अपने पास बुलाने के बाद हमने उसको दूसरी जगह भेज दिया अब शांति से नौकरी करता है और भीमगिरि का कीड़ा उसके अंदर से हमेशा के लिए निकल गया, इलाज ऐसे किया जाता है, हमें पता है इन भीमटो को कौन सा इंजेक्शन लगाना है जिससे ये जल्दी से ठीक हो जाएं, अब वो अन्य भीमटो को भी समझाता है।
एक भीमटा हमारे पास काम करता था,25 दिसंबर को मनुस्मृति दहन दिवस मनाया, हमने HR डिपार्टमेंट को कॉल करके उसका फाइनल हिसाब दिलवा दिया और बोला जाकर बाबा साहब से नौकरी ले ले, उसकी बीवी बीमार रहती थी घर जाने के बाद उसकी बीवी और उसकी मां ने हमे कॉल करके रिक्वेस्ट किया फिर हमने वापस बुलाय
मेडिकल में आरक्षण के जरिए अयोग्यों को घुसाने का कारनामा विश्व में केवल मोदी कर सकते हैं।
पर किसी को चिंतित होने की जरूरत नहीं है।
ये डाक्टर वो आम आदमियों के लिए तैयार कर रहे हैं।
अपना ईलाज तो वो विदेश् में या यहां सवर्ण चिकित्सक से कराऐंगे।
जब आरक्षण की समझ कम हो तो ऐसे ही हर जगह घोटाला नज़र आता है!!
अब सच्चाई, जो इनको सुननी ही नहीं👇
1. आरक्षण कैडर के कुल सीटों पर लागू होता है, हर बार खाली हुई सीटों पर नहीं!
2.आरक्षित सीटें रोस्टर सिस्टम के तहत भरी जाती हैं! जिस कैटेगरी में ज़्यादा खाली सीट होगी, उसकी ज़्यादा vacancies होंगी!
3. आरक्षित सीटों को उसी कैटेगरी के लोग भर सकते हैं, दूसरी कैटेगरी के लोग नहीं!
4. EWS आया 2019 में, इसलिए इसकी vacancies ज़्यादा हैं, क्योंकि इसकी सीटें अभी तक पूरी नहीं भरी जा सकीं! बाकी आरक्षण सालों से चल रहा है, इसलिए इनकी सीटें ज़्यादातर भरी होती हैं, और हर साल खाली हुई vacancies कम होती हैं!
5. हर बार जो वेकैंसी निकलती है, उसमें खाली पदों की संख्या बदलती रहती है-इसी से पता चलता है कि जितने पद खाली होते हैं उस हिसाब से वेकैंसी आती है!
तब तो फिर तू चुटिया है, क्योंकि मोदी ही सवर्णों को बर्बाद करने वाले कानून को बढ़ावा दिया, और पूरे समाज को आपस में लड़वा दिया, मोदी सत्ता में रहा तो सवर्णों को देश से निकालने वाला कानून ले आएगा,@ajeetbharti के सामने तुझ जैसे चमचे शून्य है, इसलिए अपनी तुलना अजीत भाई से मत किया कर।
अजीत भारती से मेरी कोई निजी दुश्मनी नहीं है, हम दोनों ही सवर्ण हैं
मैं ब्राह्मण हूँ और वो भूमिहार
इस हिसाब से हमारे बीच रोटी-बेटी का भी संबंध नहीं है
ना उसने मेरा खेत हड़पा है और ना मैनें उसकी भैंस चुराई है
हमारे बीच सिर्फ और सिर्फ विचारधारा का द्वंद है
#आरक्षण और #STSCएक्ट को लेकर अजीत भारती के उठाए सभी मुद्दों से मेरी पूर्ण सहमति है लेकिन उसका तरीका एकदम वाहियात है उसकी नियत बिल्कुल सही नहीं है
इन मुद्दों का समाधान वो बीजेपी को सत्ता से हटाकर करना चाहता है जबकि इन मुद्दों का समाधान मैं बीजेपी को सत्ता में रखकर और बीजेपी को मजबूत बनाकर करना चाहता हूं
वो समाज को तोड़ने का इरादा रखता है मैं समाज को जोड़ने में लगा हूं
वो दलितों को अपमानित करता है उनके नेता पर अभद्र अश्लील टिप्पणियाँ करता है क्योंकि किसी नीच ने उसके शो में उसकी बहन पर अभद्र टिप्पणी कर दी थी
लेकिन किसी दुष्ट की हरकत के लिए उसके पुरे समाज को अपमानित करना कैसे उचित हो सकता है
बुरें लोग तो हर समाज में हर वर्ग में होते हैं
अजीत भारती के पास असीमित संसाधन हैं असंख्य फालोवर्स हैं मेरे पास सीमित साधन है और गिने-चुने फालोवर्स हैं
लेकिन फिर भी मैं सीना ठोंक कर अपनी पार्टी अपनी सरकार और अपने समाज के साथ खड़ा हूँ और सदैव खड़ा रहूँगा 💪🏻
#लखनऊ के मलिहाबाद में मो० बिलाल खान और राफे ने राजू यादव को छेद दिया।
अमानीगंज फाटक पर सरेआम खून-खराबा, आरा मशीन पर बैठे राजू यादव पर चलाई गईं गोलियां।
कारोबारी रंजिश का खूनी खेल, एग्रीमेंट के विवाद में सीधे चलाई गई गोली।
सवर्णों को टारगेट करने वाले नमाजवादी यदुमुल्ले Zहीर अब किस बिल में घुस गए ??
