हर्ष दुबे कौन है? किस हैसियत से वो जंतर-मंतर गया था, उसे किसने बुलाया था जंतर-मंतर, उसके बुलाने पर कितने लोग गए थे जंतर-मंतर? वो किस हैसियत से जबरन नेतागीरी कर रहा है!”
हर्ष दुबे सिर्फ़ एक छोटा बच्चा है, इसके अलावा कुछ नहीं है, हर्ष दुबे ये निकम्मापन छोड़ दो
UGC काले कानून को जड़ से उखाड़ फेंकने के लिए ये तीनो महारथी जी जान से लगे हुए है जिसमे आप सभी के सहयोग की आवश्यकता है ,तो जोर सोर से UGC बिल विरोध में कमेंट ,रिपोस्ट करते रहिए ताकि हम अपने कठिन संघर्षों से सरकार को अपना मन बदलने के लिए मजबूर कर सके।✍️🙏
#UGC_काला_कानून_वापस_लो
मुझे लगता है कि 2014 में जो धतूरा खाकर हिंदू राष्ट्र बनाया था, उसका नशा 2027 में उतर जाएगा ।
सनातन धर्म के प्रखर वक्ता गौतम खट्टर को गोवा पुलिस ने जो गिरफ्तार किया है वह किसी व्यक्ति को नहीं बल्कि विचारधारा और आस्था को कैद किया है।
#karnisena#hindu#सनातन#गौतम#gautamkhattar
फ़ेसबुक को Anti Hindu कंटेन्ट कभी नज़र नही आता है... हाँ आप 1 गाली या वर्ग विशेष के बारे में कुछ भी लिख दो, तुरन्त एकाउंट suspend हो जाएगा !!!
#AntiHindu_Facebook
🔥 🔥 🔥 UGC वाला मुद्दा चारो तरफ़ फेल चुका है। सारे सोशल मीडिया प्लेटफार्म पर UGC काला क़ानून चर्चा में है।
पहली बार सवर्णों में ऐसा जोश दिख रहा है। ये ऐतिहासिक है, अगर ऐसे ही कुछ दिन और चला, तो भाजपा को बैकफुट पर आना पड़ेगा।
बस कुछ दिन और ज़ोर से लगे रहिये। ✅
#UGC_Roll_Back
जहाँ देश को जोड़ने वाले नियम आने चाहिए थे,लेकिन UGC Equity Regulation के रूप में नया क़ानून लाकर छात्रों के बीच एक जातीय खाई खोदी जा रही है
सवर्ण बच्चे क्या इस देश के नागरिक नहीं है @narendramodi जी
जहाँ देश को जोड़ने वाले नियम आने चाहिए थे,लेकिन UGC Equity Regulation के रूप में नया क़ानून लाकर छात्रों के बीच एक जातीय खाई खोदी जा रही है
सवर्ण बच्चे क्या इस देश के नागरिक नहीं है @narendramodi जी
#ModiFailedGC#UGC_RollBack
#UGC_RollBack
❌ न्याय नहीं, डर का माहौल बनाया जा रहा है।
❌ सबूत से पहले दोषी ठहराने की व्यवस्था।
❌ झूठी शिकायतों पर कोई सज़ा नहीं।
ये “इक्विटी” नहीं है — ये Natural Justice का उल्लंघन है।
UGC के नए दिशानिर्देश
➡️ शिक्षा को सुरक्षित नहीं, असुरक्षित बना रहे हैं
➡️ प्रोफेसर और छात्रों को डर में डाल रहे हैं
➡️ न्याय की जगह “कम्प्लायंस प्रेशर” थोप रहे हैं
संरक्षण के नाम पर उत्पीड़न स्वीकार नहीं।
इक्विटी की आड़ में अन्याय नहीं चलेगा।
👉 UGC Guidelines को तुरंत Rollback करो।
#UGC_RollBack #NaturalJustice #ReservationReform #JusticeNotPersecution #EducationInCrisis
सेवा में,
महामहिम श्रीमती द्रौपदी मुर्मू जी
राष्ट्रपति, भारतवर्ष,
राष्ट्रपति भवन, नई दिल्ली
श्री नरेंद्र भाई मोदी जी,
माननीय प्रधानमंत्री महोदय
प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO)
नई दिल्ली!
