आदरणीय #Rajesh जी @askrajeshsahurajeshsahu 🙏
आप एक पत्रकार के रूप में हमेशा जनहित के मुद्दों को आवाज़ देते रहे हैं। आज उत्तर प्रदेश के 17 हजार CHO स्वस्थ कर्मी अपनी जायज़ माँगों—स्थायी कैडर, सम्मानजनक वेतन और सेवा सुरक्षा—को लेकर लखनऊ के #इको गार्डन में आंदोलनरत हैं।
ये वही स्वास्थ्यकर्मी हैं जो गाँव-गाँव तक स्वास्थ्य सेवाएँ पहुँचा रहे हैं, फिर भी अपने भविष्य की सुरक्षा के लिए संघर्ष कर रहे हैं।
🙏 आपसे विनम्र अपील है कि CHO की आवाज़ को अपने मंच से उठाएँ और इस मुद्दे को सरकार तक पहुँचाने में हमारी मदद करें। आपकी कलम और कवरेज इन स्वास्थ्यकर्मियों की उम्मीद बन सकती है।
#UPCHO #UPCHOPermanentCadre
🚨 जो CHO साथी आज तक आंदोलन में नहीं पहुँचे, उनसे बस एक सवाल है🚨
जब आपके हक़ की आवाज़ उठ रही है, तो आप ख़ामोश क्यों हैं?
जब दूसरे साथी अपने हक़ और सम्मान के लिए धूप में खड़े हैं, तो क्या उनकी लड़ाई सिर्फ़ उनकी अकेले की लड़ाई है?
याद रखिए, आज आप किसी और के लिए खड़े नहीं होंगे, तो कल आपके लिए कौन खड़ा होगा?
इतिहास गवाह है, हक़ माँगने से नहीं, एकजुट होकर आवाज़ उठाने से मिलते हैं।
साथियों! अपनी अंतरात्मा से एक बार सवाल ज़रूर कीजिए—क्या आपकी ख़ामोशी उन साथियों का हौसला तो नहीं तोड़ रही, जो आपके ही हक़ के लिए संघर्ष कर रहे हैं?
✊ अब भी वक़्त है, अपनी एकता साबित कीजिए। घर से निकलिए और आज Eco Garden पहुँचिए।
आज आपकी गैरमौजूदगी सिर्फ़ एक खाली जगह नहीं, आपकी एकजुटता पर भी सवाल है।
📍 Eco Garden — आइए, अपने हक़ और सम्मान की आवाज़ को मज़बूत बनाइए।
#CHOProtest #CHOUnity #EcoGarden #CHOAdhikar #UnitedWeStand
जगह बदलने से CHO का संघर्ष खत्म नहीं होगा, न ही अपने हक़ की आवाज़ दबेगी! ✊
जब तक CHO साथियों को उनका हक़, सम्मान और सुरक्षित भविष्य नहीं मिलता, तब तक यह आंदोलन जारी रहेगा। ✊🔥
संघर्ष का स्थान बदल सकता है, लेकिन संघर्ष का संकल्प नहीं!
एकता ही ताकत है, और जीत हमारा लक्ष्य! 💪
#CHOProtest #CHOएकता #CHOसंघर्ष #JusticeForCHO #CHORights
Respected Chief Minister @myogiadityanath ji, kindly initiate the process of cadre creation and regularization, keeping in view the service dedication of CHOs who have become the backbone of rural health.
We have full faith in your sensitive government. 🙏🩺
@Brajeshpathakup
Respected CM @myogiadityanath जी, एक CHO से OPD,इमरजेंसी, NCD,Lab,UDSP,आयुष्मान कार्ड,ABHA, TB, ANC,पोर्टल एंट्री, सर्वे, मीटिंग,और हजारों अतिरिक्त कार्य करवाए जा रहे हैं!
UPCHO का स्थायीकरण सुनिश्चित कीजिए!
✊काम भी पूरा, अधिकार भी पूरा!
#UPCHO#CHORegularCadre#upchopermanent
सुनिए प्रदेश अध्यक्ष सनत सिंह जी का बड़ा बयान। पारदर्शी ट्रांसफर पॉलिसी, कैडर निर्माण, 4800 पे-ग्रेड और नियमितीकरण की इस लड़ाई में जब तक निर्णायक परिणाम नहीं मिलता, संघर्ष जारी रहेगा।
#CHOPower#SanatSingh#UPHealthMission#JusticeForCHO
🚨 #CHO आंदोलन का 15वाँ दिन — संकल्प अटूट, संघर्ष निर्णायक! 🔥✊
17,000+ #CHOs ईको गार्डन में अपने हक़ और सम्मान की लड़ाई लड़ रहे हैं, ठोस निर्णय का इंतज़ार है!
