कोई प्रधानमंत्री इतना विचित्र कैसे हो सकता है 12 साल से मोदी जी सत्ता में है और विकसित भारत होगा 2047 में
मोदी जी 2047 का सपना देखना छोड़ दो घंटा नहीं हो पाएगा विकसित भारत
मोदी पेलाई पार्ट 2
पिछले कुछ दिनों से बिकाऊ और चाटुकार यूट्यूबर्स की एक नई जमात GC एक्टिविस्ट्स और आरक्षण हटाओ आंदोलन (RHA) के समर्थकों पर हमलावर हो गई है, क्योंकि वे प्रधानमंत्री मोदी से प्रश्न कर रहे हैं। अजीत भारती जी ब्रो उनकी औकात याद दिलाते हुए स्पष्ट करते हैं कि किसी नेता या सरकार की आलोचना करना भारत या राष्ट्र का विरोध करना नहीं होता।
बिकाऊ भाजपाई ढोंगी यूट्यूबर्स मुझे ज्ञान न दें: ब्रो ने GC विरोधियों की बोलती बंद की!
महाराष्ट्र, भाजपा सरकारें और आरक्षण पर अंतहीन अध्यादेश
भाजपा सरकार जहाँ भी है, आरक्षण बढ़ाने के लिए हर संभव प्रयास कर रही है। महाराष्ट्र में ‘मराठा आरक्षण’ चार बार कोर्ट ने निरस्त किया है, भाजपा सरकार या तो अध्यादेश लाती है, या योजना का नाम बदल कर लागू कर देती है।
मजे की बात यह है कि जब तक हायकोर्ट उसे निरस्त करता है, 3-5 वर्ष लगते हैं। इस बीच, ये इस लूपहोल का लाभ उठाते हैं कि निरल्त नहीं हुआ, तो आरक्षण चालू रहेगा। यानी, आप कोर्ट में याचिका लगाओ, पैसे खर्च करो और सरकार नए नाम से वही कानून ले आती है।
यही कार्य मध्यप्रदेश में चल रहा है। चार बार हायकोर्ट-सुप्रीम कोर्ट के बाद, अब भाजपा कॉन्ग्रेस को ब्लेम कर रही है कि उन्होंने लीगल पेपर खराब कर दिए। यह नहीं कि शांति से बैठ जाएँ।
और चटुआ गिरोह आपको यह बताने पर तुला है कि कॉन्ग्रेस सौ प्रतिशत आरक्षण ले आएगी। यह सब हमारे सामने धड़ल्ले से हो रहा है और फिर भी @BJP4India इस घटिया नीति को बढ़ाते हुए, हमें यह कह रही है कि कॉन्ग्रेस आई तो बढ़ा देगी।
भाजपा आरक्षण की सबसे बड़ी समर्थक है। उनका मन कुलबुला रहा है कि निजी क्षेत्र में कॉन्ग्रेस से पहले कैसे ला कर लहरिया लूट ले। उसके पास यही अंतिम राम… सॉरी ‘मोदी-बाण’ बचा हुआ है कि देखो हमने निजी में भी आरक्षण दिया, हमें वोट दे।
संभव है कि सवर्णों को एक बहुत बड़ा झुनझुना 30 जनवरी-1 फरवरी 2027 को आए: EWS बच्चों को फॉर्म भरने, फीस देने आदि में आर्थिक छूट मिलेगी। यह छूट तब भी OBC से कम होगी। SC/ST यदि निःशुल्क पढ़ेंगे तो OBC 50% पर और तत्काल में EWS के लिए 25% छूट की घोषणा की जाएगी। यह इसलिए करेंगे ताकि दलित नाराज न हो जाए कि निर्धन सवर्णों को उनके बराबर कैसे माना जा रहा है!
हालाँकि, सवर्ण समाज यह लॉलीपॉप नहीं चूसेगा और इसकी डंडियों को पिघला कर एक डंडा बनाएगा और सामूहिक रूप से भाजपा को चुनावी उपहार में देगा।
SC/ST Act: India’s Most Beautiful Money-Printing Machine
Please pay taxes on time, so govt can distribute our money…
No enquiry needed. Someone complains? Treat it as 100% true. No anticipatory bail either.
⚡️ A Jhansi lawyer and his family already collected ₹23.36 lakh under this Act. Police affidavit in Allahabad High Court says so. 10-15 more cases still waiting in queue for more cash.
Two FIRs in 2020. Same family members listed as “victims” in both. They claimed high entry -> ₹2 lakh each. Officer recommended it. Committee said “lesser offence”… still money.
Four family members insulted = four payouts. Complaint = FIR = chargesheet = automatic relief fund.
This is not protection. This is a family business. File cases. Collect compensation. Repeat.
Justice? No. Just a well-designed ATM for select “victims.”
हमारे देश के गृहमंत्री कहतें है “संसाधनों पर पहला हक गरीब-पिछड़े-दलित-आदिवासियों का है।”
मतलब देश के संसाधनों पर सवर्ण, टैक्सपेयर और मिडिल क्लास का कोई हक नहीं।
मनमोहन सिंह के “मुसलमानों का पहला हक” वाले बयान पर तब शोर था, आज चुप्पी है।
अब नारे “ब्राह्मणवाद मुर्दाबाद” तक पहुँच गए।
क्या इसी के लिए वोट दिया था भाजपा को?
पिछले 5 सालों में SC/ST एक्ट के तहत मुआवज़े के तौर पर दी गई रकम = 2627 करोड़
2020-21= 593.42 करोड़
2021-22= 610.11 करोड़
2022-23= 392.70 करोड़
2023-24= 535.30 करोड़
2024-25= 495.29 करोड़
(सोर्स: सामाजिक न्याय मंत्रालय)
पिछले 5 सालों में SC/ST एक्ट के तहत मुआवज़े के तौर पर दी गई रकम = 2627 करोड़
2020-21= 593.42 करोड़
2021-22= 610.11 करोड़
2022-23= 392.70 करोड़
2023-24= 535.30 करोड़
2024-25= 495.29 करोड़
(सोर्स: सामाजिक न्याय मंत्रालय)
Amount of money given as compensation under SC/ST act in last 5 years = 2627 crores
2020-21= 593.42 crores
2021-22= 610.11 crores
2022-23= 392.70 crores
2023-24= 535.30 crores
2024-25= 495.29 crores
(Source: Ministry of social justice)
हेलो मैडम
थोड़ा पढ़ लिख लो!
1. 27% आरक्षण इसलिए नहीं मिल सकता क्योंकि SC/ST को 36% आरक्षण मिल रहा है!
उनको बोलो 22.5% करें, तब तुमको 27% मिल जाएगा!
2.देश मे मेरिट को सिर्फ इसलिए बर्बाद नहीं कर सकते क्योंकि कुछ लोगों ने आबादी ज़्यादा बढ़ा ली!
3. "मुख्यमंत्री और प्रधानमंत्री पिछड़े हैं", यही बोलना दिखाता है कि आरक्षण के नाम पर क्या ड्रामेबाजी चल रही है देश में!
Thank you @DelhiPolice for apprehending this murderous criminal. I hope the full set of criminal charges will be brought against her. I hope the victim pursues her all legal options available to her. Also name and shame the criminal involved.