माननीय मुख्यमंत्री @samrat4bjp जी एवं शिक्षा मंत्री @mkrtiwari_bjp जी बिहार के लाखों शिक्षकों को देना है 5 सितंबर को सम्मान, तो दे दीजिए सातवां वेतनमान!
7th CPC का वास्तविक पे-मैट्रिक्स और पूर्ण वेतनमान अविलंब लागू हो
#BiharTeachersNeed7thPay@aajtak@ZeeNews
बिहार के छात्रों का सवाल बहुत सीधा है - भर्ती परीक्षाओं में गड़बड़ी क्यों? पेपर लीक के आरोपों पर कार्रवाई क्यों नहीं? और युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ कब तक?
BPSC की परीक्षाओं का विवाद आज का नहीं है। छात्र लंबे समय से भर्ती प्रक्रिया, परीक्षा पैटर्न, देरी और पारदर्श���ता को लेकर सड़कों पर हैं।
पर सरकार जवाब देने के बजाय कर क्या रही है? लाठी और वॉटर कैनन चला रही है। छात्रों को हिरासत में ले रही है। सीवान में तो प्रदर्शनकारियों पर AK 47 द्वारा गोलीबारी तक सामने आई।
यह सिर्फ़ पुलिस की कार्रवाई का सवाल नहीं। यह उस BJP सरकार की मानसिकता का सवाल है, जिसके पास जवाब नहीं है��� - इसलिए वह पुलिस को जवाबदेही से बचने का हथियार बना रही है।
BJP सरकार यह समझ ले - लाठी से सवाल नहीं रुकते। डराकर किसी का भविष्य नहीं छीना जा सकता।
बिहार के छात्र सवाल पूछते रहेंगे। और अब सिर्फ़ जवाब नहीं - जवाबदेही चाहिए।
#ChhatronKiGoonj
उमंग, उल्लास, उम्मीद, उत्साह, सुख, समृद्धि, सद्भाव, प्रेम और भाईचारे का रंग हमेशा आपके जीवन को महकाते रहें।
रंगों के उत्सव होली की मुबारकबाद।
#TejashwiYadav#RJD#Holi#bihar
पटना में NEET की आकांक्षी छात्रा की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत और उसके बाद की पूरी कार्रवाई ने एक बार फिर सिस्टम की गहरी सड़ांध को उजागर कर दिया है।
पीड़ित परिवार ने जब निष्पक्ष जाँच और न्याय की माँग की, तो वही पुराना भाजपा-NDA मॉडल सामने आ गया - केस को भटकाओ, परिजनों को प्रताड़ित करो और अपराधियों को सत्ता का संरक्षण दो।
इस बेटी के लिए न्याय की आवाज़ बनकर साथी सांसद पप्पू यादव जी मजबूती से खड़े हुए।
आज उनकी गिरफ़्तारी साफ़ तौर पर राजनीतिक प्रतिशोध है ताकि जवाबदेही माँगने वाली हर आवाज़ को डराया और दबाया जा सके।
सबसे चिंताजनक तथ्य यह है कि यह घटना किसी एक मामले तक सीमित नहीं दिखती।
यह एक भयावह साज़िश और खतरनाक पैटर्न की ओर इशारा करती है, जहाँ और भी बेटियाँ शिकार बन रही हैं और सत्ता इस खौफ़नाक सच्चाई से आँखें मूँद कर बैठी है।
यह राजनीति नहीं, इंसाफ़ का सवाल है। यह बिहार की बेटी की इज़्ज़त और सुरक्षा का सवाल है।
पूरा देश कह रहा है कि हालिया बिहार विधानसभा चुनाव में लोक हारा और तंत्र जीता। इन्होंने जनतंत्र को धन-तंत्र और मशीन तंत्र बना दिया है। छल-कपट-प्रपंच और मशीनरी से प्राप्त जनादेश को जनता कितना स्वीकार रही है वह सभी जानते है।
हम शुरू से ही सकारात्मक राजनीति करते आए है इसलिए सरकार गठन के 100 दिन तक नई सरकार की नीतियों, निर्णयों और कार्यक्रमों पर कोई टिप्पणी नहीं करेंगे लेकिन लोगों के साथ सरकार के कार्यों की विवेचना करते रहेंगे।
डबल इंजन सरकार में अपराध, भ्रष्टाचार, रिश्वतखोरी, पलायन, शिक्षा, चिकित्सा और विधि व्यवस्था का क्या हश्र है यह किसी से छुपा नहीं है?
���म चाहते है कि डबल इंजन सरकार अपने घोषणा पत्र पर अमल करें जिसमें प्रदेश की 2.5 करोड़ महिलाओं को 2 लाख रुपए देने का वादा था, 1 करोड़ नौकरियों का प्रण था, हर जिले में 4-5 बड़े उद्योग और फैक्ट्री लगाने समेत अनेक वादें थे। चुनाव पूर्व प्रत्येक विधानसभा में प्रत्यक्ष रूप से ��े 1,50,00,00000 ( 150 करोड़) रुपए बांट सकते है तो सरकार गठन पश्चात् नागरिकों की हर मांग हर परिस्थिति में पूर्ण होनी चाहिए।#TejashwiYadav
अगर कलम पकड़ने वाले हाथ सुरक्षित नहीं हैं, तो बिहार का भविष्य कैसे सुरक्षित होगा?
अररिया की घटना ने साबित कर दिया है कि बिहार में शिक्षकों की जान की कोई कीमत नहीं है।
हम काम करें या अपनी जान बचाएं? जवाब दो प्रशा���न! ✊🚫
#TeacherSafety #JusticeForShivani #Bihar @NitishKumar
🙏 अपील 🙏
सभी शिक्षक साथी, शिक्षिका बहनें और बुद्धिजीवी वर्ग से निवेदन है कि कल सुबह 11 बजे अपने सारे काम छोड़कर कम से कम 10-10 ट्वीट और रीट्वीट जरूर करें।
यह लड़ाई एक साथी के अस्तित्व और सम्मान की है।
निवेदक:
समस्त शिक्षक परिवार, बिहार
#JusticeforShivani