युवाओं को स्थायी रोजगार चाहिए, “संविदा” पर भविष्य नहीं।
राज्य को Regular Assistant Professor भर्ती निकालनी चाहिए,
ना कि कम वेतन और अस्थायी व्यवस्था वाली Teaching Associate भर्ती।
योग्य अभ्यर्थी वर्षों से नियमित भर्ती का इंतजार कर रहे हैं।
शिक्षा व्यवस्था को भी स्थायी और गुणवत्तापूर्ण शिक���षकों की जरूरत है, न कि हर कुछ महीनों में बदलने वाले संविदाकर्मियों की।
राजस्थान के उच्च शिक्षित युवाओं को बंधुआ मजदूर बनाने वाली इस योजना को युवा कभी भी बर्दाश्त नहीं करेगा। इस योजना के माध्यम से राजस्थान सरकार बौद्धिकता को कुचलकर युवाओं को पंगु बनाना चाहती है जो की राज्य का युवा कदापि स्वीकार नहीं करेगा
@RajGovOfficial@RajCMO@DrPremBairwa
@alokrajRSSB@alokrajRSSB जी NET/PHD वालों को अब बंधुआ मजदूर बनाते आपको शर्म भी नहीं आयी🤔🤔
उच्च शिक्षा का स्तर गिराने में लगे हुए हो
अब PHD वाले उज्जवल भ���िष्य का सपने देखने वालों को ₹28850/- वाली दिहाड़ी दी जाएगी🤔 उनको स्थाई जॉब भी नहीं🤔
@AshutoshRanka Good work brother 👍👍👍
Bhai aap ekdum shi point of view rkh rhe ho ye hi haal kr rkhe h govt ne NEP -2020 apply krke sb university me, kuch bhi time nhi hota h ab
राजस्थान मे सरकारी कॉलेजों मे संविदा भर्ती नहीं होनी चाहिए
क्या @ugc_india Pay Scale 57700 वेतन दिया जा रहा है?
क्या @RajGovOfficial 5 साल बाद इन्हें नियमित करेगी?
क्या विद्यासंबल में पिछले 5 साल से काम कर रहे उच्च शिक्षित बेरोजगारो को कोई संबल मिलेगा?
@8PMnoCM@BhajanlalBjp
राजस्थान में सरकार ने टीचिंग एसोसिएट की भर्ती निकाली है। कॉलेज प्रोफेसर को 28 हजार 500 रुपए तनख्वाह की 5 साल संविदा नौकरी मिलेगी। इसका विरोध जारी है। सवाल बड़ा है शिक्षण संस्थानों में ठेके के मॉडल से, कैसे भविष्य का निर्माण होगा? युवाओं को रोजगार?
#शिक्षावीर_संविदा_भर्ती_बंद_करो
क्यों ना राजस्थान के शिक्षा मंत्री को भी संविदा पर रखा जाये? वैसे भी काम तो कुछ कर नहीं रहे, जो है उसको भी बर्बाद करने पर ���ुले है। कम से कम सरकार के पैसे ही बच जायेंगे।
अगर सरकार इसके लिए तैयार है तो हम संविदा पर नियुक्तियों को पूर्ण समर्थन देंगे।
राजस्थान में सरकार ने टीचिंग एसोसिएट की भर्ती निकाली है। कॉलेज प्रोफेसर को 28 हजार 500 रुपए तनख्वाह की 5 साल संविदा नौकरी मिलेगी। इसका विरोध जारी है। सवाल बड़ा है शिक्षण संस्थानों में ठेके के मॉडल से, कैसे भविष्य का निर्माण होगा? युवाओं को रोजगार?
#शिक्षावीर_संविदा_भर्ती_बंद_करो
असिस्टेंट प्रोफेसर भर्ती पे संविदा कर्मचारी लगाकर जो ठेका प्रणाली शुरू हो रही है वो विद्यालयों में आके रुकेगी
आने वाले समय में सरकारी नौकरी इतिहास होगी
ऐसा लग रहा है
😶 👇👇👇