग्रस्त प्रतिमा के स्थान पर शीघ्र ही नयी, भव्य और सम्मानजनक प्रतिमा स्थापित की जाए।
राष्ट्रपिता फुले जी का अपमान
बहुजन समाज नहीं सहेगा।
अभी कुछ देर बाद (09:00 बजे) "मेरठ में हुए जघन्य हत्याकांड पर लाइव रहूँगा"
सभी साथी मेरे ऑफिसियल फेसबुक पेज पर लाइव से जुड़े और संदेश को आगे पहुँचाएँ।
👉LIVE लिंक:
https://t.co/dAvAAYrWEC
जय भीम, जय मंडल, जय जोहार, जय भारत, जय संविधान
नगीना सांसद एड. चन्द्र शेखर आजाद जी कल नगीना लोकसभा क्षेत्र के ग्राम आज़मपुर का दौरा किया, जहाँ बुज़ुर्ग माताओं ने अपनी पेंशन संबंधित समस्याएँ उन्हें बताईं।
सांसद जी ने तुरंत संज्ञान लेते हुए संबंधित अधिकारियों को मौके पर फोन कर ग्राम आजमपुर में विशेष कैंप लगाने के निर्देश दिए।
कल धामपुर स्थित अपने आवास पर नगीना लोकसभा क्षेत्र के विभिन्न क्षेत्रों से आए क्षेत्रवासियों और जनप्रतिनिधियों से मुलाकात की।
उनकी समस्याओं को ध्यान से सुना और उनके शीघ्र समाधान के लिए संबंधित विभागों के अधिकारियों से तुरंत बातचीत की।
कल दिनांक 25 नवंबर 2025, सुबह 11:00 बजे
एक्स (x) पर एक #tag चलाया जायेगा।
भीम आर्मी व आज़ाद समाज पार्टी (कांशीराम) के सभी साथी तैयार रहे।
आपकी आवाज़ पूरे देश को सुनाई देनी चाहिए!
जय भीम, जय भारत, जय मंडल, जय जोहार