कुल सीटें - 62
- UR (General): सिर्फ 2 सीटें 🥱
- EWS: 3
- OBC: 25
- SC: 24
- ST: 8
बताओ इस आरक्षण को क्या नाम दिया जाएगा? मतलब आपको योग्य उम्मीदवार नहीं मिल रहा है तो उसके लिए जीवन पर्यन्त वह सीटें खाली रहेगीं?
जबकि UR पर सबकी बपौती है।
ध्यान से शक्ल देखना यह वही नड्डा जी हैं जो जनरल कैटेगरी की नाराजगी दूर करने का ड्रामा कर रहे थे ब्राह्मणों को गाली देने वाले और महिलाओं पर आपत्तिजनक टिप्पणी करने वाले प्रीतम लोधी को निष्कासन के कुछ ही दिनों के भीतर वापस पार्टी में गुलदस्ता देकर बुला लिया गया
मोदी का एक कार्य हमें पसंद आया, मोदी ने सवर्णों को एकत्रित कर दिया, जो आपस में लड़ते रहते थे,
यदि ये एकता बनी रही तो धर्मद्रोही और देशद्रोही इस देश से विलुप्त हो जाएंगे। और देश में शांति स्थापित हो जाएगी।
कुछ दिन बाद नेहरू जी हर चौराहे पर बोलते हुवे मिलेंगे की मोदी जी से महान प्रधानमंत्री कोई हो नहीं सकता ,
अभी स्वामी चिन्मयानंद जी महाराज से कहलवाया है मोदी जी ने क्योंकि ज़िंदा व्यक्ति तो तारीफ़ कर नहीं सकता मोदी जी का
क्योंकि जनता जान चुकी है की मोदी से घटिया प्रधानमंत्री कोई हो नहीं सकता ,जिसने हिंदू मुस्लिम करके सत्ता हासिल किया अब सवर्ण -ओबीसी और दलित को आपस में लड़ा रहे हैं ताकि सत्ता में बने रहे , लेकिन अब जनता जान चुकी की मोदी रह गए तो ये देश रसातल में चला जाएगा और जातीय हिंसा में यह देश जल जाएगा ।
@narendramodi
बीजेपी पहले भी सवर्ण विरोधी थी, पर सामान्य वर्ग राष्ट्र के लिए चुप रहता था। पर यूजीसी बिल पर सामान्य वर्ग का धैर्य जवाब दे गया और विरोध करना शुरू किया, इस उम्मीद में कि बीजेपी अपने वोटरों की समस्या का निदान करेगी, लेकिन सामान्य वर्ग के विरोध पर भी बीजेपी की चुप्पी ने साबित कर दिया कि सामान्य वर्ग केवल बीजेपी का वोट बैंक है और कुछ नहीं।
हिंदुस्तान से १५% दलित गए थे पाकिस्तान अब वह सिर्फ १ % बचे है।
वहाँ पर कौनसा ठाकुर, पंडित, ब्राह्मण का राज चल रहा है जिससे दलित खतम हो गए?
दलितों होश मे आ जाओ
हिंदू आस्था, धर्म और संस्कृति का विनाश कांग्रेस ने नहीं, बीजेपी के तथाकथित हिंदुत्ववादियों ने किया-
- प्रमुख मंदिरों में चोरी की घटनाऐं इसी शासन में हुई
-देवी-देवताओं का सरेआम अपमान इसी काल में हुआ और ऐसा करने वालों को संरक्षित किया
-शिक्षा व्यवस्था ध्वस्त कर दी गई
आरक्षण वालों को बार्डर पर देश की रक्षा के लिए पहली पंक्ति में भेजना चाहिए, मोदी जी तो वैसे भी कह रहे हैं देश के संसाधनों पर पहला हक दलितों और आदिवासियों का है, तो देश की रक्षा की जिम्मेदारी का भी पहला हक उन्हीं का होना जरूरी है।