खुद को पत्रकार कहने में तनिक भी शर्म नहीं आती आपको आंटी जी।
आपका अकांउट देख के लग रहा हैं कि पत्रकारिता करना छोड़ के सत्ता में बैठे लोगों की चाटुकारिता को अपना व्यवसाय बना लिया है।
#godimedia
विपक्ष के नेता को ऐसा व्यवहार शोभा नहीं देता...
राहुल गांधी को ये समझना होगा कि... मंच सिर्फ हंसी मजाक या मखौल के लिए नहीं होता
राहुल की छवि वैसे भी गंभीर नेता की नहीं है... ऊपर से ये सब...
Are Cylendra aunty, आप वापस राजनीति में आ गईं क्या।
एक बार महंगी गैस के लिए भी कुछ बोल देना,
बस मोदी को पापा बोलने से जनता की समस्याएँ खत्म नहीं होती उसके लिए काम करना पड़ता हैं।
सत्ता में बैठे लोग अपने कर्तव्यों को पूरा करने में असफल हो जाते है तो विपक्ष को टारगेट करते है, न कि अपने कार्यों को ढंग से पूरा करने पे ध्यान दें।
Whole @BJP4India as a group , Today Targetting @RahulGandhi because they're scared by increasing popularity of Mr. Rahul Gandhi.
कांग्रेस के स्थायी नेता श्री राहुल गांधी का मानसिक संतुलन ‘अस्थायी’ हो चुका है। सत्ता वियोग में बेचैन राहुल जी न केवल यशस्वी प्रधानमंत्री श्री @narendramodi जी का अपमान करते हैं, बल्कि उनकी मां को भी नहीं बख़्शते हैं।
मंच की गरिमा का ख़्याल तो कब से राहुल जी ने ताक पर रख दिया है। इंदौर में छात्रों के कार्यक्रम में उनके मुद्दों को भूलकर आदरणीय प्रधानमंत्री जी की मां को निशाना बना दिया। हताशा में राजनीति की मर्यादा और ‘संस्कारों को लांघना’ गांधी परिवार और उसकी कांग्रेस का प्रिय शग़ल बन चुका है।
उनके इस कुकृत्य का चुनाव में जनता बार-बार जवाब देती है, लेकिन गांधी परिवार की अकड़ कम नहीं होती। कांग्रेस को देश से माफी मांगनी चाहिए। माननीय प्रधानमंत्री जी की मां का अपमान केवल उनका नहीं, बल्कि हर एक मां का अपमान है।
वाल्मीकि समाज का अपमान बर्दाश्त नहीं।
करनी सेना जिलाध्यक्ष सचिन राघव, भाई सुंदर सिंह राघव और 13 अन्य पर BNS + SC/ST एक्ट में मुकदमा दर्ज।
पूरे वर्ग को नीले कबूतर बोलकर हंसी का पात्र बनाना जातिवाद है।
संविधान का इलाज शुरू हो गया है।
जय भीम ✊ @NarazFuFax
This is judiciary system of India.
स्वघोषित अपराधियों को जिनके खिलाफ पर्याप्त सबूत होने के बाद आसानी से जमानत मिल जाती हैं, पर जिसके खिलाफ अपराध के कोई सबूत नहीं हैं उसको 6 साल से बिना Trail के जेल में रखा हुआ है।
#biased
#BREAKING Delhi’s Patiala House Court grants interim bail of three weeks to Swatantra Bhardwaj in CJP protester assault case.
#SwatantraBhardwaj#DelhiCourt
17 तारीख भगवान मोदी जी का जन्म दिन है
ओर उपर से फरमान आया है कि इस शुभ अवसर ले अपने घर पर दीप जलाए
ओर थोड़ा सा भजन ओर आरती भी कर ले
नहीं तो भगवान नाराज हो जाएंगे 🤣
अगर भगवान नराज हुए तो उसका परिणाम जनता को भुगतना पड़ेगा
MP सरकार ने वो मूंग खरीदी, जिसे किसानों ने कभी उगाया ही नहीं, पैसे भी बंट गए!
मध्य प्रदेश की BJP सरकार ने वो दाल खरीद ली, जिसे किसानों ने कभी उगाया ही नहीं. हैरानी की बात ये कि किसानों को पता तक नहीं चला कि उनकी मर्जी के बिना उनकी खेती की जमीन का रजिस्ट्रेशन कर दिया गया.
यहां तक कि कागज पर सरकार ने इन किसानों की लाखों रुपये की मूंग खरीद ली है और पैसा भी दे दिया है. घोटाला पकड़ा गया, तो अधिकारियों ने आरोपियों को सिर्फ नौकरी से निकाला. उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई करने की जहमत नहीं उठाई.
पूरी खबर: https://t.co/ou8FFd0NZz
हाय रे सबसे गुणवत्ता वाला धर्म, इतना खूबी तो इस्लाम में भी नहीं हैं 🧐😮
उत्तराखंड के ब्लॉगर ने खुद दिखाया —
पीरियड्स में पत्नी अलग, रसोई बंद, खाना दूर से, छूना मना।
ये परंपरा छुआछूत है।
शरीर का हिस्सा “अशुद्ध” नहीं होता।
अशुद्ध वो सोच है जो औरत को महीने में अछूत बना दे।
अंधभक्तों के फूफा जी आपको कुछ कहना हैं @NarazFuFax
#PeriodTaboo #Untouchability #Uttarakhand #WomenDignity
This is new India !
यहां टीवी मीडिया से लेकर स्वतंत्र यूट्यूबर के बाद अब फिल्म और सोशल मीडिया मीम्स तक हर जगह propoganda mix है।
हजारों करोड़ों रुपये खर्च कर जनता का पूरा माइंडसेट बदल के और अलग perception प्लांट किया जा रहा हैं।
#dictatorshipatpeak#dalalmedia
फिल्में कम ही देखता हूं, लेकिन कल देर रात एक फिल्म देखी, मिर्जापुर. हालांकि औपचारिक डिस्क्लेमर लगा था कि उसका वास्तविक घटनाओं-पात्रों से कोई लेना-देना नहीं है. फिर एक बड़े फिल्मकार की बात याद आई कि ‘(सिनेमा) एक आईना है जो समाज को प्रतिबिंबित करता है.’ जैसलमेर, जहां यादवों की आबादी नगण्य है, वहां का बब्बन यादव नशीले पदार्थों का कारोबारी दिखाया गया और उत्तर प्रदेश में करीब दस साल से कोई यादव मुख्यमंत्री नहीं है वहां एक यादव मुख्यमंत्री को माफियाओं से पैसे लेते दिखाया गया. और फिल्म में दिखाए गए ब्राह्मण माफिया की अगली पीढी के तीन चेहरों को विजेता की तरह दिखाया गया है. मुझे समझ नहीं आया कि कथाकार क्या कहना चाहते हैं. -- जैसा मैंने पहले कहा, मैं सिनेमा कम देखता हूं और कोई समझ भी नहीं है. और हां, मेरा उपनाम कुछ भी हो, मैं अपने को पत्रकार के सिवा कुछ नहीं मानता.
@truthovertribeX @Munnamadhav33 They were just clout chasers at first, but their Aaka manipulated them so hard that now they’re clowns. 🤡🤡
These toys are being used for personal entertainment and propaganda by RSS.