@drdwivedisatish@BJP4UP माननीय मंत्री जी, rural/urban त्रुटि के कारण नए जनपद में ज्वाइनिंग और विद्यालय नहीं मिल पाने के कारण 3 महीने से बहुत मानसिक तनाव में हू।
अतः श्रीमान जी आपकी बहुत कृपा होगी अगर हमें स्थानांतरित जिले में ज्वाइनिंग और विद्यालय जल्द मिल जाय।
बुढ़ापे का सहारा लाठी है....!
पुरानी पेंशन ही मेरी लाठी है...!
मुझे मेरी पुरानी पेंशन लोटा दो..!!
पुरानी पेंशन हमारा हक़ है...हम इसे लेकर रहेंगे।
एक ही मिशन...पुरानी पेंशन
एक ही मिशन ...पुरानी पेंशन
में चिंतित हु अपनी वृद्धावस्था की सुरक्षा को लेकर क्योंकि
मेरा अंशदान NPS बाजारवाद के हवाले है..!
में लड़ रहा हु , लड़ता रहूंगा और आप ??
पुरानी पेंशन हमारा हक़ है, हम इसे लेकर रहेंगे..!!
@ChouhanShivraj@PMOIndia@CMMadhyaPradesh
@Ashacha37879919 @ManojKu01839213 आपकी बात बिल्कुल सही है,मैं भी पेंशनविहीन हूँ मैं भी यही मानता हूं क्योंकि मुझे सिर्फ पेंशन से मतलब है परन्तु एक बात तो याद रखने योग्य है ही कि यदि कोई बार बार हमें बरगला कर बुलाये और एन वक्त पर जिससे कुछ मांगने गए हैं उसी से हाँथ मिला लें.... धोखा बार बार खाना कहाँ तक सही ?