फेलस्वी ने प्लास्टिक बोतल डस्टबिन में फेंकने के बजाय वहीं फेककर गंदगी फैलाने का काम किया है ये बिहार को क्या साफ रखेगा।
एक तरफ देश में स्वच्छता अभियान चल रहा है और ये CM बनने के सपने देखने वाला प्लास्टिक फेंक कर बिहार में गंदगी फैला रहा है।
कम पढ़े लिखे लोग गंदगी फैलाते हैं।
मैं, आप सभी का बेटा और भाई खेसारी लाल यादव, इस बार छपरा विधानसभा से चुनाव लड़ रहा हूँ।
मैं कोई परंपरागत नेता नहीं हूँ, मैं आप सभी जनता जनार्दन का बेटा हूँ, खेत-खलिहान का लाल हूँ, हर तबके की आवाज़ हूँ और युवा भाइयों का जोश हूँ।
मेरे लिए राजनीति कोई कुर्सी की दौड़ नहीं है, ये एक ज़िम्मेदारी है, छपरा के हर घर तक विकास पहुँचाने की, हर दिल की आवाज़ बनने की।
राष्ट्रीय जनता दल की विचारधारा,
आदरणीय श्री @laluprasadrjd जी का संघर्ष और बड़े भाई श्री @yadavtejashwi जी का युवा नेतृत्व एवं आप सभी का आशीर्वाद व भरोसा अब यही मेरे रास्ते का दीपक हैं।🙏🏻
@RJDforIndia
🚨 हरिद्वार से शर्मनाक तस्वीर
जिला अस्पताल में एक महिला को फर्श पर ही बच्चे को जन्म देना पड़ा, क्योंकि समय रहते उसे भर्ती नहीं किया गया।
👉 एक ओर धामी सरकार विज्ञापनों पर करोड़ों खर्च कर रही है
👉 दूसरी ओर, अस्पतालों की हालत यह है कि बुनियादी सुविधाएँ भी नहीं मिल पा रहीं
अगर थोड़े पैसे प्रचार की बजाय स्वास्थ्य ढांचे पर लगाए जाते, तो शायद यह दिन देखने को न मिलता।
जनता के टैक्स का पैसा नेताओं की मौज-मस्ती और इमेज बनाने में उड़ाया जा रहा है, जबकि आम इंसान को इलाज तक नहीं मिलता।
❓आपके हिसाब से सरकार की सबसे बड़ी प्राथमिकता क्या होनी चाहिए — विज्ञापन या जनता की बुनियादी सुविधाएँ?
बिहार में 07 निश्चय योजना के अंतर्गत 12वीं कक्षा उत्तीर्ण छात्र जो उच्च शिक्षा प्राप्त करना चाहते हैं उनके लिए 02 अक्टूबर 2016 से बिहार स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना लागू है। बिहार स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना के अंतर्गत उच्च शिक्षा प्राप्त करने के लिए अधिकतम 04 लाख रुपए का शिक्षा ऋण सामान्य आवेदक को 04 प्रतिशत ब्याज दर पर तथा महिला, दिव्यांग एवं ट्रांसजेन्डर आवेदक को मात्र 01 प्रतिशत ब्याज दर पर दिया जाता है।
मुझे यह बताते हुए अत्यंत खुशी हो रही है कि अब स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना के अंतर्गत दिए जाने वाले शिक्षा ऋण की राशि सभी आवेदकों के लिए ब्याज रहित होगी।
साथ ही 02 लाख रुपए तक के शिक्षा ऋण को 60 मासिक किस्तों (05 वर्ष) में वापस करने का प्रावधान था, जिसे अब बढ़ाकर अधिकतम 84 मासिक किस्तों (07 वर्ष) में तथा 02 लाख से ऊपर ऋण राशि को 84 मासिक (07 वर्ष) किस्तों से बढ़ाकर अधिकतम 120 मासिक (10 वर्ष) किस्तों में वापस करने का प्रावधान किया गया है।
हमलोगों का उद्देश्य है कि राज्य के अधिक से अधिक छात्र-छात्राएं उच्च शिक्षा प्राप्त कर सकें। उच्च शिक्षा के लिए प्रदान की जाने वाली शिक्षा ऋण में दी जाने वाली इन सुविधाओं से छात्रों के मनोबल में वृद्धि होगी और वे अधिक उत्साह एवं लगन से उच्च शिक्षा प्राप्त कर अपने भविष्य के साथ-साथ राज्य एवं देश का भविष्य भी संवार सकेंगे।
हर परीक्षा में पेपर लीक, धांधली, अनियमितताएं, भारी भ्रष्टाचार और घोटाले, यही है भाजपा सरकार का असली चेहरा!
देश का युवा चुप नहीं बैठेगा.. वो सवाल करेगा और उन सवालों के जवाब मोदी सरकार को देने ही होंगे!
#SSCMisManagement#SSC_System_Sudharo