वर्षों की सेवा, लाखों मरीजों का विश्वास और स्वास्थ्य व्यवस्था की रीढ़ बनने के बाद भी #CHOS अस्थायी क्यों?
सेवा पूरी, जिम्मेदारी पूरी, लक्ष्य पूरे - फिर अधिकार अधूरा क्यों?
मांगः कैडर निर्माण एवं नियमितीकरण।
#PermanentCHOs@PMOIndia@JPNadda@CMOGuj
**हम भीख नहीं मांग रहे, अपना अधिकार मांग रहे हैं।**
दिन-रात जनता की सेवा करने वाले Community Health Officers को
अब अस्थायी नहीं, **स्थायी पहचान** चाहिए।
**CHO मजबूत होगा, तभी भारत की प्राथमिक स्वास्थ्य व्यवस्था मजबूत होगी।**
#PermanentCHOs#RegularizeCHOs#HealthWorkers
स्वास्थ्य व्यवस्था का सबसे मजबूत स्तंभ बन चुके #CHOs वर्षों से पूरी निष्ठा के साथ सेवा दे रहे हैं।
टारगेट पूरे,
ड्यूटी पूरी,
जिम्मेदारी पूरी
फिर भी भविष्य असुरक्षित क्यों?
सरकार से निवेदन:
CHOs का कैडर निर्माण कर नियमितीकरण किया जाए।
#PermanentCHOs@PMOIndia@UPGovt
सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारी (CHO) ग्रामीण क्षेत्रों में लगातार बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं देते हैं जिनके नियमितीकरण हेतु लंबे समय से मांग की जा रही है। अतः इन्हें नियमित किया जावे।
#PermanentCHOs@BhajanlalBjp@GajendraKhimsar
Aaj ek he hashtag chalega #PermanentCHOs jinka 2 hashtag rahega, unke tweet ko retweet nahi kiya jayega na he like na comment, jinhone sirf single hashtag wala tweet kiya hoga unhi ke tweet ko retweet kiya jayega.
🧘♂️ योग शरीर को स्थिरता देता है, लेकिन CHO साथियों का भविष्य आज भी अस्थिर है।
राजस्थान के हजारों सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारी वर्षों से ग्रामीण स्वास्थ्य सेवाओं की रीढ़ बने हुए हैं।
इस #InternationalYogaDay पर हमारी मांग है—
✅ CHO का नियमितीकरण
#PermanentCHOs
🧘♂️ योग शरीर को स्थिरता देता है, लेकिन CHO साथियों का भविष्य आज भी अस्थिर है।
राजस्थान के हजारों सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारी वर्षों से ग्रामीण स्वास्थ्य सेवाओं की रीढ़ बने हुए हैं।
इस #InternationalYogaDay पर हमारी मांग है—
✅ CHO का नियमितीकरण
#PermanentCHOs#RACHO
🧘♂️ योग शरीर को स्थिरता देता है, लेकिन CHO साथियों का भविष्य आज भी अस्थिर है।
राजस्थान के हजारों सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारी वर्षों से ग्रामीण स्वास्थ्य सेवाओं की रीढ़ बने हुए हैं।
इस #InternationalYogaDay पर हमारी मांग है—
✅ CHO का नियमितीकरण
#PermanentCHOs#RACHO