यही स्थिति हर जिले में है।अभिभावक दो जोड़ी ड्रेस, स्वेटर,जूते,मोजे, और कॉपी,पेन,पेंसिल का 1200 रुपया बच्चो के ऊपर न खर्च कर अन्य जरूरत के लिए खर्च कर रहे हैं। हम सबने डीबीटी का कार्य पूर्ण कर दिया।अब जिम्मेदारी कौन लेगा??
@DrDCSHARMAUPPSS@brajeshlive@Aamitabh2
सबसे नरम चारा अध्यापक ही है,
विभाग को यह भी बताना चाहिए कि बच्चों को झंडा खरीदने का पैसा कहां से आएगा। अधिकारी मौखिक आदेश कर देते हैं और बाद में कार्यवाही अध्यापक पर होती है। बगैर जांच किए अध्यापक को निलंबित करना न्यायसंगत नहीं है।
@Aamitabh2
महोदय उ प्र के 8 आकांक्षी जिलों में 15000 बेसिक शिक्षक 500 - 700 किमी. दूर, 8 वर्षों से अपने गृहजनपद जाने का इंतज़ार कर रहे हैं लेकिन हर बार इन 8 जिलों को आकांक्षी बताकर शिक्षकों से भेदभाव किया जा रहा है जबकि अधिकारियों के तबादले होरहेह
@ArvindKejriwal@SanjayAzadSln@msisodia
#AspirationalteacherTransfer
माननीय अखिलेश जी,आपको विपक्ष के नेता की महत्वपूर्ण भूमिका निभाने के लिए बहुत बहुत बधाई💐.श्रीमान जी आकांक्षी जिलों से कई वर्षों से ट्रांसफर न होने कारण यहां का शिक्षक व उसका परिवार अवसाद में है। महोदय सदन के माध्यम से हमारी मदद करें।
@yadavakhilesh
#AspirationalteacherTransfer
महोदय,
1.आकांक्षी जनपद हेतु आवेदन करने वाले को बिना शर्त ट्रांसफर कर दिया जाय
2.आकांक्षी जनपद से आकांक्षी जनपद में जाने को खुली छूट दी जाय
3.आकांक्षी जनपद वालों का ट्रांसफर साधारण जनपद से दोगुना/तिगुना किया जाय
@myogiadityanath