"हमारी पहचान भील है, हमारी बोली भीली है, और हमारा हक 'भील प्रदेश' है। साजिशों की धुंध में हमारे वजूद को मिटाने की कोशिशें अब और सफल नहीं होंगी। हम एकजुट हैं और अपना अधिकार लेकर रहेंगे।
#हमारी_मांग_भीलप्रदेश"
मध्यप्रदेश की भाजपा सरकार ने सामाजिक कार्यकर्ता रामदेव काकोड़िया को षड्यंत्रपूर्वक झूठे मुकदमे में जेल भेजने का जो कृत किया है, वो कृत अंग्रेजों की नीतियों का दोहराना प्रतीत होता है।
ज्ञात हुआ है कि मध्यप्रदेश के श्रीनगर झिरनिया, जिला देवास में सामाजिक संगठनो के साथ मिलकर रामदेव काकोड़िया द्वारा 30 नवंबर को आदिवासी गोंडी धर्मगुरु पहांदी कुपार लिंगों की मूर्ति स्थापना का आयोजन करने जा रहे थे। इस दौरान आदिवासी अस्मिता के इस कार्य को षड्यंत्रपूर्वक रोकने के लिए मध्यप्रदेश की भाजपा सरकार ने आदिवासियों की आवाज दबाने का खोखला प्रयास किया है।
मध्यप्रदेश के साथियों को मेरा संदेश है कि भारत आदिवासी पार्टी जल जंगल जमीन, आदिवासी संस्कृति व परंपरा एवं इतिहास के लिए लड़ने वाले युवाओ के साथ है।
मुख्यमंत्री @DrMohanYadav51 ध्यान रहे, मध्यप्रदेश में लगभग 1.50 करोड़ के करीब आदिवासी समुदाय है, कितनो को जेल में डालोगे ?
नई दिल्ली संसद भवन में आयोजित सर्वदलिय बैठक में सम्मिलित हुए। इस दौरान भारत आदिवासी पार्टी का प्रतिनिधित्व करते हुए कल से चलने वाले संसद सत्र में निम्न विषय पर सदन में चर्चा हेतु मांग रखी गई -
1. देश में बढ़ते निजीकरण को रोकना व उसमें आरक्षण व्यवस्था लागू करना।
2. लोक सभा की विशेषाधिकार समिति का गठन।
3. देश में होने वाली जातिगत जनगणना से पूर्व दो करोड़ के करीब आदिवासी जिन्हें सामान्य वर्ग में गिना जा रहा है, उनकी ST पहचान पर चर्चा।
4. वन अधिकार अधिनियम 2006 व पैसा कानून 1996 को धरातल पर लागू करवाने हेतु चर्चा।
5. विभिन्न राज्यो में बढ़ती पेपर लीक की घटना पर रोक हेतु चर्चा।
6. खाद पदार्थ में उपयोग हो रहे पेस्टीसाइडस को रोकने हेतु कठोर कानून बनाने पर चर्चा।
7. प्राइवेट मेम्बर बिल व MP लेड बढ़ाने पर चर्चा।
8. आदिवासी बाहुल्य क्षेत्र में बढ़ते साइबर ठगी के अपराधों पर चर्चा।
इस प्रकार उक्त समस्त विषयों पर मानसून सत्र में चर्चा हेतु मांग रखी गई।
मानगढ़ की धरती पर 1507 भील वीरों का बलिदान आज भी गूंज रहा है। उनके बलिदान को आज भी सम्मान नहीं मिला क्योंकि भील आज भी बिखरे हुए हैं। उनकी आत्मा तभी शांत होगी जब एकजुट होकर हम भीलप्रदेश बनाएंगे।
#हमारी_मांग_भीलप्रदेश
जब तक भीलप्रदेश नहीं बनेगा
तब तक हमारे पूर्वजों का स्वाभिमान अधूरा रहेगा।
हमारे जल,जंगल,जमीन,खनिज,संस्कृति,
और रीति-रिवाजों की असली सुरक्षा की
तभी संभव है,जब हमें हमारा अपना 'भीलप्रदेश राज्य' मिलेगा!यह मांग हमारे अस्तित्व और अस्मिता की पुकार है। #हमारी_मांग_भीलप्रदेश@PMOIndia
राजस्थान #डूंगरपुर की एक आदिवासी विधवा की जमीन पर कब्जा करने की कोशिश हो रही है। मामला जोधपुर हाईकोर्ट में विचाराधीन है। फिर भी, प्रशासन और भूमाफिया मिलकर जल्दबाजी में उद्घाटन करने की कोशिश क्यों कर रहे हैं? क्या सरकार इस साजिश में शामिल है? 🌱🌱🌱
#आदिवासी_विधवा_की_जमीन_बचाओ
Today I met Tripura's tribal king and Tripura Indigenous Progressive Regional Alliance Party leader @PradyotManikya at Parliament House. Discussed various problems faced by tribals in the country today!