विषय: UGC (Promotion of Equity in Higher Education Institutions) Regulations, 2026 को तत्काल प्रभाव से वापस (Rollback) लेने के संबंध में।
महोदय,
सविनय निवेदन है कि विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (UGC) द्वारा जनवरी 2026 में जारी की गई UGC (Promotion of Equity in Higher Education Institutions) Regulations, 2026, जिसे दिनांक 15 जनवरी 2026 को भारत के राजपत्र में अधिसूचित कर तत्काल प्रभाव से लागू किया गया है, अत्यंत गंभीर संवैधानिक एवं विधिक प्रश्न उत्पन्न करती है।
यह अधिसूचना उच्च शिक्षा संस्थानों में जाति-आधारित भेदभाव को रोकने के उद्देश्य से लाई गई बताई जा रही है तथा इसमें SC, ST, OBC एवं दिव्यांग छात्रों के अधिकारों की सुरक्षा पर विशेष बल दिया गया है। इसके अंतर्गत सभी विश्वविद्यालयों एवं उच्च शिक्षा संस्थानों में 90 दिनों के भीतर इक्विटी कमेटियों के गठन का प्रावधान किया गया है, जिन्हें शिकायतों की जांच का अधिकार दिया गया है।
महोदय, क्षत्रिय करणी सेना का यह स्पष्ट एवं दृढ़ मत है कि उक्त अधिसूचना भारत के संविधान में प्रदत्त समानता के मूल अधिकार (अनुच्छेद 14, 15 एवं 21) की भावना के अनुरूप नहीं है। भारत का संविधान सभी नागरिकों को समानता का अधिकार प्रदान करता है, किंतु यह अधिसूचना समानता की समग्र अवधारणा को स्थापित करने के स्थान पर केवल SC, ST एवं OBC वर्ग के छात्रों के अधिकारों पर केंद्रित है, जबकि सामान्य वर्ग (General Category) के छात्रों के अधिकारों एवं संवैधानिक संरक्षण को पूर्णतः नजरअंदाज करती है।
यह अधिसूचना एकतरफा दृष्टिकोण अपनाते हुए समान अवसर (Equal Opportunity) के सिद्धांत को कमजोर करती है, जो कि संविधान की मूल संरचना (Basic Structure of the Constitution) के प्रतिकूल है। किसी भी कानून या नियम का उद्देश्य सभी वर्गों के लिए न्याय सुनिश्चित करना होना चाहिए, न कि किसी एक वर्ग के पक्ष में असंतुलन उत्पन्न करना।
यह भी उल्लेखनीय है कि प्रारंभिक ड्राफ्ट में OBC वर्ग को शामिल न किए जाने तथा झूठी या फर्जी शिकायतों पर किसी प्रकार के दंडात्मक प्रावधान के अभाव को लेकर व्यापक विवाद उत्पन्न हुआ था। यद्यपि अंतिम संस्करण में OBC वर्ग को सम्मिलित कर लिया गया, तथापि दुर्भावनापूर्ण अथवा झूठी शिकायतों पर दंड का कोई प्रावधान न होना, इस अधिसूचना को और अधिक खतरनाक बनाता है तथा इसके दुरुपयोग की व्यापक संभावना उत्पन्न करता है।
महोदय, उत्तर प्रदेश सहित देश के अनेक राज्यों में यह अधिसूचना विश्वविद्यालयों पर लागू की जा चुकी है, जिसके परिणामस्वरूप शैक्षणिक परिसरों में भय, असंतोष एवं असमानता का वातावरण उत्पन्न हो रहा है।
यह तथ्य भी विचारणीय है कि भारत की अनुमानित जनसंख्या लगभग 140 करोड़ है, जिसमें से लगभग एक-तिहाई जनसंख्या सामान्य वर्ग की है, अर्थात लगभग 40 से 50 करोड़ नागरिक। इस प्रकार की अधिसूचनाएँ सामान्य वर्ग के करोड़ों छात्रों एवं नागरिकों के संवैधानिक अधिकारों का प्रत्यक्ष उल्लंघन करती हैं।
इसके अतिरिक्त, देश के विकास, प्रशासन, शिक्षा, उद्योग एवं राजस्व सृजन में सामान्य वर्ग का योगदान अत्यंत महत्वपूर्ण एवं अग्रणी रहा है। इसके बावजूद, इस प्रकार की अधिसूचनाओं के माध्यम से सामान्य वर्ग के अधिकारों एवं संवैधानिक संरक्षण का निरंतर हनन किया जाना, समाज में व्यापक असंतोष एवं नाराजगी को जन्म दे रहा है।