हमारी मांगें स्पष्ट हैं:
📌 अलग CHO कैडर का गठन
📌 नियमितीकरण
📌 ₹4800 ग्रेड पे
📌 समान कार्य के लिए समान सम्मान एवं भुगतान
⚠️ अब केवल आश्वासन नहीं, लिखित शासनादेश चाहिए!
जब तक हक़ नहीं मिलेगा, संघर्ष जारी रहेगा!
@myogiadityanath@brajeshpathakup@CMOfficeUP@UPGovt@PMOIndia@JPNadda@MoHFW_INDIA@nhm_up@Achoup2023
#CHOreglarCaddre #UPCHO
*15 वे दिन भी इको गार्डन में डटे रहे CHO, शासन की चुप्पी ने आक्रोश बढ़ाया*
लखनऊ, 12 October। उत्तर प्रदेश के सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारियों (CHO) का इको गार्डन में धरना जारी रहा।
प्रदेश के विभिन्न जिलों से CHO पहुंचते रहे। कई जिलों में आयुष्मान आरोग्य मंदिर बंद रहने की खबरें आईं, क्योंकि कर्मी राजधानी के धरने में शामिल हुए।
ज्ञापन और धरना शुरू होने के बाद भी मुख्यमंत्री कार्यालय, स्वास्थ्य विभाग और NHM की ओर से कोई ठोस वार्ता या लिखित जवाब नहीं आया। CHO इसे लंबे समय से चली आ रही उपेक्षा बता रहे हैं। जिम्मेदारी बढ़ी, सेवा-सुरक्षा और सम्मानजनक मानदेय पर फैसला नहीं हुआ—यही आक्रोश का कारण है।
⬛ नौ सूत्रीय मांगें
**1. PBI को मूल मानदेय में शामिल किया जाए।**
**2. मासिक मानदेय ₹60,000 अथवा ₹4,800 ग्रेड-पे के समकक्ष वेतनमान तय हो।**
**3. पारदर्शी वार्षिक स्थानांतरण नीति लागू हो।**
**4. पृथक CHO कैडर बने और नियमितीकरण की स्पष्ट प्रक्रिया शुरू हो।**
**5. राज्य कर्मचारियों के समान DA एवं HRA मिले।**
**6. CHO और उनके आश्रितों को कैशलेस स्वास्थ्य सुविधा दी जाए।**
**7. ₹1 करोड़ का बीमा कवर उपलब्ध हो।**
**8. आगामी भर्तियों में सेवा अवधि के आधार पर अतिरिक्त वेटेज मिले।**
**9. अर्जित अवकाश (EL) की सुविधा दी जाए।**
CHO का सवाल साफ है—ग्रामीण स्वास्थ्य इन्हीं के कंधे पर है, फिर ये मांगें सालों से क्यों अटकी हैं। संगठन कहता है कि उद्देश्य सेवा बाधित करना नहीं, समयबद्ध संवाद है। निगाहें मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, स्वास्थ्य विभाग और NHM पर हैं। स्वीकार्य मांगों पर फैसला हो, शेष पर रोडमैप आए।
@myogiadityanath@brajeshpathakup@DyCMofficeBP@nhm_up@kpmaurya1@ChoUnion_UP@nhm_up@ABPNews@ZeeNews@aajtak@ndtvindia@TV9Bharatvarsh@News18India@Live_Hindustan@JagranNews@yadavakhilesh@samajwadiparty@mediacellsp@bstvlive@TOILucknow@dainikjagranlko@News18UP@IndiaNewsUP_UK@airnews_lucknow@abhijeet_dipke@Cockroachisback@CJP_2029@RahulGandhi@INCIndia@INCUttarPradesh@akschoab@officer_cho@Janaksingh4321@anas_president@bharatbeniwal_@Achoup2023@yadavakhilesh@BJP4UP
#UPCHOPermanentCadre
#UPCHO
माननीय मुख्य सचिव उत्तर प्रदेश@ChiefSecyUP जी, कृपया संज्ञान लें उत्तर प्रदेश के CHO का अनिश्चितकालीन धरना आज 15 वें दिन भी जारी है। लखनऊ के इको गार्डन में गाँव-गाँव प्राथमिक स्वास्थ्य सेवाएँ देने वाले CHO अपने अधिकार, सम्मान और सुरक्षित भविष्य के लिए संघर्ष कर रहे हैं।