सलूम्बर विधानसभा उपचुनाव के अंतिम एक दो राउंड में गड़बड़ी की गई, उसकी शंका होने पर हमारे BAP पार्टी के प्रत्याशी ने recounting की डिमांड की लेकिन उस दौरान बीजेपी के पदाधिकारियों द्वारा रिटर्निंग अधिकारी पर दबाव बनाकर प्रमाण पत्र की प्रक्रिया करवा दीगई
#सलूम्बर_की_रिकाउंटिंग_करो
सलूम्बर विधानसभा उपचुनाव मतगणना में BAP के प्रत्याशी द्वारा समय पर रिकाउंटिंग की मांग करने के बावजूद संबंधित अधिकारी रिकॉउंटिंग नही करवा रहे हैं। यदि गड़बड़ी नही हुई है तो रिटर्निंग अधिकारी को रिकॉउंटिंग करवाने में क्या समस्या आ रही है ?
@ECISVEEP@SpokespersonECI
नरेश मीणा के ख़िलाफ़ एक तरफा कार्यवाही हुई तो बर्दास्त नहीं की जाएगी ।मुख्यमन्त्री महोदय से निवेदन है की मामले कि सही जाँच करवाये नहीं तो हम लोग भी सड़को पर आयेगे
@NareshMeena__
आज बांसवाड़ा भास्कर व बांसवाड़ा फस्ट इंडिया के रिपोर्टर द्वारा चलाई गई 'भ्रामक खबर' से कुछ महापुरुषों के कथन याद आ गये!
✒️ "जब तक मीडिया मेरे खिलाफ लिखती रहेगी, किसानों मैं तब तक तुम्हारा नेता रहूँगा। जिस दिन से मीडिया वाले मेरी प्रशंसा करना शुरू कर देंगे, समझ लेना में बिक चुका हूँ।" - चौधरी चरण सिंह (किसान नेता एवं पूर्व प्रधानमंत्री)
✒️ "जब तक मीडिया हमारे खिलाफ लिखता रहेगा तब तक समझ लेना ये आन्दोलन सही दिशा में चल रहा है। जिस दिन तरफदारी करना शुरू की, समझ लेना आन्दोलन गलत रास्ते पर चल रहा है।" - कांशीरामजी (दलित पीड़ित आन्दोलनकर्ता)
धर्म का चोला ओढ़कर आदिवासी को आदिवासी से लड़ाने की चाल चलने वाले मन्नालाल रावत, आपकी सरकार अगर सच में वंचित आदिवासियों का हित चाहती है तो राज्य की प्रशासनिक सेवा में क्षेत्रीय आधार पर बँटवारा, रेगिस्तान के आदिवासियों के लिये DTSA और अनुसूचित क्षेत्र में अनुच्छेद 244(1) के तहत आरक्षण लागू करवा देवे।
बाकी उपजातियों में वर्गीकरण की बात करके आदिवासी को आदिवासी से लड़ाने का काम बन्द करें।
भाजपा की सरकार में आदिवासी विधायक सुरक्षित नहीं है तो आम आदिवासीयों की क्या हालात होंगी?
एक जनप्रतिनिधी पर पत्थरबाजी व अभद्रतापूर्ण व्यवहार करने वाले गुण्डो को तुरन्त गिरफ्तार कर कठोर कार्यवाही अमल में लाई जावे। @RajCMO@PoliceRajasthan@IgpUdaipur
भीलप्रदेश की माँग आज़ादी से पहले से ही उठती आई है, क्योंकि यहाँ के लोगों की संस्कृति, भाषा, बोली और रीति रिवाज दूसरे प्रदेशों से अलग है, और हमें हमारी संस्कृति और सभ्यता को बचाने और उसके सरंक्षण के लिए अलग राज्य चाहिए!!
#हमारी_मांग_भीलप्रदेश#हमारी_मांग_भीलप्रदेश
भील राजाओं का गणतंत्रीय राज्य (Republic States) जिन - जिन इलाकों में थे,उन इलाकों को जोड़कर "भीलप्रदेश राज्य" बनाया जाए,यह मांग है!!
आप्रवासी लोग हमारे राजाओं को "जनजाति नायक" कहते हैं, सोचिए वे सच्चे इतिहास से कितने डरते हैं??
#हमारी_मांग_भीलप्रदेश@Bhilraj11@roat_mla
जब भाजपा के नेता किरोड़ी लाल मीणा जी कांग्रेस के शासन में आंदोलन धरना प्रदर्शन करते थे तब उनको गिरफ्तार या पुलिस दमन करती थी तब पूरी बीजेपी लोकतंत्र की दुहाई देती थी आज वहीं भाजपा अपने शासन में क्या कर रही है
अपने गिरेबान में क्यों नहीं झांक रही??
#मनोज_मीणा_को_रिहा_करो