अतः क्षत्रिय करणी सेना, भारत सरकार से यह स्पष्ट एवं सशक्त मांग करती है कि उक्त UGC अधिसूचना को तत्काल प्रभाव से वापस (Rollback) लिया जाए तथा सभी वर्गों के छात्रों के अधिकारों को समान रूप से ध्यान में रखते हुए एक निष्पक्ष, संतुलित एवं संविधानसम्मत नीति का निर्माण किया जाए।
हम यह भी स्पष्ट करना चाहते हैं कि जब तक इस अधिसूचना को वापस नहीं लिया जाता, क्षत्रिय करणी सेना लोकतांत्रिक, संवैधानिक एवं विधिक तरीकों से इसका विरोध करती रहेगी तथा आवश्यकता पड़ने पर अपने संवैधानिक अधिकारों के अंतर्गत विधिक उपाय अपनाने के लिए भी बाध्य होगी।
आशा है कि माननीय प्रधानमंत्री महोदय इस गंभीर एवं संवेदनशील विषय पर शीघ्र संज्ञान लेते हुए न्यायोचित एवं राष्ट्रहित में निर्णय प्रदान करेंगे।
सधन्यवाद।
भवदीय,
डॉ राज शेखावत, पूर्व BSF
संस्थापक एवं राष्ट्रीय अध्यक्ष
क्षत्रिय करणी सेना
@rashtrapatibhvn@PMOIndia@AmitShah@aajtak@ABPNews@ZeeNews@BBCHindi@ZeeNewsEnglish@CNNnews18@NEWS@BBCBreaking@CNNnews18@Republic_Bharat@abpasmitatv@ndtv@timesofindia@zeerajasthan_@DDNewslive
Breaking News:
सुप्रीम कोर्ट का आदेश :-
दुबारा होंगे हरियाणा विधान सभा चुनाव…
राहुल गांधी पहुँचे थे सुप्रीम कोर्ट,
EVM की गड़बड़ी को लेकर की शिकायत।
सुप्रीम कोर्ट ने दिया दुबारा चुनाव का आदेश।
2029 में होंगे चुनाव।
राहुल जी ने बताई इसे कॉंग्रेस की जीत
🤔🙏🙏🙏
शेख हसीना को बड़ा झटका!
ब्रिटेन ने बांगलादेश की प्रधानमंत्री शेख हसीना को शरण देने से किया इनकार।
भारत ने दी शेख हसीना को शरण।
बांग्लादेश में सेना के तख्तापलट के बाद शेख हसीना बांग्लादेश से भागकर आई
भारत ।
हिंदुओं यह पापी जेल में होना चाहिए
जब तक गिरफ्तार नहीं होता तब तक REPOST और कमेंट करते रहें
नाम : इरफान मुंशी
पता : कोलकाता, पश्चिम बंगाल
@KolkataPolice क्या यह व्यक्ति गिरफ्तार होगा या फिर पश्चिम बंगाल में इन चीजों की आजादी हैं?
कृपया इसका जांच करें एवं तत्काल प्रभाव से सख्त कार्रवाई कीजिए
@JavedMustafa_@BteupOfficial
महोदय आपको अवगत कराना चाहते है की जुलाई2024 के परीक्षा में branch-Electrical engineering के
2 पेपर 08 जुलाई को एक ही दिन सेमेस्टर पेपर और बैक पेपर है ।
1-Electronic Instruments measurement (semester paper)
2-Electrical engineering 1 (back paper)
@JavedMustafa_@BteupOfficial
महोदय आपको अवगत कराना चाहते है की जुलाई2024 के परीक्षा में branch-Electrical engineering के
2 पेपर 08 जुलाई को एक ही दिन सेमेस्टर पेपर और बैक पेपर है ।
1-Electronic Instruments measurement (semester paper)
2-Electrical engineering 1 (back paper)
महोदय
कृपया संज्ञान ले, कि कानपुर नगर के घाटमपुर के SBI बैंक मैनेजर का कहना है कि आप बीमा पॉलिसी नही लेते है तो आपके कोई भी कार्य नही किए जाएंगे ।
यह नियम कहा तक सही है?🤔
किसी को कुछ आवश्यक कार्य भी करना होगा तो नही होगा ।
@sbi_yfi@sbigeneral
महोदय,
क्या आपकी बैंक में कुछ ऐसे भी नियम है की अगर स्वास्थ्य बीमा न करवाया जाए तो ग्राहक के अन्य कार्य भी रोक दिए जाए ?
मेरा अकाउंट घाटमपुर (001057) में है। वहां के ब्रांच मैनेजर का कहना है कि जब तक आप पॉलिसी नही खरीदेगे तब तक आपका कोई भी कार्य नही किया जाएगा @TheOfficialSBI