धन्यवाद एवं आभार बड़नगर !!
बड़नगर की इस पावन धरा पर मिले आपके अपार स्नेह, सम्मान और आशीर्वाद से अभिभूत हूँ, जनता से मिला यह प्रेम और आशीर्वाद मेरे लिए सदैव अविस्मरणीय रहेगा।
#Badnagar
कथावाचक एवं कृष्ण जन्मभूमि प्रकरण के मुख्य पक्षकार कौशल किशोर ठाकुर जी ने सुदर्शन न्यूज़ के एक पॉडकास्ट में कृष्ण वंशजों के तथ्यों को बखूबी तरीके से साझा किया
@Spiritual_kk
जीत के बाद भी आशीष हेतू झुके वो है सुरतान ....
प्रचार में तो सभी जनादेश के आगे झुकने जाते है
लेकिन जश्न के नाम पर बड़ों को धन्यवाद देने के लिए मिले वही सच्चा सेवक होता हैं ।
वार्ड नंबर 1 से निर्दलीय प्रत्याशी सुरतान सिंह देवड़ा
हकदार व्यक्ति जीतता है तो मन हर्षित हो उठता है
BJP जिस अजमेर “नगर निगम चुनाव” में 36 वर्षों से अजेय था |
इस बार Dharmendra Singh Rathore जी ने उसी अजमेर में BJP को पटकनी दिया है,
राठौड़ साहब के अथक प्रयासों से ही यह संभव हुआ, जनता ने चुनाव परिणाम उनके पक्ष मे रखकर उनके प्रयासों को स्वीकार किया |
धर्मेन्द्र सिंह राठौड़ जी के EWS सरलीकरण के प्रयासों के बदौलत ही राजस्थान मे EWS सरलीकरण हुवा जिसके लिए क्षत्रिय समाज उनके लिए हमेशा कृतज्ञ रहेगा ||
EWS का मुद्दा हो, सामाजिक न्याय की बात हो या संगठन को चुनावी लड़ाई के लिए तैयार करना
राठौड़ लगातार अलग-अलग मोर्चों पर सक्रिय रहे हैं
EWS को पंचायत राज चुनावों में 10% राजनीतिक आरक्षण देने की उनकी मांग इसी सक्रियता का हिस्सा रही..
#अजमेर_का_धर्मेंद्र@DharmendraS_inc
बड़े चैलेंज क्रेक करना धर्मेंद्र जी राठौड़ से सीखना चाहिए।
उनकी मेहनत से अजमेर नगर निगम में कांग्रेस 36 साल बाद वापसी कर रही है ।
#अजमेर_का_धर्मेंद्र@DharmendraS_inc
करियाप धाम जैसलमेर जहां पाबूजी राठौड़ का प्राचीन मंदिर है और आज जहां नागणेच्या माताजी के मंदिर की प्राण प्रतिष्ठा हुई। इस पावन अवसर पर मुझे आमंत्रित करने, स्वागत करने और विचार रखने का समय देने के लिए आयोजन समिति का बहुत आभार व्यक्त करता हूँ।
I refuse to drop the debate on Jauhar until Rajput history is portrayed accurately and protected from political misinterpretation.
Read my latest piece on the Jauhar debacle published in 'The Dossier' today 👉🏼
https://t.co/pUEaCZ9jPM
*वार्ड 27 में मधु टाक की जीत, सेब के निशान पर लड़ा चुनाव; रविंद्र सिंह भाटी के नाम पर मांगे थे वोट* 🍎
बिलाड़ा। स्थानीय नगर निकाय चुनावों के परिणामों ने साफ कर दिया है कि जनता बदलाव और युवा चेहरों की राजनीति को तवज्जो दे रही है।
शहर के वार्ड नंबर 27 से निर्दलीय उम्मीदवार के रूप में ताल ठोकने वाली मधु टाक ने अपने निकटतम प्रतिद्वंदी को शिकस्त देकर जीत का परचम लहराया है। निर्वाचन विभाग द्वारा उन्हें 'सेब' का चुनाव चिन्ह आवंटित किया गया था।
*भाटी फैक्टर ने पलटी बाजी*
इस पूरे चुनाव में सबसे ज्यादा चर्चा मधु टाक के प्रचार करने के अनोखे अंदाज की रही। उन्होंने अपने *जनसंपर्क के दौरान किसी बड़ी राजनीतिक पार्टी की नीतियों के बजाय शिव विधायक रविंद्र सिंह भाटी के नाम, उनकी कार्यशैली और उनकी राजनीतिक विचारधारा को आगे रखा।*
बिलाड़ा की जनता, विशेषकर *युवाओं के बीच रविंद्र सिंह भाटी के बढ़ते क्रेज का मधु टाक को सीधा फायदा मिला।* 🍎
'भाटी-भाटी' के नारों के बीच मतदाताओं ने भी 'सेब' के निशान वाले बटन को दबाकर मधु टाक को नगर परिषद भेजने का फैसला सुना दिया।
@RavindraBhati__