आगाज अपने हक के लिए अपनी 27% वेतन वृद्धि के लिए, ज्ञापन-आवेदन-न���वेदन तो 24 बार किये लेकिन न शासन जागा न ही प्रशासन
परन्तु इस इस जनसैलाब की आवाज जरूर पहुंचेगी और हक की लड़ाई है तो प्रदेश के @CGNHM1 कर्मचारी अपना हक लेके रहेंगे | @BJP4CGState @INCChhattisgarh
@OPChoudhary_Ind
माननीय @bhupeshbaghel जी आप का प्रशासन कैसे आप की कही बात को झुठलाने कर जुगाड़ लगाता है देखिए। संविदा कर्मियों के 27%वेतन वृद्धि को चालाकी से 10% करने की कोशिस हो रही है । आखिर प्रदेश के मुखिया के जबान की कोई कीमत है या जुमला है । @BJP4CGState@IBC24News@INCChhattisgarh
@ChhattisgarhCMO@bhupeshbaghel माननीय मुख्यमंत्री जी 2018 के चुनाव में आपने और आपकी सरकार ने तो कहा था संविदा कर्मचारियों को नियमित करेंगे क्या ये वादा पूरा हुआ? नही। फिर कैसे कह सकते है की जो कहा वो पूरा किया। आज सबसे ज्यादा शोषण का शिकार है तो सिर्फ संविदा कर्मचारी।
@RahulGandhi@priyankagandhi@BJP4India
#इच्छा_मृत्यु_की_मांग
छत्तीसगढ़ के संविदा कर्मचारी बीजापुर में 211 बर्खास्त हुए कर्मचारियों के विरोध में राजभावन #इच्छा_मृत्यु की मांग करने के लिए पहुंचे।
211 परिवारों का रोजगार छीन लेने वाली सरकार के खिलाफ आज घड़ी चौक में सैकड़ों संविदा कर्मचारी उपस्थित हुए। जिसमें उन्होने नियमितीकरण की मांग ना पूर्ण होने और कर्मचारी में बर्खास्त की कार्यवाही करने के कारण #इच्छा_मृत्यु की मांग की।
ना बीमा हैं, ना पेंशन हैं।
बर्खास्त हुए संविदा कर्मचारी के लिए अब रास्ता केवल इच्छा मृत्यु हैं।
जन घोषणा पत्र के वायदो मे जो प्रमुख वायदे हैं संविदा कर्मचारीयों का नीयमितिकरण ये कहाँ पुरा हुआ है❓
अगर पुरा कर नहीं सकते तो झूठा वायदे क्यों करते हो। केवल गुमराह करके रख दिये हो वादे करने के समय तो बड़े बड़े करते हैं और जब पूरी करने की बात आती है ���ो बहाने शुरू हो जाते हैं।
नारी शक्ति ने रक्तदान कर कांग्रेस के आला नेताओ को लिखा नियमितीकरण हेतु पत्र
चुनावी घोषणा पत्र मे किए वादे(संविदा कर्मियो के नियमितीकरण) को याद दिलाने खून से लिखा पत्र
न अन्न-न जल
कब होगा नियमितीकरण का हल?
#संविदाकर्मियो_का_आमरण_अनशन#नहीं_चाहिए_संविदा#संविदा_मुक्त_छत्तीसगढ़
छत्तीसगढ़ की भूपेश सरकार एस्मा सरकार है। जिस तरह इस सरकार ने #ESMA लगाकर प्रदेश के कर्मचारियों को आतंकित करने का प्रयास किया है, ऐसे में इनको #आतंकी सरकार कहना ही उचित है। प्रजातंत्र में मिल बैठकर चर्चा होती है, एस्मा लगा���र डराने धमकाने की फितरत केवल कांग्रेस के ही रगों में है। देश को इमरजेंसी भी याद है। भाजपा ही छत्तीसगढ़ में एकमात्र विकल्प है।
#आतंकी_कांग्रेस_सरकार
#कर्मचारी_विरोधी_कांग्रेस_सरकार
#एस्मा_कांग्रेस_सरकार
#ए_दारी_बदलबो
@bhupeshbaghel
@INCChhattisgarh
@ajayjamwalbjp @NitinNabin @OmMathur_bjp @mansukhmandviya
#नियमितीकरण
माननीय मुख्यमंत्री जी हमर कका भूपेश सरकार है तो भरोसा है इसी आश से हम संविदा कर्मचारी नियमितीकरण की उम्मीद लगाए हैं। देश के जब कई राज्य नियमितीकरण या नियमितीकरण की सुविधा दे चुके है ऐसे में हर मशले आगे रहने वाले छत्तीसगढ माडल के जनक हमारे भूपेश कका कैसे पीछे रह गए हैं
इनसे संवाद कब होगा ? संविदा कर्मचारियों ने घुटनों के बल चलकर और दंडवत होकर निकाली संवाद रैली, 3 दिन के भीतर बात करने की रखी मांग https://t.co/e6kwFmphtV